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Kullu News: आनी में आपदा से निपटने का किया अभ्यास
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आनी में आपदा के वक्त राहत कार्यों को अंजाम देने का पूर्वाभ्यास करते सुरक्षा और स्वास्थ्य कर्मी।
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आनी (कुल्लू)। उपमंडल आनी में मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। एसडीएम लक्ष्मण सिंह कनेट की अध्यक्षता में आपदा से निपटने की तैयारियों का जायजा लिया गया। मॉक ड्रिल में अग्निशमन, पुलिस सहित अन्य विभागों ने संयुक्त रूप से आपदा की तैयारियों को लेकर अभ्यास किया। उपमंडल आनी में 6.7 तीव्रता का एक शक्तिशाली भूकंप दर्ज किया गया।
भूकंप के तेज झटकों के कारण क्षेत्र के बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है। इस आपदा में विषयवाद विशेषज्ञ उद्यान विभाग का भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। भवन के ढहने से उसके भीतर मौजूद 11 लोग मलबे में फंस गए। घटना की सूचना पाकर स्थानीय प्रशासन, पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीमें तुरंत हरकत में आईं।
मलबे में फंसे लोगों को निकालने के लिए एक संयुक्त रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। 9 लोग सुरक्षित निकाले गए। मलबे में दबने से दम घुटने और गंभीर चोटें लगने के कारण अस्पताल ले जाते समय मृत्यु हो गई। 5 लोगों के शरीर पर गंभीर चोटें आईं। इन्हें तुरंत नजदीकी नागरिक अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां चिकित्सकों की देखरेख में उनका इलाज हुआ। मौके पर पुलिस विभाग कानून व्यवस्था बनाए रखने, भीड़ को नियंत्रित करने और राहत कार्य में मदद के लिए तैनात रहा।
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गृह रक्षक मलबे को हटाने और बचाव कार्य में स्थानीय पुलिस का सहयोग करने में जुटा रहा। अग्निशमन विभाग ने मलबे में दबे लोगों को कटर और आधुनिक उपकरणों की मदद से सुरक्षित बाहर निकालने का कार्य किया। सभी विभागों के आपसी समन्वय के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन को तेजी से अंजाम दिया गया, जिसमें 9 लोगों की जान बचाई जा सकी। सोमवार को भूकंप सच नहीं आया और यह सिर्फ आपदा प्रबंधन की तैयारियों को लेकर मॉक ड्रिल की गई।
भूकंप के तेज झटकों के कारण क्षेत्र के बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है। इस आपदा में विषयवाद विशेषज्ञ उद्यान विभाग का भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। भवन के ढहने से उसके भीतर मौजूद 11 लोग मलबे में फंस गए। घटना की सूचना पाकर स्थानीय प्रशासन, पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीमें तुरंत हरकत में आईं।
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मलबे में फंसे लोगों को निकालने के लिए एक संयुक्त रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। 9 लोग सुरक्षित निकाले गए। मलबे में दबने से दम घुटने और गंभीर चोटें लगने के कारण अस्पताल ले जाते समय मृत्यु हो गई। 5 लोगों के शरीर पर गंभीर चोटें आईं। इन्हें तुरंत नजदीकी नागरिक अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां चिकित्सकों की देखरेख में उनका इलाज हुआ। मौके पर पुलिस विभाग कानून व्यवस्था बनाए रखने, भीड़ को नियंत्रित करने और राहत कार्य में मदद के लिए तैनात रहा।
गृह रक्षक मलबे को हटाने और बचाव कार्य में स्थानीय पुलिस का सहयोग करने में जुटा रहा। अग्निशमन विभाग ने मलबे में दबे लोगों को कटर और आधुनिक उपकरणों की मदद से सुरक्षित बाहर निकालने का कार्य किया। सभी विभागों के आपसी समन्वय के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन को तेजी से अंजाम दिया गया, जिसमें 9 लोगों की जान बचाई जा सकी। सोमवार को भूकंप सच नहीं आया और यह सिर्फ आपदा प्रबंधन की तैयारियों को लेकर मॉक ड्रिल की गई।

आनी में आपदा के वक्त राहत कार्यों को अंजाम देने का पूर्वाभ्यास करते सुरक्षा और स्वास्थ्य कर्मी।