{"_id":"69ef9d6310bf0cd61d0c30ec","slug":"instead-of-waiting-for-the-government-the-villagers-themselves-took-charge-of-road-construction-kullu-news-c-89-1-klu1001-174912-2026-04-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kullu News: सरकार का इंतजार छोड़ ग्रामीणों ने खुद संभाली सड़क निर्माण की कमान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kullu News: सरकार का इंतजार छोड़ ग्रामीणों ने खुद संभाली सड़क निर्माण की कमान
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
कुल्लू। जिले में विकास और सामुदायिक एकजुटता की एक प्रेरणादायक मिसाल सामने आई है। दियार पंचायत के वार्ड नंबर सात शेगलीधार गांव के ग्रामीणों ने अपनी निजी आर्थिक भागीदारी से करीब 4 किलोमीटर लंबी सड़क निर्माण का बीड़ा उठाया है। कार्य के लिए न तो लोक निर्माण विभाग और न ही सरकार से किसी प्रकार की सहायता ली गई है।
ग्रामीणों के जज्बे का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि अब तक वे करीब आधा किलोमीटर सड़क खुद ही निकाल चुके हैं। गांव के 22 लोगों ने मिलकर पांच-पांच हजार रुपये एकत्रित कर इस कार्य की शुरुआत की।
प्रोहाधार बोनाआगे से क्लासी-वाई वाया शेगलीधार तक बनने वाली इस सड़क से क्षेत्र के लोगों की आवाजाही सुगम होगी और विकास को नई गति मिलेगी। निर्माण कार्य में किसी तरह की बाधा न आए, इसके लिए शांघड़ी जन सहयोग समिति का गठन भी किया गया है। समिति में जयमल सिंह को प्रधान, भादर सिंह को उपप्रधान, डॉ. हेमराज को सचिव और अजय कुमार को कोषाध्यक्ष बनाया गया है। समिति के सचिव डॉ. हेमराज ने कहा कि सड़क निर्माण ग्रामीणों के सामूहिक जज्बे और आत्मनिर्भरता का प्रतीक है, जिसमें सभी बढ़-चढ़कर योगदान दे रहे हैं।
...
दो बार स्वीकृत हुआ एसडीपी बजट, फिर भी नहीं बनी सड़क
सड़क निर्माण के लिए पूर्व में दो बार एसडीपी के तहत बजट स्वीकृत हुआ था। खंड विकास अधिकारी के माध्यम से दो-दो लाख रुपये जारी किए गए, लेकिन भूमि संबंधी अड़चनों के चलते कार्य शुरू नहीं हो सका। अब ग्रामीणों के प्रयास से यह सपना साकार होता दिख रहा है।
...
सड़क निर्माण में बाधा डालने वाले को उठाना होगा पूरा खर्च
ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया है कि यदि कोई व्यक्ति सड़क निर्माण में बाधा डालता है या भविष्य में इसे रोकने का प्रयास करता है, तो निर्माण पर हुआ पूरा खर्च जिसमें मशीनरी, मजदूरी, भूमि और पेड़-पौधों का नुकसान शामिल है, उसे स्वयं वहन करना होगा।
000
Trending Videos
ग्रामीणों के जज्बे का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि अब तक वे करीब आधा किलोमीटर सड़क खुद ही निकाल चुके हैं। गांव के 22 लोगों ने मिलकर पांच-पांच हजार रुपये एकत्रित कर इस कार्य की शुरुआत की।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रोहाधार बोनाआगे से क्लासी-वाई वाया शेगलीधार तक बनने वाली इस सड़क से क्षेत्र के लोगों की आवाजाही सुगम होगी और विकास को नई गति मिलेगी। निर्माण कार्य में किसी तरह की बाधा न आए, इसके लिए शांघड़ी जन सहयोग समिति का गठन भी किया गया है। समिति में जयमल सिंह को प्रधान, भादर सिंह को उपप्रधान, डॉ. हेमराज को सचिव और अजय कुमार को कोषाध्यक्ष बनाया गया है। समिति के सचिव डॉ. हेमराज ने कहा कि सड़क निर्माण ग्रामीणों के सामूहिक जज्बे और आत्मनिर्भरता का प्रतीक है, जिसमें सभी बढ़-चढ़कर योगदान दे रहे हैं।
...
दो बार स्वीकृत हुआ एसडीपी बजट, फिर भी नहीं बनी सड़क
सड़क निर्माण के लिए पूर्व में दो बार एसडीपी के तहत बजट स्वीकृत हुआ था। खंड विकास अधिकारी के माध्यम से दो-दो लाख रुपये जारी किए गए, लेकिन भूमि संबंधी अड़चनों के चलते कार्य शुरू नहीं हो सका। अब ग्रामीणों के प्रयास से यह सपना साकार होता दिख रहा है।
...
सड़क निर्माण में बाधा डालने वाले को उठाना होगा पूरा खर्च
ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया है कि यदि कोई व्यक्ति सड़क निर्माण में बाधा डालता है या भविष्य में इसे रोकने का प्रयास करता है, तो निर्माण पर हुआ पूरा खर्च जिसमें मशीनरी, मजदूरी, भूमि और पेड़-पौधों का नुकसान शामिल है, उसे स्वयं वहन करना होगा।
000

कमेंट
कमेंट X