थुनाग (मंडी)। मंडी जिले में आयोजित होने वाला अंतरराष्ट्रीय महाशिवरात्रि महोत्सव अपनी अनूठी परंपरा के लिए प्रसिद्ध है। इसमें सैकड़ों देवी-देवताओं को प्रशासन की ओर से विशेष निमंत्रण (न्यूंद्रा) भेजा जाता है। थुनाग उपमंडल के 11 देवी-देवताओं को भव्य आयोजन के लिए आमंत्रित किया गया है। थुनाग के एसडीएम संजीत शर्मा ने शनिवार को बर्फ में चलकर प्रमुख देवताओं महादेव तुंगासी, महामाया, बायला नारायण और बायला गुसैण को निमंत्रण पत्र सौंपा।
उन्होंने बताया कि छतरी उपतहसील के मगरू महादेव, चपलांदू नाग और खुड्डीजहल तथा बागाचनोगी उपतहसील के मतलोड़ा, दुलासन, सूमूनाग और नगलवाणी देवताओं को भी जल्द ही निमंत्रण दिया जाएगा। यह परंपरा मंडी की देव संस्कृति का महत्वपूर्ण हिस्सा है, जहां देवता महाशिवरात्रि पर भगवान शिव के दर्शन के लिए मंडी पहुंचते हैं।
महोत्सव में कुल 200 से अधिक पंजीकृत देवी-देवता शामिल होते हैं। एसडीएम की ओर से व्यक्तिगत रूप से निमंत्रण देने से इसकी गरिमा और बढ़ गई है। सोने चांदी से लदे मगरू महादेव, चपलांदू नाग, खुड्डी जहल और देव मतलोड़ा पुलिस सुरक्षा में मेला स्थल पहुंचते हैं। संवाद