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Una News: अमरनाथ गुफा में शिवलिंग के शीघ्र पिघलने पर विश्व हिंदू परिषद ने जताई चिंता
Tue, 14 Jul 2026 06:56 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Updated Tue, 14 Jul 2026 06:56 AM IST
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थानाकलां / बंगाणा (ऊना)। विश्व हिंदू परिषद (विहिप) की प्रखंड इकाई बंगाणा ने अमरनाथ गुफा में प्राकृतिक हिम शिवलिंग के समय से पहले पिघलने पर चिंता व्यक्त की है। इस संबंध में हिंदू परिषद ने सोमवार को एसडीएम बंगाणा सोनू गोयल के माध्यम से राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू तथा जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा को ज्ञापन भेजा है। ज्ञापन में अमरनाथ गुफा के आसपास के संवेदनशील पर्यावरण की सुरक्षा के लिए तत्काल प्रभाव से ठोस और दीर्घकालिक कदम उठाने की मांग की गई है।
संगठन के सदस्य राजेश और रवि ने कहा कि अमरनाथ गुफा में प्राकृतिक रूप से बनने वाला हिम शिवलिंग करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। संगठन का कहना है कि पिछले कुछ वर्षों से वैश्विक तापमान में वृद्धि तथा मानवीय हस्तक्षेप के कारण शिवलिंग यात्रा के शुरुआती दिनों में ही तेजी से पिघल रहा है। उन्होंने मांग की गई है कि अमरनाथ गुफा के दो किलोमीटर के दायरे को नो एक्टिविटी जोन घोषित किया जाए। व्यावसायिक अथवा अनावश्यक गतिविधियों पर रोक लगाई जा सके। इसके अलावा लंगर, टेंट और अन्य ठहराव स्थलों को इस दायरे से बाहर स्थापित करने, वाहनों और विशेष रूप से हेलीकॉप्टर सेवाओं का संचालन सुरक्षित दूरी से करने तथा गुफा क्षेत्र में जीरो कार्बन फुटप्रिंट नीति लागू करने की भी मांग उठाई है। संगठन ने राष्ट्रपति और जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल से आग्रह किया है कि अमरनाथ श्राइन बोर्ड तथा संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर पवित्र गुफा के आसपास के पर्यावरण की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
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संगठन के सदस्य राजेश और रवि ने कहा कि अमरनाथ गुफा में प्राकृतिक रूप से बनने वाला हिम शिवलिंग करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। संगठन का कहना है कि पिछले कुछ वर्षों से वैश्विक तापमान में वृद्धि तथा मानवीय हस्तक्षेप के कारण शिवलिंग यात्रा के शुरुआती दिनों में ही तेजी से पिघल रहा है। उन्होंने मांग की गई है कि अमरनाथ गुफा के दो किलोमीटर के दायरे को नो एक्टिविटी जोन घोषित किया जाए। व्यावसायिक अथवा अनावश्यक गतिविधियों पर रोक लगाई जा सके। इसके अलावा लंगर, टेंट और अन्य ठहराव स्थलों को इस दायरे से बाहर स्थापित करने, वाहनों और विशेष रूप से हेलीकॉप्टर सेवाओं का संचालन सुरक्षित दूरी से करने तथा गुफा क्षेत्र में जीरो कार्बन फुटप्रिंट नीति लागू करने की भी मांग उठाई है। संगठन ने राष्ट्रपति और जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल से आग्रह किया है कि अमरनाथ श्राइन बोर्ड तथा संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर पवित्र गुफा के आसपास के पर्यावरण की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
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