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Udhampur News: मई दिवस को छुट्टी घोषित करने के लिए कर्मियों और श्रमिकों ने निकाली रैली
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उधमपुर। जल शक्ति (पीएचई) कर्मचारी व मजदूर संघ ने अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस पर शुक्रवार को पीएचई कॉम्प्लेक्स से विशाल रैली निकाली। इस दौराम मई दिवस को राजपत्रित अवकाश घोषित करने की मांग प्रमुखता से उठाई गई। रैली में रामनगर, मजालता, चिनैनी, सुद्धमहादेव, कुद, पटनीटॉप, पंचैरी, टिकरी, जिब थाती, बरमीन, घोरड़ी, मानसर सहित जिले के दूरदराज क्षेत्रों से कर्मचारी एवं मजदूर शामिल हुए।
इससे पहले श्रमिकों ने शहीद मजदूरों को श्रद्धांजलि देने के लिए दो मिनट का मौन रखा और मांगों के समर्थन में नारेबाजी की। सोमनाथ ने आरोप लगाया कि प्रदेश में लगभग 61,000 दैनिक वेतनभोगी हैं और परिवारों सहित यह संख्या करीब 3.5 लाख तक पहुंचती है। जनप्रतिनिधियों ने दैनिक वेतनभोगी मजदूरों के हित में ठोस कार्य नहीं किया।
उन्होंने प्रतिदिन 311 रुपये मजदूरी दर को सबसे कम बताते हुए अन्य राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश की तुलना में भेदभावपूर्ण करार दिया। यह भी कहा कि नियमितीकरण नीति पर बनी समिति एक वर्ष से अधिक समय बीतने के बावजूद रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं कर सकी है।
कर्मचारियों की भारी कमी पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा गया कि हजारों पद रिक्त होने के कारण जल आपूर्ति योजनाएं प्रभावित हो रही हैं। अंत में सोमनाथ ने कर्मचारियों एवं मजदूरों से अधिकारों की प्राप्ति के लिए संगठित एवं एकजुट रहने का आह्वान किया। यहां विजय कुमार शर्मा, सूरज प्रकाश, दिनेश केसर, माखन चंद मौजूद रहे।
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इससे पहले श्रमिकों ने शहीद मजदूरों को श्रद्धांजलि देने के लिए दो मिनट का मौन रखा और मांगों के समर्थन में नारेबाजी की। सोमनाथ ने आरोप लगाया कि प्रदेश में लगभग 61,000 दैनिक वेतनभोगी हैं और परिवारों सहित यह संख्या करीब 3.5 लाख तक पहुंचती है। जनप्रतिनिधियों ने दैनिक वेतनभोगी मजदूरों के हित में ठोस कार्य नहीं किया।
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उन्होंने प्रतिदिन 311 रुपये मजदूरी दर को सबसे कम बताते हुए अन्य राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश की तुलना में भेदभावपूर्ण करार दिया। यह भी कहा कि नियमितीकरण नीति पर बनी समिति एक वर्ष से अधिक समय बीतने के बावजूद रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं कर सकी है।
कर्मचारियों की भारी कमी पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा गया कि हजारों पद रिक्त होने के कारण जल आपूर्ति योजनाएं प्रभावित हो रही हैं। अंत में सोमनाथ ने कर्मचारियों एवं मजदूरों से अधिकारों की प्राप्ति के लिए संगठित एवं एकजुट रहने का आह्वान किया। यहां विजय कुमार शर्मा, सूरज प्रकाश, दिनेश केसर, माखन चंद मौजूद रहे।