Basant Panchami 2026: दिल्ली-NCR में कहां होती है सबसे खास सरस्वती पूजा? वसंत पंचमी पर जाएं
Saraswati Puja in Delhi NCR Temples: वसंत पंचमी पर मां सरस्वती की पूजा करना चाहते हैं तो दिल्ली वासी यहां स्थिति कुछ मंदिरों में जा सकते हैं। दिल्ली एनसीआर के इन मंदिरों में वसंत पंचमी पर खास पूजा होती है।
विस्तार
Saraswati Puja in Delhi NCR Temples: वसंत पंचमी 23 जनवरी 2026 को मनाई जा रही है। वसंत पंचमी का दिन भारतीय परंपरा में ज्ञान, कला और संगीत को समर्पित माना जाता है। इस दिन मां सरस्वती की पूजा होती है और दिल्ली-NCR में रहने वाले श्रद्धालु बड़ी संख्या में उन मंदिरों की ओर रुख करते हैं, जहां बसंत पंचमी पर विशेष पूजा-अर्चना और आध्यात्मिक वातावरण देखने को मिलता है।
मान्यता है कि इस दिन मां सरस्वती की पूजा से विद्या और स्मरण शक्ति बढ़ती है। मन एकाग्र होता है और नई शुरुआत के लिए सकारात्मक ऊर्जा मिलती है। दिल्ली-NCR में वसंत पंचमी केवल एक पर्व नहीं, बल्कि ज्ञान और चेतना का उत्सव है। अगर आप इस दिन किसी ऐसे स्थान पर जाना चाहते हैं, जहां मन शांत हो और बुद्धि प्रकाशित, तो दिल्ली के मंदिर दर्शन योग्य हैं। अगर आप भी इस शुभ दिन पर शांति और सकारात्मक ऊर्जा की तलाश में हैं, तो ये मंदिर आपके लिए खास हैं।
दिल्ली-NCR के प्रसिद्ध मंदिर जहां वसंत पंचमी पर होती है विशेष पूजा
बिरला मंदिर (लक्ष्मी नारायण मंदिर), नई दिल्ली
दिल्ली के सबसे प्रतिष्ठित मंदिरों में शामिल बिरला मंदिर में वसंत पंचमी पर मां सरस्वती की विशेष पूजा होती है।
- विद्यार्थियों और कलाकारों की विशेष भीड़
- पीले वस्त्र और पुष्पों से सजा मंदिर
- शांत और दिव्य वातावरण
इस्काॅन मंदिर, ईस्ट ऑफ कैलाश
ISKCON मंदिर में बसंत पंचमी को श्रीकृष्ण और मां सरस्वती की संयुक्त आराधना होती है।
- भजन-कीर्तन और प्रवचन
- बच्चों के लिए विद्या आरंभ संस्कार
- आध्यात्मिक शांति का अनुभव
छतरपुर मंदिर, दिल्ली
छतरपुर मंदिर परिसर विशाल और शांत है। बसंत पंचमी पर यहां
- सामूहिक पूजा
- पीले फूलों और सजावट
- ध्यान और साधना के लिए उपयुक्त माहौल
अक्षरधाम मंदिर, दिल्ली
हालांकि यहां सरस्वती पूजा अलग से नहीं होती, लेकिन बसंत पंचमी पर
- सांस्कृतिक कार्यक्रम
- भारतीय ज्ञान परंपरा से जुड़ी प्रदर्शनी
- शुद्ध और अनुशासित वातावरण
- लोगों को गहरी मानसिक शांति देता है।
श्री सरस्वती मंदिर, नोएडा
नोएडा और आसपास के क्षेत्रों में रहने वालों के लिए यह मंदिर बसंत पंचमी पर खास होता है।
- स्थानीय श्रद्धालुओं की विशेष आस्था
- छात्रों द्वारा सामूहिक पूजा
- सरल और सच्ची भक्ति का अनुभव