सीएम बोले: अखिलेश की भक्ति राम के प्रति नहीं, वह बाबर को पूजने वाले लोग हैं, विधायकों को अयोध्या जाने से रोका
Yogi Adityanath: सीएम योगी आदित्यनाथ ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर हमला करते हुए कहा कि उनकी आस्था राम के प्रति न होकर बाबर के प्रति है।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को रुदौली के मां कामाख्या धाम में जनसमूह को संबोधित करते हुए विपक्ष पर जमकर बरसे। सपा प्रमुख अखिलेश यादव को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि उन्होंने अब तक राम मंदिर के दर्शन नहीं किए और अपने विधायकों को भी अयोध्या आने से रोका। उनकी भक्ति राम के प्रति नहीं है, वह बाबर की पूजा करने वाले लोग हैं।
सीएम ने कहा कि प्रदेश सरकार के मंत्री मनोज पांडेय ने जब बतौर सपा विधायक प्रस्ताव रखा कि अयोध्या में सभी विधायकों को दर्शन करने जाना चाहिए तो हमने इसे स्वीकार किया, लेकिन अखिलेश यादव ने मना कर दिया। कहा कि कोई दर्शन करने नहीं जाएगा। राम का स्मरण करने पर सपा ने मनोज पांडेय को अपमानित कर बाहर कर दिया। सीएम ने कहा कि रामभक्तों पर गोली चलाने, राम के अस्तित्व पर प्रश्न खड़ा करने, न्यायालय में अधिवक्ता खड़ा करके राममंदिर निर्माण में रोड़े अटकाने, रामभक्तों को अपमानित करने और माफिया की कब्र पर फातिहा पढ़ने वाले उपदेश देना बंद करें।
सीएम ने सपा को निशाने पर लेते हुए कहा कि जिन्हें कब्रिस्तान की बाउंड्रीवाॅल से फुर्सत नहीं थी, वे झलकारी बाई की प्रतिमा कैसे लगाते। सीएम ने सपा व कांग्रेस के दोहरे चरित्र को उजागर करते हुए कहा कि भगवान राम का मंदिर न बनने पाए, इसके लिए कांग्रेस ने एड़ी-चोटी का जोर लगा दिया था। उच्चतम न्यायालय में शपथ पत्र दिया था कि राम तो हुए ही नहीं। कारसेवकों पर गोली चलाने और जय श्रीराम बोलने पर लाठियां भांजने वाली सपा रामभक्तों के अपमान की बात कह रही है, उपदेश दे रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या का भव्य स्वरूप सपा व कांग्रेस को अच्छा नहीं लगता। सीएम ने कहा कि ग्राम पंचायत कामाख्या धाम अब नगर पंचायत बन गया है। गरीबों के मांगलिक-सार्वजनिक कार्यक्रमों के लिए विवाह मंडपम बन गया। यहां फाइव स्टार होटल जैसी सुविधाएं हैं। कहा कि डबल इंजन सरकार सरयू व गोमती नदी के बीच के पवित्र स्थल को भी विकसित करेगी।
सीएम ने मां कामाख्या धाम के स्वरूप को और बेहतर करने के लिए विधायक रामचंद्र यादव से प्रस्ताव भी मांगा। इस अवसर पर विधायक अमित सिंह चौहान, चंद्रभानु पासवान, अभय सिंह, विधान परिषद सदस्य हरिओम पांडेय, जिला पंचायत अध्यक्ष रोली सिंह, पूर्व विधायक इंद्र प्रताप तिवारी ‘खब्बू’, गोरखनाथ बाबा, भाजपा जिलाध्यक्ष राधेश्याम त्यागी आदि मौजूद रहे।
अयोध्या को अपमानित करने वालों के बहकावे में न आएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या को बदनाम और रामजन्मभूमि मंदिर को अपमानित करने वालों के बहकावे में न आएं। जिन लोगों ने अयोध्या को बिजली नहीं दी और संकरी गलियों में बांधकर रखा, वे लोग आज दुष्प्रचार कर सप्तपुरियों में प्रथम अयोध्या को अपमानित करने का कुत्सित प्रयास कर रहे हैं। कहा कि एसआईटी की रिपोर्ट आने तक कतई बयानबाजी न करें, यह जांच को प्रभावित करती है। जांच के बाद किसी भी पक्ष को बात कहनी है तो एसआईटी तैयार रहेगी, लेकिन चरित्र हनन व अयोध्या को बदनाम करने का कुत्सित प्रयास न करें।
अखिलेश यादव अब अगले जन्म में बनेंगे मुख्यमंत्री : ओमप्रकाश राजभर
प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने शुक्रवार को समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और विपक्षी गठबंधन पर हमला बोला। उन्होंने अखिलेश यादव पर तंज कसते हुए कहा कि वे अब अगले जन्म में मुख्यमंत्री बनेंगे। सपा और कांग्रेस को दो दगे कारतूस बताया। उन्होंने दावा किया कि 2027 में यूपी से समाजवादी पार्टी का पूरी तरह सफाया हो जाएगा। वे अपनी पुरानी सीटें भी नहीं बचा पाएगी।
सपा नेताओं की ओर से सुभासपा में टिकट बेचने के दावों पर राजभर ने ऐसे बयान देने वालों को अनपढ़ और जाहिल बताया। राजभर ने कहा कि भाजपा सहयोगी दलों को कमजोर नहीं करती। भाजपा पार्टियों को कमजोर नहीं करती, बल्कि नेता बनाने का काम करती है। राजभर ने मुलायम सिंह यादव, अनुप्रिया पटेल, संजय निषाद और खुद को भाजपा के सहयोग से स्थापित नेता बताया। अखिलेश यादव के आरोपों पर पलटवार करते हुए राजभर ने कहा कि उन्हें अपना चिट्ठा संभालना चाहिए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अखिलेश यादव को इस जन्म में अब मुख्यमंत्री नहीं बनना है, वे अब अगले जन्म की तैयारी करें।
राजभर ने सपा के पीडीए फॉर्मूले पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री रहते कई समाज को धोखा दिया, जिसे जनता माफ नहीं करेगी। उन्होंने याद दिलाया कि साल 2017 में भी ये मिलकर लड़े थे। तब वे मात्र 47 सीटों पर सिमट गए थे। अतरौलिया विधानसभा सीट से चुनाव लड़ने के सवाल पर राजभर ने कहा कि अभी कोई चुनाव नहीं है। उनकी पार्टी सभी 10 सीटों पर तैयारी कर रही है। सीटों का बंटवारा गृहमंत्री अमित शाह तय करेंगे।