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Lucknow News: मकान तोड़ बनाई जा रहीं इमारतों में मिली अनियमितता, नोटिस जारी
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चंद्रलोक कॉलोनी में निर्माण की जांच करती एलडीए की टीम।
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लखनऊ। अग्निकांड की घटना में 15 लोगों की जान जाने के बाद भी अलीगंज में मकानों को तोड़कर काॅम्प्लेक्स बनाए जाने पर रोक न लगने को लेकर अमर उजाला ने बुधवार को प्रमुखता से प्रकाशित की। इसके बाद एलडीए की टीम ने इलाके में जाकर कई निर्माणाधीन इमारतों की जांच की। इस दौरान दो इमारतों में पूरी तरह मानचित्र के अनुरूप निर्माण नहीं पाया गया। एलडीए ने दोनों के निर्माणकर्ताओं को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। सुधार नहीं होने पर सीलिंग की कार्रवाई की चेतावनी दी है।
22 जून को अलीगंज की जिस इमारत में आग लगी थी, वह आवासीय भूखंड पर बनी थी, लेकिन उसका व्यावसायिक इस्तेमाल हो रहा था। हादसे के बाद सुप्रीम कोर्ट ने भी ऐसे निर्माणों पर नाराजगी जताई थी। इसके बावजूद अलीगंज में मकान तोड़कर व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स बनाने का सिलसिला जारी है।
जोनल अधिकारी अतुल कृष्ण सिंह ने बताया कि रामराम बैंक चौराहे के पास निर्माणाधीन इमारत का मानचित्र व्यावसायिक उपयोग के लिए स्वीकृत है पर जांच के दौरान उसके बेसमेंट में अनियमितता मिली। बेसमेंट निर्धारित सीमा से अधिक खोदा गया है। आग से बचाव के लिए छोड़े जाने वाले सेटबैक हिस्से में भी बेसमेंट बनाया जा रहा था। इस पर नोटिस जारी किया गया है। इसी तरह चंद्रलोक कॉलोनी की एक इमारत में भी बेसमेंट और सेटबैक में अनियमितता मिली। यहां भी नोटिस दिया गया है। सुधार नहीं करने पर सीलिंग की कार्रवाई की जाएगी।
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तीन अवैध प्लॉटिंग ध्वस्त, पांच निर्माण सील
जोनल अधिकारी ने बताया कि अलीगंज, मड़ियांव और सैरपुर क्षेत्र में अभियान चलाकर डॉ. चंद्रसेन वर्मा, संजय गुप्ता, जयकरन, मोहम्मद अहमद, बालक राम व अन्य के पांच अवैध निर्माण सील किए गए। वहीं, जोनल अधिकारी देवांश त्रिवेदी के अनुसार गोसाईंगंज के ग्राम मंगहुवा में करीब 15 बीघा क्षेत्रफल में हो रही तीन अवैध प्लॉटिंग ध्वस्त की गईं। ये प्लॉटिंग जंग बहादुर, देवेश मिश्रा, रामदेव प्रधान और डिंपल आदि की ओर से की जा रही थीं।
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22 जून को अलीगंज की जिस इमारत में आग लगी थी, वह आवासीय भूखंड पर बनी थी, लेकिन उसका व्यावसायिक इस्तेमाल हो रहा था। हादसे के बाद सुप्रीम कोर्ट ने भी ऐसे निर्माणों पर नाराजगी जताई थी। इसके बावजूद अलीगंज में मकान तोड़कर व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स बनाने का सिलसिला जारी है।
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जोनल अधिकारी अतुल कृष्ण सिंह ने बताया कि रामराम बैंक चौराहे के पास निर्माणाधीन इमारत का मानचित्र व्यावसायिक उपयोग के लिए स्वीकृत है पर जांच के दौरान उसके बेसमेंट में अनियमितता मिली। बेसमेंट निर्धारित सीमा से अधिक खोदा गया है। आग से बचाव के लिए छोड़े जाने वाले सेटबैक हिस्से में भी बेसमेंट बनाया जा रहा था। इस पर नोटिस जारी किया गया है। इसी तरह चंद्रलोक कॉलोनी की एक इमारत में भी बेसमेंट और सेटबैक में अनियमितता मिली। यहां भी नोटिस दिया गया है। सुधार नहीं करने पर सीलिंग की कार्रवाई की जाएगी।
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तीन अवैध प्लॉटिंग ध्वस्त, पांच निर्माण सील
जोनल अधिकारी ने बताया कि अलीगंज, मड़ियांव और सैरपुर क्षेत्र में अभियान चलाकर डॉ. चंद्रसेन वर्मा, संजय गुप्ता, जयकरन, मोहम्मद अहमद, बालक राम व अन्य के पांच अवैध निर्माण सील किए गए। वहीं, जोनल अधिकारी देवांश त्रिवेदी के अनुसार गोसाईंगंज के ग्राम मंगहुवा में करीब 15 बीघा क्षेत्रफल में हो रही तीन अवैध प्लॉटिंग ध्वस्त की गईं। ये प्लॉटिंग जंग बहादुर, देवेश मिश्रा, रामदेव प्रधान और डिंपल आदि की ओर से की जा रही थीं।