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लखनऊ: फर्जी बैनामा कर धोखाधड़ी के तीन प्रॉपर्टी डीलर गिरफ्तार, पीड़िता बोली- खुद को जमीन का स्वामी बताया था
Fri, 26 Jun 2026 06:21 PM IST
Akash Dwivedi
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: Akash Dwivedi
Updated Fri, 26 Jun 2026 06:21 PM IST
सार
फर्जी बैनामा तैयार कर प्लॉट बेचने और लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने के आरोप में तीन प्रॉपर्टी डीलरों को गिरफ्तार किया गया। जांच में दस्तावेज कूटरचित पाए गए और जमीन किसी अन्य व्यक्ति के नाम दर्ज मिली। पुलिस ने आपराधिक षड्यंत्र सहित विभिन्न धाराओं में कार्रवाई कर आरोपियों को जेल भेज दिया।
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- फोटो : amar ujala
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विस्तार
पुलिस ने फर्जी बैनामा कर लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने के आरोप में तीन प्रापर्टी डीलर सुशांत गोल्फ सिटी के विपिन तिवारी, राजाजीपुरम के विपिन कुमार व रिंकू राजपूत को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों ने कूटरचित दस्तावेज तैयार कर खुद को जमीन का स्वामी दर्शाते हुए प्लॉट का फर्जी बैनामा किया और पीड़िता से दस लाख रुपये हड़प लिए।
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इंस्पेक्टर बृजेश कुमार त्रिपाठी के मुताबिक जानकीपुरम विस्तार निवासी अनीता सिंह ने मार्च 2026 में केस दर्ज कराया था। एफआईआर के मुताबिक उन्होंने 21 जनवरी 2022 को ग्राम सलेमपुर में 2500 वर्ग फुट का प्लॉट वी-वन इन्फ्रा टेक के निदेशक विपिन कुमार से नौ लाख रुपये आरटीजीएस और डेढ़ लाख रुपये नकदी देकर खरीदा था। बाद में निर्माण कराने पहुंचने पर पता चला कि संबंधित भूमि विक्रेता के स्वामित्व में थी ही नहीं और वह किसी अन्य व्यक्ति के नाम दर्ज है।
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जांच में सामने आया कि स्वामित्व दर्शाने वाला दस्तावेज कूटरचित था। यही नहीं, जिस अभिलेख के आधार पर जमीन का मालिकाना हक बताया गया था, वह वास्तव में किसी अन्य गाटा संख्या से संबंधित निकला। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि भूमि रामकुमार के नाम दर्ज है।
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उसका कोई हिस्सा आरोपियों के नाम कभी हस्तांतरित नहीं हुआ। पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपी के साथ दो अन्य लोगों ने फर्जी बैनामे में गवाह बनकर सहयोग किया। जांच में आपराधिक षड्यंत्र की पुष्टि होने पर केस में षड़यंत्र की धारा भी बढ़ाई गई। शुक्रवार को पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।