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MP News: अब घर बैठे खरीद सकेंगे चंदेरी और महेश्वरी साड़ी, मृगनयनी का ई-कॉमर्स पोर्टल लॉन्च
Mon, 10 Aug 2026 08:57 PM IST
Anand Pawar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: Anand Pawar
Updated Mon, 10 Aug 2026 08:57 PM IST
सार
मध्य प्रदेश के बुनकरों और शिल्पकारों के बनाए चंदेरी, महेश्वरी और बाग प्रिंट जैसे उत्पाद अब घर बैठे ऑनलाइन खरीदे जा सकेंगे। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मृगनयनी और ओडीओपी मार्ट एमपी के ई-कॉमर्स पोर्टल लॉन्च किए हैं।
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सीएम यादव ने बुनकरों का सम्मानित किया
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
प्रदेश के बुनकरों, शिल्पकारों और ग्रामीण कलाकारों के बनाए उत्पाद अब घर बैठे ऑनलाइन खरीदे जा सकेंगे। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सोमवार को भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे अंतरराष्ट्रीय सभागार में मृगनयनी और ओडीओपी मार्ट एमपी ई-कॉमर्स पोर्टल की शुरुआत की। सरकार का उद्देश्य स्थानीय उत्पादों को देश के साथ वैश्विक बाजार तक पहुंचाना है। मृगनयनी के नए पोर्टल पर फिलहाल 460 से अधिक उत्पाद उपलब्ध हैं। जल्द ही इनकी संख्या बढ़ाकर एक हजार तक करने की तैयारी है। पोर्टल के जरिए मृगनयनी एम्पोरियम के उत्पादों की देश के 16 हजार से अधिक स्थानों पर डिलीवरी की जा सकेगी। इससे चंदेरी की साड़ी, महेश्वरी साड़ी, बाग प्रिंट, उज्जैन का बटिक, शॉल और अन्य हस्तशिल्प उत्पाद खरीदना आसान होगा। लोगों को इन उत्पादों के लिए संबंधित शहरों तक जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
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ओडीओपी उत्पादों को भी मिलेगा बाजार
ओडीओपी मार्ट एमपी के जरिए अलग-अलग जिलों के विशेष उत्पादों की ऑनलाइन बिक्री की जाएगी। इनमें चंदेरी की साड़ी, सीधी की दरी, उज्जैन का बटिक और धार का बाग प्रिंट शामिल हैं। सरकार के अनुसार सात जिलों के कारीगरों के दो हजार से अधिक उत्पाद देशभर में पहुंचाए जा रहे हैं। राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार दिलीप जायसवाल ने बताया कि उत्पादों पर लेबलिंग और क्यूआर कोड की व्यवस्था भी की जा रही है। इससे खरीदार को उत्पाद और उसके निर्माण से जुड़ी जानकारी मिल सकेगी।
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15 बुनकर-शिल्पकार सम्मानित
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट काम करने वाले 15 बुनकरों और शिल्पकारों को सम्मानित किया। प्रथम पुरस्कार के लिए एक लाख, द्वितीय के लिए 50 हजार, तृतीय के लिए 25 हजार और प्रोत्साहन पुरस्कार के रूप में 15 हजार रुपये और प्रशस्ति पत्र दिए गए। मुख्यमंत्री ने हस्तशिल्प प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया। उन्होंने कहा कि चंदेरी, महेश्वर और बाग जैसी कला परंपराएं मध्य प्रदेश की पहचान हैं और इन्हें देश-दुनिया तक पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है।
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ओडीओपी उत्पादों को भी मिलेगा बाजार
ओडीओपी मार्ट एमपी के जरिए अलग-अलग जिलों के विशेष उत्पादों की ऑनलाइन बिक्री की जाएगी। इनमें चंदेरी की साड़ी, सीधी की दरी, उज्जैन का बटिक और धार का बाग प्रिंट शामिल हैं। सरकार के अनुसार सात जिलों के कारीगरों के दो हजार से अधिक उत्पाद देशभर में पहुंचाए जा रहे हैं। राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार दिलीप जायसवाल ने बताया कि उत्पादों पर लेबलिंग और क्यूआर कोड की व्यवस्था भी की जा रही है। इससे खरीदार को उत्पाद और उसके निर्माण से जुड़ी जानकारी मिल सकेगी।
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15 बुनकर-शिल्पकार सम्मानित
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट काम करने वाले 15 बुनकरों और शिल्पकारों को सम्मानित किया। प्रथम पुरस्कार के लिए एक लाख, द्वितीय के लिए 50 हजार, तृतीय के लिए 25 हजार और प्रोत्साहन पुरस्कार के रूप में 15 हजार रुपये और प्रशस्ति पत्र दिए गए। मुख्यमंत्री ने हस्तशिल्प प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया। उन्होंने कहा कि चंदेरी, महेश्वर और बाग जैसी कला परंपराएं मध्य प्रदेश की पहचान हैं और इन्हें देश-दुनिया तक पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है।
