{"_id":"6a82f5f02abee897a60a8e18","slug":"protest-by-bhopal-nursing-students-waiting-six-years-for-exams-degrees-and-scholarships-agitation-to-conti-2026-08-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"भोपाल नर्सिंग छात्रों का प्रदर्शन: 6 साल से परीक्षा, डिग्री और छात्रवृत्ति का इंतजार, लिखित आश्वासन तक आंदोलन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भोपाल नर्सिंग छात्रों का प्रदर्शन: 6 साल से परीक्षा, डिग्री और छात्रवृत्ति का इंतजार, लिखित आश्वासन तक आंदोलन
Mon, 17 Aug 2026 05:22 PM IST
Sandeep Kumar Tiwari
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
Published by: Sandeep Kumar Tiwari
Updated Mon, 17 Aug 2026 05:22 PM IST
सार
भोपाल के नीलम पार्क में प्रदेशभर केनर्सिंग छात्रों ने प्रदर्शन किया। छात्रों का कहना है कि करीब 6 साल से परीक्षा, डिग्री, पंजीयन और छात्रवृत्ति की समस्याएं लंबित हैं। उन्होंने मांगों पर लिखित आश्वासन मिलने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी है। साथ ही 2020-21 बैच को दिसंबर 2026 तक डिग्री-पंजीयन देने और सभी विद्यार्थियों की जल्द परीक्षा कराने की मांग की।
विज्ञापन
नर्सिंग छात्र-छात्राओं का विरोध प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मध्य प्रदेश के अलग-अलग जिलों से पहुंचे नर्सिंग छात्र-छात्राओं ने सोमवार को भोपाल के नीलम पार्क में प्रदेशव्यापी प्रदर्शन किया। छात्रों का कहना है कि नर्सिंग शिक्षा से जुड़े विवाद और न्यायिक प्रक्रिया के चलते उनका शैक्षणिक भविष्य करीब छह साल से अटका हुआ है। समय पर परीक्षाएं नहीं होने, डिग्री और पंजीयन क्रमांक जारी नहीं होने तथा छात्रवृत्ति में देरी को लेकर विद्यार्थियों में नाराजगी है। प्रदर्शन में बीएससी नर्सिंग और जीएनएम पाठ्यक्रम के बड़ी संख्या में विद्यार्थी शामिल हुए। छात्रों ने कहा कि कॉलेजों की मान्यता से जुड़े मामलों की जिम्मेदारी विद्यार्थियों की नहीं है। यदि किसी संस्थान को नियमों के विपरीत मान्यता दी गई है तो इसके लिए संबंधित विभाग, प्रशासन और कॉलेज प्रबंधन की जवाबदेही तय होनी चाहिए। विद्यार्थियों का कहना है कि मान्यता संबंधी विवाद का खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ रहा है।
सुबह से ही नीलम पार्क पहुंचने लगे छात्र
प्रदेश के अलग-अलग जिलों से विद्यार्थी सुबह से ही नीलम पार्क पहुंचने लगे। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से नर्सिंग छात्रों की लंबित समस्याओं पर तत्काल निर्णय लेने की मांग की। छात्रों का कहना है कि पढ़ाई पूरी करने के बावजूद परीक्षा, डिग्री और पंजीयन की प्रक्रिया पूरी नहीं हो पा रही है। इसका असर उनकी आगे की पढ़ाई, नौकरी और पेशेवर भविष्य पर पड़ रहा है।
लिखित आश्वासन के बाद ही खत्म करेंगे आंदोलन’
प्रदर्शन के दौरान समर्थ पाल ने कहा कि सरकार को छात्रों की समस्याओं का स्थायी समाधान निकालने के लिए ठोस कदम उठाना चाहिए। प्रदर्शनकारियों ने साफ किया कि वे केवल मौखिक आश्वासन से आंदोलन खत्म नहीं करेंगे। छात्रों के मुताबिक मांगों पर लिखित आश्वासन मिलने के बाद ही प्रदर्शन समाप्त करने पर विचार किया जाएगा। उनका कहना है कि छह साल से चल रही अनिश्चितता को अब और आगे नहीं बढ़ाया जा सकता।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें- सीबीआई ने दाखिल की चार्जशीट, 636 पन्नों में बंद त्विषा शर्मा की हत्या या आत्महत्या का राज
छात्रों की ये प्रमुख मांगें
- नर्सिंग मामले की जल्द सुनवाई के लिए विशेष पीठ के माध्यम से प्रक्रिया तेज कर विद्यार्थियों के हित में फैसला कराया जाए।
- बीएससी नर्सिंग और जीएनएम के सभी श्रेणियों के विद्यार्थियों की परीक्षाएं बिना और देरी के एक साथ कराई जाएं।
- उपयुक्त, अनुपयुक्त और ग्वालियर क्षेत्र के 56 कॉलेजों के विद्यार्थियों को भी परीक्षा प्रक्रिया में शामिल किया जाए।
- 2020-21 बैच के विद्यार्थियों को दिसंबर 2026 तक डिग्री और पंजीयन क्रमांक उपलब्ध कराया जाए।
- लंबित छात्रवृत्ति से जुड़ी समस्याओं का जल्द समाधान किया जाए।
यह भी पढ़ें-एमपी में मानसून दिखा रहा असर, आज 14 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी, 3 में ऑरेंज अलर्ट
नर्सिंग की पढ़ाई में वर्षों लगाए
नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता और उससे जुड़ी अनियमितताओं की जिम्मेदारी तय की जाए, ताकि विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित न हो। छात्रों का कहना है कि उन्होंने नर्सिंग की पढ़ाई में वर्षों लगाए हैं, लेकिन परीक्षा और प्रमाणपत्रों की अनिश्चितता के कारण उनके सामने नौकरी और आगे की शिक्षा का रास्ता भी अटक गया है। उन्होंने सरकार से जल्द निर्णय लेकर हजारों विद्यार्थियों को राहत देने की मांग की।
विज्ञापन
सुबह से ही नीलम पार्क पहुंचने लगे छात्र
प्रदेश के अलग-अलग जिलों से विद्यार्थी सुबह से ही नीलम पार्क पहुंचने लगे। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से नर्सिंग छात्रों की लंबित समस्याओं पर तत्काल निर्णय लेने की मांग की। छात्रों का कहना है कि पढ़ाई पूरी करने के बावजूद परीक्षा, डिग्री और पंजीयन की प्रक्रिया पूरी नहीं हो पा रही है। इसका असर उनकी आगे की पढ़ाई, नौकरी और पेशेवर भविष्य पर पड़ रहा है।
विज्ञापन
लिखित आश्वासन के बाद ही खत्म करेंगे आंदोलन’
प्रदर्शन के दौरान समर्थ पाल ने कहा कि सरकार को छात्रों की समस्याओं का स्थायी समाधान निकालने के लिए ठोस कदम उठाना चाहिए। प्रदर्शनकारियों ने साफ किया कि वे केवल मौखिक आश्वासन से आंदोलन खत्म नहीं करेंगे। छात्रों के मुताबिक मांगों पर लिखित आश्वासन मिलने के बाद ही प्रदर्शन समाप्त करने पर विचार किया जाएगा। उनका कहना है कि छह साल से चल रही अनिश्चितता को अब और आगे नहीं बढ़ाया जा सकता।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें- सीबीआई ने दाखिल की चार्जशीट, 636 पन्नों में बंद त्विषा शर्मा की हत्या या आत्महत्या का राज
छात्रों की ये प्रमुख मांगें
- नर्सिंग मामले की जल्द सुनवाई के लिए विशेष पीठ के माध्यम से प्रक्रिया तेज कर विद्यार्थियों के हित में फैसला कराया जाए।
- बीएससी नर्सिंग और जीएनएम के सभी श्रेणियों के विद्यार्थियों की परीक्षाएं बिना और देरी के एक साथ कराई जाएं।
- उपयुक्त, अनुपयुक्त और ग्वालियर क्षेत्र के 56 कॉलेजों के विद्यार्थियों को भी परीक्षा प्रक्रिया में शामिल किया जाए।
- 2020-21 बैच के विद्यार्थियों को दिसंबर 2026 तक डिग्री और पंजीयन क्रमांक उपलब्ध कराया जाए।
- लंबित छात्रवृत्ति से जुड़ी समस्याओं का जल्द समाधान किया जाए।
यह भी पढ़ें-एमपी में मानसून दिखा रहा असर, आज 14 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी, 3 में ऑरेंज अलर्ट
नर्सिंग की पढ़ाई में वर्षों लगाए
नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता और उससे जुड़ी अनियमितताओं की जिम्मेदारी तय की जाए, ताकि विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित न हो। छात्रों का कहना है कि उन्होंने नर्सिंग की पढ़ाई में वर्षों लगाए हैं, लेकिन परीक्षा और प्रमाणपत्रों की अनिश्चितता के कारण उनके सामने नौकरी और आगे की शिक्षा का रास्ता भी अटक गया है। उन्होंने सरकार से जल्द निर्णय लेकर हजारों विद्यार्थियों को राहत देने की मांग की।
