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MP News: मानवाधिकार आयोग अध्यक्ष की सीख-जेन जी और अल्फा पीढ़ी का दौर, युवा मर्यादा में रखें बात; सरकार भी सुने

Mon, 17 Aug 2026 08:59 PM IST
दिनेश शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रतलाम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रतलाम Published by: दिनेश शर्मा Updated Mon, 17 Aug 2026 08:59 PM IST
सार

मध्य प्रदेश मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष डॉ. अवधेश प्रताप सिंह ने युवाओं को अभिव्यक्ति का अधिकार बताते हुए मर्यादित और शालीन तरीके से अपनी बात रखने की सीख दी। उन्होंने सरकार और प्रशासन से युवाओं की बात संवेदनशीलता से सुनने की अपील की। जनसुनवाई में नागरिकों की समस्याओं के त्वरित निराकरण के निर्देश दिए।

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mp human rights commission chairman youth expression rights government should listen
सर्किट हाउस में मीडिया से बातचीत करते आयोग अध्यक्ष डॉ. अवधेश प्रताप सिंह - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

राज्य मानव अधिकार आयोग के अध्यक्ष डॉ. अवधेश प्रताप सिंह ने सोमवार को कलेक्ट्रेट में जनसुनवाई कर आम नागरिकों की समस्याओं की समीक्षा की। उन्होंने शासन व प्रशासन को नागरिकों और युवाओं की बात पूरी संवेदनशीलता के साथ सुनने के निर्देश दिए।
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युवाओं की अभिव्यक्ति और मर्यादा
सर्किट हाउस में मीडिया से बातचीत के दौरान आयोग अध्यक्ष डॉ. सिंह ने कहा कि समय बदलने के साथ लोग जागरूक हो रहे हैं। वर्तमान समय में जेन-जी और अल्फा का दौर चल रहा है, जिसमें कुछ लोगों में अतिजागरूकता भी देखने को मिलती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि युवाओं को अपनी बात रखने का पूरा अधिकार है, लेकिन अभिव्यक्ति का तरीका शालीन और मर्यादा के भीतर होना चाहिए। भारतीय संस्कृति बड़ों के प्रति सम्मान रखते हुए अपनी बात कहना सिखाती है। सरकार, शासन और प्रशासन को भी युवाओं की बात को ध्यानपूर्वक सुनना चाहिए।
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प्रकरणों की हुई गहन समीक्षा
कलेक्ट्रेट में आयोजित जनसुनवाई के दौरान आयोग अध्यक्ष ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि नागरिकों के प्रत्येक मामले को प्राथमिकता एवं संवेदनशीलता के साथ सुना जाए। मामलों का निराकरण करते समय मानवीय दृष्टिकोण को सर्वोपरि रखें ताकि प्रत्येक नागरिक के मानव अधिकार सुरक्षित रहें और उन्हें संतुष्टि मिले।
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