सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Narsinghpur News ›   Shankaracharya date of Pattabhishek of Avimukteshwaranand and Sadanand Saraswati will be decided on 23rd

Shankaracharya: अविमुक्तेश्वरानंद और सदानंद सरस्वती के पट्टाभिषेक की तारीख 23 को तय होगी, शोक को लेकर उठे सवाल

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नरसिंहपुर Published by: अंकिता विश्वकर्मा Updated Wed, 14 Sep 2022 12:40 PM IST
विज्ञापन
सार

ज्योतिष और द्वारका पीठ के नए प्रमुखों का पट्टाभिषेक जल्द ही होगा। इसकी तारीख 23 सितंबर को तय होगी। 

Shankaracharya date of Pattabhishek of Avimukteshwaranand and Sadanand Saraswati will be decided on 23rd
अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और सदानंद सरस्वती के पट्टाभिषेक की तारीख 23 को तय होगी, - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार

मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर में ज्योतिष और द्वारका पीठ के प्रमुख शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती की समाधि के बाद उनके उत्तराधिकारियों का पट्टाभिषेक जल्द ही किया जाएगा। इसकी तारीख 23 सितंबर को तय होगी। ज्योतिष पीठ के प्रमुख के तौर पर अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और द्वारका पीठ के प्रमुख के तौर पर स्वामी सदानंद सरस्वती का चुनाव किया गया है। 
Trending Videos


ब्रह्मलीन शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती के निज सचिव रहे ब्रह्मचारी सुबुद्धानंद सरस्वती के अधिकार यथावत रहेंगे। वे दोनों नए शंकराचार्यों के निज सचिव होंगे। सुबुद्धानंद सरस्वती ने ही मंगलवार को परमहंसी गंगा आश्रम में पत्रकार वार्ता की। उन्होंने बताया कि शंकराचार्य के देवलोकगमन पर 21 सितंबर को यति पार्वण, 22 सितंबर को नारायण बलि और आराधना होगी। 23 सितंबर को दोनों पीठों में भंडारा और श्रद्धाजंलि सभा आयोजित की जाएगी। इसी सभा में नए शंकराचार्यों के पट्टाभिषेक की तिथि घोषित की जाएगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


पट्टाभिषेक पर स्वामी सदानंद का द्वारका में व स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का ज्योतिर्मठ में अभिषेक होगा। इस दौरान दोनों नए शंकराचार्यों ने कहा कि ब्रह्मचारी सुबुद्धानंदजी से हमको बहुत कुछ सीखने-समझने को मिला है। वह अब हमारे निजी सचिव होंगे। महाराजश्री के समय के संपूर्ण अधिकार उनके पास रहेंगे।

महारानी के लिए तिरंगा झुकाने पर उठे सवाल
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि हमारे देश में संन्यासियों के लिए कोई शोक नहीं मनाया जाता। लोगों का आक्रोश इस बात पर है कि ब्रिटेन की महारानी और ब्रिटेन सरकार ने आजादी की लड़ाई में सवा सात लाख से अधिक लोगों को मौत के घाट उतारा। ब्रिटेन की महारानी के निधन पर आधा झंडा झुका रहा। यह पूरे देश को ठीक नहीं लगा। इसका स्पष्टीकरण सरकार के जिम्मेदार लोगों को देना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed