चारधाम यात्रा में बीते पांच सालों के बाद इस बार सबसे अधिक तीर्थयात्रियों की मौत हुई है। मई से शुरू हुई यात्रा में अब तक 311 तीर्थयात्रियों की मौत हो चुकी है। इसमें केदारनाथ धाम के पैदल मार्ग पर 135 ने दम तोड़ा है। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक कुल मौत में 75 प्रतिशत की पहले से किसी गंभीर बीमारी से ग्रसित होने और अचानक हार्टअटैक के कारण हुई है जबकि 25 प्रतिशत की मौत दुर्घटनाओं से हुई हैं।
Char Dham Yatra 2022: पांच सालों में इस बार सबसे ज्यादा तीर्थयात्रियों की हुई मौत, 311 की गई जान, ये रही वजह
यात्रा शुरू करने से पहले करना पड़ा यात्रियों का स्वास्थ्य परीक्षण
चारधाम यात्रा मार्गों पर तीर्थयात्रियों की मौतें बढ़ने पर सरकार ने स्वास्थ्य परीक्षण करने के निर्देश दिए। जिसके बाद विभाग ने ऋषिकेश समेत यात्रा पड़ाव पर तीर्थयात्रियों के स्वास्थ्य का परीक्षण शुरू किया। जो यात्री स्वस्थ नहीं थे, उन्हें यात्रा न करने की सलाह दी।
चारधामों में अब तक 42 लाख से अधिक श्रद्धालु कर चुके दर्शन
चारधाम यात्रा में इस बार तीर्थयात्रियों ने रिकॉर्ड बनाया गया। अब तक बदरीनाथ धाम में 15.14 लाख, केदारनाथ धाम में 14.25, गंगोत्री में 6.0 लाख, यमुनोत्री में 4.73 लाख से अधिक यात्री दर्शन कर चुके हैं।
यह है स्थिति
धाम मृतक यात्रियों संख्या
केदारनाथ 135
बदरीनाथ 75
गंगोत्री 21
यमुनोत्री 80
वर्ष यात्रियों की मौत
2017 112
2018 106
2019 91
चारधाम यात्रा में स्वास्थ्य सेवाओं के लिए पर्याप्त डॉक्टरों, पैरामेडिकल स्टाफ तैनात किया गया था। यात्रा मार्गों पर अब तक 311 यात्रियों की मौत हुई है। इसमें 75 प्रतिशत की मौत पहले से किसी बीमारी से ग्रसित या हार्टअटैक से हुई है।
- डॉ. आर. राजेश कुमार, प्रभारी सचिव स्वास्थ्य