अपनी दमदार आवाज, डरावने गेटअप और प्रभावशाली शख्सियत से सालों तक फिल्मप्रेमियों के दिलों में खौफ पैदा करने वाले जाने-माने खलनायक अमरीश पुरी दरअसल फिल्मों में हीरो बनना चाहते थे। 22 जून को उनका जन्मदिन है। वह हमारे बीच भले ना हो लेकिन उनकी दमदार अभिनय की छाप आज भी हर दर्शक के दिलो-दिमाग पर छाई हुई है। अमरीश पुरी ने 30 साल से भी ज्यादा वक्त तक फिल्मों में काम किया और नकारात्मक भूमिकाओं को इस प्रभावी ढंग से निभाया कि हिंदी फिल्मों में वो बुरे आदमी का पर्याय बन गए। आइए अमरीश पुरी की उन टॉप फिल्मों को याद करते हैं जिनके चलते उन्हें 'सुपर विलन' का टैग मिला। सबसे पहले नाम आता है फिल्म मिस्टर इंड़िया में 'मोगैंबो' का
जन्मदिन विशेष: अमरीश पुरी जैसा नहीं बन सका कोई दूसरा विलेन, ये किरदार हीरो पर पड़े भारी
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1995 में रिलीज हुई फिल्म करण अर्जुन में अमरीश पुरी ने ठाकुर दुर्जन सिंह का किरदार निभाया था। फिल्म में शाहरुख खान और सलमान खान थे, फिर भी अमरीश ने विलेन के कद को बड़ा बनाए रखा। फिल्म सुपरहिट साबित हुई थी।
साल 1986 में रिलीज हुई सुपरहिट फिल्म नगीना में अमरीश पुरी ने बाबा भैरवनाथ का किरदार निभाया था। एक सपेरे के किरदार में अमरीश ने जान डाल दी थी। न सिर्फ एक्टिंग बल्कि लुक्स से भी अमरीश ने जमकर सुर्खियां बंटोरी थीं।
राजा साहब
1997 में राकेश रोशन द्वारा निर्देशित फिल्म कोयला रिलीज हुई। बता दें कि इस फिल्म ने भी बॉक्स ऑफिस पर धमाका मचाकर रख दिया था। फिल्म में अमरीश पुरी ने राजा साहब का किरदार किया था। वहीं लीड रोल में शाहरुख खान थे। बावजूद इसके अमरीश पुरी ने अपने लुक्स और एक्टिंग से सुर्खियां बंटोरी थीं।
2001 में सुपरहिट फिल्म 'गदर एक प्रेम कथा' रिलीज हुई थी। फिल्म में सनी देओल और अमीषा पटेल के साथ अमरीश पुरी लीड रोल में थे। फिल्म बंटवारे के वक्त की एक प्रेम कहानी थी। फिल्म में सनी देओल के दमदार किरदार को अमरीश ने अशरफ अली से टक्कर दी थी।