बॉलीवुड के जाने माने एक्टर, म्यूजिक कंपोजर पीयूष मिश्रा किसी भी पहचान के मोहताज नहीं है। पीयूष मिश्रा अपनी बेहतरीन कविताओं, अभिनय और गानों के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अपने काम से लोगों के दिलों में जगह बनाई है। पीयूष की फैन फॉलोइंग भी अच्छी खासी है। वहीं, एक्टर ने अपनी बायोग्राफी किताब 'तुम्हारी औकात क्या है पीयूष मिश्रा को अपने फैंस को डेडिकेट किया है, जो उनके पीछे दीवाने हैं।
Piyush Mishra: पीयूष मिश्रा ने फैंस को समर्पित की अपनी बायोग्राफी, बोले- मैं महज एक आम इंसान हूं
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अपनी किताब को फैंस को किया समर्पित
एक इंटरव्यू के दौरान एक्टर ने बात करते हुए कहा कि मैंने अपनी यह किताब उन फैंन को डेडिकेट की है, जिन्हें में बहुत सज्जन और अच्छा व्यक्ति लगता हूं। यह उन लोगों के लिए है, जो मुझे अपना आइडियल या फिर भगवान मानते हैं। उन्होंने कहा कि मैं चाहता हूं कि वह मेरी जिंदगी के उन काले सच को जानें और यह बात अच्छे से समझे कि मैं महज एक आम इंसान हूं। उन्होंने बताया कि मैंने अपनी इस किताब में उन सभी बातों और गलतियों का जिक्र किया, जिससे मेरे फैंस को समझ आए कि मैं महज एक इंसान हूं और मैं भी सभी की तरह गलतियां करता हूं।
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अभिनय पर है सारा ध्यान
पीयूष मिश्रा बॉलीवुड के बेहतरीन कलाकार होने के साथ एक शानदार लेखक और म्यूजिक कंपोजर हैं। वह अपनी शानदार क्रिएटिविटी के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अपनी एक इच्छा को लेकर भी बात की है। उन्होंने कहा कि अब नहीं जानता कि मेरी क्या चाहत है। उन्होंने कहा कि फिलहाल तो मेरा सारा ध्यान अभिनय पर ही है।
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डायरेक्शन करना चाहते हैं पीयूष
उन्होंने आगे कहा कि हां डायरेक्शन करना चाहता हूं, लेकिन इसके लिए भी काफी ज्यादा तैयारी की जरूरत है, क्योंकि डायरेक्शन एक बड़ी जिम्मेदारी का काम है, लेकिन उसके लिए अभी उठने की कोई ख्वाहिश नहीं है।
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बढ़ती उम्र के साथ कुछ करने की इच्छा नहीं
लेखक ने आगे कहा कि बढ़ती उम्र के साथ-साथ वैराग्य भी आता जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस उम्र में अब कुछ करने की इच्छा नहीं होती है, अब लगता है कि मौत सता रही है। जैसे-जैसे उम्र बढ़ रही है और मौत नजदीक आती जा रही है, तो काम करने की इच्छा भी मरती जा रही है। उन्होंने कहा कि काम भी एक हद होता है और कब तक आप इस भाग दौड़ में लगे रहेंगे। आप कभी तो बैठेंगे, तो अब मैं बस वही कर रहा हूं।