किरण राव की निर्देशित फिल्म 'लापता लेडीज ' ने रिलीज होने के बाद से ही लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा है और खूब प्यार बटोरा है। फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर भी बहुत अच्छा प्रदर्शन किया। इसके अलावा ओटीटी पर रिलीज होने के बाद से ही फिल्म को लेकर लोगों का प्यार और भी बढ़ गया है। हालांकि, यह सब यही नहीं रुका। यह फिल्म अब ऑस्कर में ' बेस्ट इंटरनेशनल फीचर फिल्म कैटेगरी' में भारत की आधिकारिक प्रविष्टि है। अब किरण ने महिला प्रधान फिल्मों को लेकर अपनी बात रखी है।
Laapataa Ladies: 'हमें महिलाओं पर अधिक फिल्में बनाने की जरूरत है', 'लापता लेडीज' की सफलता पर बोलीं किरण
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हाल ही में एक बातचीत में, किरण ने बताया कि उन्हें क्या लगा कि फिल्म की यह कहानी सच में काम आई। उन्होंने कहा, "कहानी ने मुझसे बात की। यह दो लड़कियों के बारे में है जो स्वतंत्रता, अवसर और आवाज की तलाश कर रही हैं।", उन्होंने आगे कहा कि हिंदी सिनेमा को महिलाओं के बारे में और महिलाओं द्वारा बनाई गई अधिक फिल्में बनाने की जरूरत है।"
किरण राव ने आगे कहा, "मुझे लगता है कि हमें महिलाओं पर अधिक फिल्में बनाने की जरूरत है। यह बहुत जरूरी है कि हम महिला कहानीकारों, निर्माताओं, अभिनेताओं और महिलाओं की निर्देशित प्रोजेक्ट्स में ज्यादा पैसा लगाए। इस फिल्म की सफलता के बाद मैं महिला किरदारों के आस-पास घूमती कहानियां बताना जारी रखूंगी।"
यही नहीं, किरण राव ने आगे कहा कि लोगों ने फिल्म से जुड़ाव महसूस किया क्योंकि इसमें कॉमेडी का भी मिश्रण था। "हम कॉमेडी के जरिए इन मुद्दों को कहानी में शामिल करना चाहते थे क्योंकि कोई भी सिनेमा में जाने पर लेक्चर नहीं सुनना चाहता। मेरा मानना है कि कॉमेडी सबसे असहज मुद्दों से निपटने के सबसे अच्छे तरीकों में से एक है। हमें लगा कि कहानी को जीवंत बनाए रखने से यह कहीं और मनोरंजक बन जाएगी। यही एक मुख्य कारण है कि दर्शकों ने इसे इतनी अच्छी प्रतिक्रिया मिली है।"
बता दें कि इससे पहले, फिल्म के निर्माता आमिर खान ने ऑस्कर में इसकी प्रविष्टि पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "हम सभी इस खबर से बहुत खुश हैं। मुझे किरण और उनकी पूरी टीम पर गर्व है। मैं फिल्म फेडरेशन ऑफ इंडिया की चयन समिति को धन्यवाद देना चाहता हूं, जिन्होंने ऑस्कर में भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए हमारी फिल्म को चुना।"