जयपुर में जन्मी शिरीन मिर्जा का आम लड़कियों की तरह एक्टिंग के क्षेत्र में आने का मन बिलकुल नहीं था। बचपन में वह बहुत कम बात करती थी, तो उनके पिता एम आई बेग ने उनको जयपुर के 'जवाहर कला मंदिर' में वर्क शॉप के लिए भेज दिया ताकि उनकी झिझक कम हो जाए। शिरीन जयपुर के महारानी कॉलेज से ड्रामा में ग्रेजुएशन कर चुकी है, जहां वर्ल्ड थिएटए के बारे में पढ़ाया जाता है। शिरीन के पिता का जयपुर में प्रॉपर्टी का बिजनेस है और उनकी मां नीलोफर हाउसवाइफ। शीरीन को सबसे ज्यादा लोकप्रियता सीरियल 'ये है मोहब्बतें' से मिली है। अपने बॉयफ्रेंड हसन सरताज के साथ निकाह करने के बाद लंबी छुट्टी पर गईं, शिरीन अब दो साल बाद धारावाहिक 'बहुत प्यार करते है' से छोटे परदे पर वापसी कर रही हैं। ‘अमर उजाला’ से एक खास मुलाकात में उन्होंने अपने प्रशंसकों के लिए साझा किए हैं कुछ दिलचस्प किस्से, आइए जानते हैं इनके बारे में...
Shireen Mirza: इरफान खान बने गुरु, विक्की कौशल के साथ सीखी एक्टिंग और फिर तीन दिन सिर्फ पानी पूरी पर गुजार दिए
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पीयूष मिश्रा ने पूछा नाम और फफक के रो पड़ी
शिरीन कहती है, ‘जब पहले दिन मैं जवाहर कला केंद्र गई और वहां पढ़ाने आए पीयूष मिश्रा ने मेरा नाम पूछा तो मैं रोने लगी। मुझे बात करने से इतना डर लगता था। वर्क शॉप से फायदा ये हुआ कि मेरी धीरे धीरे झिझक खत्म हो गयी। फिर मैंने पीयूष मिश्रा के साथ नाटक ‘शहर हमारा सोता है’ के बहुत सारे शोज किए। मशहूर अभिनेता इरफान खान ने भी अपनी शुरुआत जवाहर कला केंद्र से ही की थी। जब मैंने यहां अभिनय सीखना शुरू किया तो वह भी अक्सर हम लोगों को अभिनय सिखाने आते रहते थे।’
माता-पिता का भरोसा यहां तक लेकर आया
एक परंपरावादी मुस्लिम परिवार में जन्म लेने के बावजूद शिरीन को अभिनय के क्षेत्र में आने के लिए ज्यादा मुश्किलों का सामना नहीं करना पड़ा। शिरीन बताती हैं, ’जयपुर जैसे शहरों के मुस्लिम परिवारों में अब भी लड़कियों को बाहर भेजना अच्छा नहीं माना जाता है। लोग लड़कियों को बढ़ावा नहीं देते हैं, लेकिन इस मामले में मेरे माता-पिता ने मेरा बहुत सपोर्ट किया। जब मैं पहली बार मुंबई आ रही थी तो उन्होंने एक ही बात बोली कि बेटा एक बात का ध्यान रखना मेरी नाक न कटने पाए। मुंबई आने के बाद मैंने हमेशा उनकी इस बात का ध्यान रखा। पहली बार मेरे पापा खुद मुझे मुंबई लेकर आए थे।’
तीन दिन गुजार दिए पानी पूरी पर
मुंबई में अपने संघर्ष के दिनों को याद करते हुए शिरीन कहती है, ‘शुरुआत में मैं पैसे घर से ही मंगाती थी। कभी कभी पैसे नहीं भी होते थे। एक बार कुछ ऐसा हुआ कि मेरे पास खाने के लिए पैसे नहीं बचे तो तीन दिन पानी पूरी खा कर गुजार दिया। उन दिनों मैं अंधेरी की म्हाडा कॉलोनी में रहती थी। वहां पर मैं किशोर नमित कपूर के यहां एक्टिंग की ट्रेनिंग ले रही थी। मेरे ग्रुप में उस समय विक्की कौशल भी थे। मेरी तरह वह भी लंबे हैं तो ट्रेनिंग के दौरान मेरे सारे सीन उन्हीं के साथ ही होते थे।’
दो साल में वापस चली गई जयपुर
साल 2010 में शिरीन जयपुर से मुंबई आई इस दौरान उन्होंने प्रशांत नारायण के साथ फिल्म ‘वर्तमान’, राजपाल यादव के साथ 'लव ट्रेनिंग' और 'मैं नहीं अन्ना' जैसी फिल्मों में काम किया। लेकिन फिल्मों में वह जिस तरह की भूमिकाएं करना चाह रही थी वैसी भूमिकाएं नहीं मिली तो वह वापस राजस्थान चली गई। शिरीन कहती है, ‘जिस तरह से थिएटर में मैंने काम किया और जो सीखा था, वैसा काम नहीं मिला तो निराश होकर वापस चली गई और यह सोच लिया था कि फिर कभी वापस मुंबई नहीं आउंगी।'