फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

मिसाल: टेलीकॉम इंजीनियर की नौकरी छोड़ अपनाई मशरूम की खेती, मुनाफे के साथ लोगों को दे रहे रोजगार

Mon, 17 Jan 2022 02:01 AM IST
भूपेंद्र सिंह मुकेश शर्मा, संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर (हरियाणा)
मुकेश शर्मा, संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर (हरियाणा) Published by: भूपेंद्र सिंह Updated Mon, 17 Jan 2022 02:01 AM IST
विज्ञापन
Sunil Khatri of Jhajjar quit the job of Telecom Engineer and adopted Mushroom farming
सुनील खत्री ने एसी में उगाया मशरूम। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

हरियाणा के झज्जर में टेलीकॉम कंपनी में इंजीनियर की नौकरी करने वाले कुलासी गांव निवासी सुनील खत्री ने नौकरी छोड़ कर मशरूम की खेती अपनाते हुए आर्थिक स्थिति ही मजबूत नहीं की बल्कि और लोगों को भी आमदनी बढ़ाने के रास्ता दिखा रहे हैं। गांव व आसपास क्षेत्र के करीब 20 लोगों को रोजगार भी दे रहे हैं। मशरूम को तैयार करने से मार्केट तक पहुंचाने वाले को रोजगार के अवसर भी प्रदान कर रहे है। क्षेत्र के जागरूक किसान कोई ना कोई नया उत्पादन कर अलग मिसाल कायम कर रहे हैं। सौलधा गांव में अपने मामा के खेत पर सुनील खत्री ने करीब 40 फुट लंबे 16 फुट चौड़े चार कमरों का मशरूम का एसी प्लांट लगाकर खेती कर रहे हैं। वह इस समय अन्य तरीकों से तैयार की जाने वाली मशरूम से बेहतर क्वालिटी पैदावार कर रहा है और सामान्य मशरूम से उनका मशरूम महंगा भी बिकता है।

Sunil Khatri of Jhajjar quit the job of Telecom Engineer and adopted Mushroom farming
एसी में उगाया मशरूम। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
बागवानी विभाग के सहयोग से मशरूम का प्लांट लगाकर खेती कर रहे है और जिले का यह पहला मशरूम का एसी प्लांट है। इस प्लांट में मशरूम उत्पादन के लिए अलग-अलग स्टेज पर मशरूम के बैग रखकर उनमें खाद आदि डालकर मशरूम की खेती की जा रही है। जिसका उत्पादन होने के बाद उसे पैक दिल्ली के बाजार में बेचा जा रहा है। उनका कहना है कि उनका मशरूम 120 रुपये प्रति किलोग्राम से 170 रुपये प्रति किलोग्राम तक बिकता है।
Sunil Khatri of Jhajjar quit the job of Telecom Engineer and adopted Mushroom farming
प्लांट में उगा 214 ग्राम का मशरूम। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
20 लोगों को दे रहा रोजगार 
उनका कहना है कि उनके प्लांट में करीब 20 लोगों को रोजगार भी दिया गया है और उनकी खेती को देखते हुए कुछ लोगों ने छोटे स्तर पर भी मशरूम का उत्पादन शुरू करने का प्रयास शुरू कर दिए हैं। अब उनका लक्ष्य अन्य लोगों को मशरूम के लिए प्रोत्साहित करना है और उनके फार्म हाउस पर लोगों को मशरूम के उत्पादन के लिए ट्रेनिंग भी दी जाएगी। एसबीआई बहादुरगढ़ के चीफ मैनेजर अभिषेक व जिला बागवानी विभाग के उपनिदेशक रामस्वरूप पूनिया के सहयोग से 20 लाख रुपये का ऋण लेकर प्लांट लगाया है। जिस पर सरकार की तरफ से 40 फीसदी सब्सिडी भी दी जा रही है। पिछले साल ही प्लांट तैयार कर खेती शुरू की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Sunil Khatri of Jhajjar quit the job of Telecom Engineer and adopted Mushroom farming
सुनील खत्री ने एसी में उगाया मशरूम। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पांच फसल चक्र में होती है खेती
सुनील खत्री का कहना है कि वह करीब 19 साल तक उत्तर प्रदेश में टेलिकॉम कंपनी में नौकरी करने के बाद पिछले साल अप्रैल में मशरूम की खेती करने लगा है। अब तक वह करीब 12 टन मशरूम पैदा कर चुका है और एक साल में पांच फसल चक्र के माध्यम से 58 टन मशरूम उत्पादन का लक्ष्य है।
विज्ञापन
Sunil Khatri of Jhajjar quit the job of Telecom Engineer and adopted Mushroom farming
सुनील खत्री ने एसी में उगाया मशरूम। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
उनका कहना है कि वह फिलहाल मुरथल ट्रेनिंग सेंटर से बीज व खाद लेकर आते हैं। जल्द ही वह खाद का भी अपना प्लांट लगा लेेंगे। उसके बाद इस प्लांट में करीब 30 लोगों को रोजगार मिलेगा वहीं उनकी आमदनी भी बढ़ेगी। यहां पर लोगों के लिए प्रशिक्षण केंद्र भी स्थापित किया जाएगा।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed