हाल ही में बॉलीवुड अभिनेता ऋतिक रोशन ने ट्वीट के जरिए जानकारी दी कि उनके पिता राकेश रोशन को गले का कैंसर हो गया है और इसकी सर्जरी करवाई जा रही है।यह खबर सुनते ही फैंस ने निर्देशक राकेश रोशन की सलामती के लिए काफी संख्या में ट्वीट करने शुरू कर दिए। राकेश रोशन बॉलीवुड के जाने-माने निर्देेशक, अभिनेता और कंपोजर हैं।आपको बता दें कि गले के कैंसर को मेडिकल दुनिया में काफी असमान्य माना जाता है।इस गंभीर बीमारी से बचाव के लिए आपको बताते हैं क्या होते हैं गले के कैंसर के लक्षण, इसके प्रकार और क्या है इससे बचाव का तरीका।
ऋतिक रोशन के पिता राकेश रोशन को हुआ गले का कैंसर, जानें क्या है इस बीमारी के लक्षण
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गले का कैंसर क्या है
गले का कैंसर वॉइस बॉक्स, वोकल कॉर्ड्स और गले के अन्य भागों जैसे टॉन्सिल और ऑरोफरीनक्स के कैंसर को बढ़ावा देता है।गले के कैंसर को अक्सर दो श्रेणियों में बांटा जाता है: ग्रसनी का कैंसर और स्वरयंत्र का कैंसर। कैंसर के दौरान असामान्य कोशिकाएं शरीर में कई गुना बढ़कर अनियंत्रित रूप से विभाजित हो जाती हैं। ये असामान्य कोशिकाएं बढ़ते ही ट्यूमर का निर्माण करती हैं।
गले में कैंसर के प्रकार
स्क्वैमस सेल कार्सिनोमा
एडनोकार्सिनोमा
ग्रसनी का कैंसर
स्वरयंत्र का कैंसर
शुरुआती चरण में गले के कैंसर का पता लगाना मुश्किल हो सकता है। कुछ सामान्य लक्षण गले के कैंसर के लक्षणों जैसे ही होते हैं जैसे आवाज में बदलाव आना, वजन घटना, गले में खराश रहना, कुछ भी निगलने में परेशानी (डिस्फेजिया), लगातार खांसी आना, गर्दन में सूजन, घरघराहट होना, कान का दर्द होना और गला बैठना।
महिलाओं की तुलना में पुरुषों में गले का कैंसर होने की संभावना अधिक होती है।जीवनशैली की कुछ आदतें गले के कैंसर की संभावना को बढ़ा देती हैं जैसे धूम्रपान करना, अत्यधिक शराब का सेवन, खराब पोषण, दांतों की अच्छे से सफाई न करना, आनुवांशिक सिंड्रोम के चलते गले में कैंसर होने की संभावना बनी रहती है।