दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर संबंध बनाने वाले कथित भाजपा नेता और उनकी महिला साथी के वायरल वीडियो को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। 13 मई को एक्सप्रेसवे पर दोनों का अश्लील वीडियो सीसीटीवी में कैद होने के बाद एनएचएआई (National Highways Authority of India) के कर्मचारियों ने धाकड़ को वीडियो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल किया था। इस वीडियो के बदले उनके रुपये मांगे गए थे। लेकिन, बात नहीं बनने पर 22 मई को पहले स्क्रीन शॉट फिर वीडियो वायरल कर दिया गया।
MP: नेता ने सड़क पर संबंध बनाए, NHAI कर्मचारी पहुंचे, फिर चला लेन-देन का खेल; वायरल अश्लील वीडियो की असल कहानी
MP Leader Viral Video Controversy: सड़क पर संबंध बनाने वाले कथित भाजपा नेता और उनकी महिला साथी का वीडियो एनएचएआई के कर्मचारियों ने वायरल किया था। इससे पहले आठ दिन तक कर्मचारी आरोपी धाकड़ से रुपये मांगते रहे, लेकिन उनके बीच सौदा नहीं बन सका। पांच सवालों में जानिए इस पूरे खेल की काहनी।
कैसे शुरू हुई ब्लैकमेलिंग?
इस पूरे घटनाक्रम की शुरुआत 13 मई की रात को हुई। मंदसौर जिला पंचायत के वार्ड क्रमांक 8 से निर्वाचित भाजपा समर्थित सदस्य के पति और कथित भाजपा नेता मनोहरलाल धाकड़ अपनी महिला मित्र के साथ कार क्रमांक (MP-14-CC-4782) से जा रहे थे। इस दौरान भानपुरा के नीमथुर वाले पॉइंट पर धाकड़ ने अपनी कार रोक ली। कार के रुकते ही धाकड़ और उनकी निर्वस्त्र महिला साथी बाहर निकली और उन्होंने सड़क पर ही संबंध बनाना शुरू कर दिए। दोनों करीब आठ मिनट तक आपत्तिजनक स्थिति में रहे। यह सब वहां लगे सीसीटीवी में कैद हो गया। यहीं से ब्लैकमेलिंग की शुरुआत हुई।
ये भी पढ़ें: सड़क पर संबंध बनाने वाले नेता और उनकी महिला साथी फरार, भाजपा-समाज ने छोड़ा साथ; कैसे वायरल हुआ वीडियो
कर्मचारियों ने कितने रुपये मांगे?
जानकारी के अनुसार, आरोपी धाकड़ और उनकी महिला साथी के जाने से पहले एनएचएआई के 10 से 15 कर्मचारी वहां पहुंच गए। उन्होंने दोनों से कहा- तुम्हारी करतूत रोड पर लगे कैमरों में रिकॉर्ड हो गई है। इसके कुछ अंश दिखाकर एनएचएआई कर्मचारियों ने वीडियो वायरल न करने के लिए रुपए मांगे। लेकिन, उस समय सौदा तय नहीं हो सका, इसके बाद भी धाकड़ की कर्मचारियों से आठ दिन तक बात होती रही। बताया जा रहा है कि कर्मचारी आरोपी धाकड़ से 10 लाख रुपये की मांग कर रहे थे।
ये भी पढ़ें: ये मुस्लिम मोहल्ला! तिलक लगाकर आया तो उड़ा दूंगा', धमकी देकर आसिम ने नेता को जड़ा तमाचा; क्या है मामला?
कहां बात बिगड़ गई?
बताया जा रहा है कि आरोपी मनोहरलाल धाकड़ कर्मचारियों को रुपये देने के लिए तैयार थे। लेकिन, वे उनसे वीडियो डिलीट करने की बात कह रहे थे। वहीं, कर्मचारी वीडियो वायरल नहीं करने की बात पर अड़े थे। इस कारण कर्मचारियों और आरोपी धाकड़ के बीच आठ दिन तक सहमति नहीं बन पाई। नौवें दिन कर्मचारियों ने पहले स्क्रीन शॉट और फिर कुछ घंटे बाद वीडियो वायरल कर दिया। पुलिस को यह जानकारी धाकड़ के परिवारिक सदस्य ने दी है।
ये भी पढ़ें: प्यार, रेप और ब्लैकमेलिंग, नागदा कांड का एक आरोपी केदारनाथ भागा, ये नहीं होता तो लंबा चलता दरिंदगी का खेल
एनएचएआई का एक्शन और पुलिस की कार्रवाई?
सीसीटीवी कैमरे में कैद वीडियो वायरल करने में संलिप्तता पाए जाने पर एनएचएआई ने अपने तीन कर्मचारियों को हटा दिया है। वहीं, मंदसौर पुलिस अधीक्षक अभिषेक आनंद ने बताया कि एनएचएआई के कंट्रोल रूम से वीडियो के संबंध में जानकारी है। साथ ही 13 मई को दिन और रात में ड्यूटी पर रहने वाले कर्मचारियों की सूची भी मांगी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
ये भी पढ़ें: उज्जैन पुलिस की पूछताछ में क्या बोली ज्योति? तीन दिन तक हुए सवाल, इसलिए संदेह में यात्रा

कमेंट
कमेंट X