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Fake Calls: इस सर्विस के शुरू होते ही फर्जी कॉल्स से मिलेगी निजात, DoT और TRAI की बड़ी पहल, जानें पूरी डिटेल
Sun, 07 Sep 2025 11:51 AM IST
नीतीश कुमार
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: नीतीश कुमार
Updated Sun, 07 Sep 2025 11:51 AM IST
सार
मोबाइल यूजर्स को रोजाना आने वाले फर्जी कॉल्स और स्कैम से राहत देने के लिए DoT और TRAI कॉलर नेम प्रेजेंटेशन (CNAP) सर्विस लागू करने की तैयारी में हैं। इस सर्विस से हर कॉल पर कॉलर का नाम दिखेगा, जिससे धोखाधड़ी रोकी जा सकेगी।
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FAKE CALL
- फोटो : PIB
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मोबाइल फोन पर फर्जी कॉल्स और स्कैमिंग की बढ़ती समस्या से निपटने के लिए दूरसंचार विभाग (DoT) और TRAI अब कॉलर नेम प्रजेंटेशन (CNAP) सर्विस लागू करने की दिशा में तेजी से काम कर रहे हैं। यह सर्विस लागू होते ही हर इनकमिंग कॉल पर कॉलर का नाम डिस्प्ले होगा, जिससे धोखाधड़ी और फाइनेंशियल फ्रॉड के मामलों पर लगाम लगाई जा सकेगी।
spam call
- फोटो : अमर उजाला
क्या है CNAP सर्विस?
CNAP यानी कॉलर नेम प्रेजेंटेशन, एक ऐसी सुविधा है जिसमें आने वाले कॉल पर कॉलर का वही नाम दिखाई देगा, जो उस सिम कार्ड की रजिस्टर्ड आईडी पर दर्ज है। यह सर्विस ट्रू-कॉलर जैसे एप्स से अलग होगी क्योंकि इसमें असली नाम ही दिखेगा। हालांकि, इसके साथ प्राइवेसी और तकनीकी चुनौतियों के मुद्दे भी सामने आ रहे हैं।
CNAP यानी कॉलर नेम प्रेजेंटेशन, एक ऐसी सुविधा है जिसमें आने वाले कॉल पर कॉलर का वही नाम दिखाई देगा, जो उस सिम कार्ड की रजिस्टर्ड आईडी पर दर्ज है। यह सर्विस ट्रू-कॉलर जैसे एप्स से अलग होगी क्योंकि इसमें असली नाम ही दिखेगा। हालांकि, इसके साथ प्राइवेसी और तकनीकी चुनौतियों के मुद्दे भी सामने आ रहे हैं।
सिम कार्ड
- फोटो : AdobeStock
ट्रायल शुरू, लेकिन कंफ्यूजन बरकरार
रिपोर्ट्स के मुताबिक, Airtel, Jio, Vi और BSNL जैसी बड़ी टेलीकॉम कंपनियां CNAP सर्विस का इंटर और इंट्रा-सर्किल में ट्रायल शुरू कर चुकी हैं। टेस्टिंग में कॉल रिसीव करने वाले यूजर को कॉलर का नाम स्क्रीन पर दिख रहा है। इसके बावजूद ऑपरेटर्स का मानना है कि बिजनेस और फैमिली कनेक्शन में नाम डिस्प्ले करने को लेकर अब भी स्पष्ट दिशा-निर्देश की जरूरत है।
ऑपरेटर्स का कहना है कि बिजनेस कनेक्शन में सैकड़ों सिम कार्ड कंपनी के नाम पर खरीदे जाते हैं। ऐसे में कॉल करने पर क्या कंपनी का नाम दिखेगा या किसी कर्मचारी का? इसी तरह फैमिली पोस्टपेड प्लान्स में एक आईडी पर कई सिम जारी होते हैं, तो ऐसे मामलों में किसका नाम डिस्प्ले होगा, यह अब भी तय नहीं है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, Airtel, Jio, Vi और BSNL जैसी बड़ी टेलीकॉम कंपनियां CNAP सर्विस का इंटर और इंट्रा-सर्किल में ट्रायल शुरू कर चुकी हैं। टेस्टिंग में कॉल रिसीव करने वाले यूजर को कॉलर का नाम स्क्रीन पर दिख रहा है। इसके बावजूद ऑपरेटर्स का मानना है कि बिजनेस और फैमिली कनेक्शन में नाम डिस्प्ले करने को लेकर अब भी स्पष्ट दिशा-निर्देश की जरूरत है।
ऑपरेटर्स का कहना है कि बिजनेस कनेक्शन में सैकड़ों सिम कार्ड कंपनी के नाम पर खरीदे जाते हैं। ऐसे में कॉल करने पर क्या कंपनी का नाम दिखेगा या किसी कर्मचारी का? इसी तरह फैमिली पोस्टपेड प्लान्स में एक आईडी पर कई सिम जारी होते हैं, तो ऐसे मामलों में किसका नाम डिस्प्ले होगा, यह अब भी तय नहीं है।
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BSNL 4जी दिल्ली में लॉन्च (सांकेतिक तस्वीर)
- फोटो : AI
TRAI की सिफारिशें
TRAI का कहना है कि कॉलर का नाम कंज्यूमर एप्लिकेशन फॉर्म (CAF) के आधार पर डिस्प्ले किया जाएगा। इससे यूजर्स को तुरंत पहचानने में मदद मिलेगी कि कॉल असली है या स्कैम। खासतौर पर इंटरनेट बेस्ड VoIP कॉल्स को ट्रैक करने और स्कैमिंग रोकने में यह सर्विस गेमचेंजर साबित हो सकती है।
DoT इस सर्विस को सभी नेटवर्क्स पर लागू करना चाहता है, लेकिन 2G नेटवर्क पर इसे इंप्लिमेंट करना फिलहाल सबसे बड़ी चुनौती है। इसके समाधान के बाद ही CNAP को पूरे देश में लागू किया जा सकेगा।
TRAI का कहना है कि कॉलर का नाम कंज्यूमर एप्लिकेशन फॉर्म (CAF) के आधार पर डिस्प्ले किया जाएगा। इससे यूजर्स को तुरंत पहचानने में मदद मिलेगी कि कॉल असली है या स्कैम। खासतौर पर इंटरनेट बेस्ड VoIP कॉल्स को ट्रैक करने और स्कैमिंग रोकने में यह सर्विस गेमचेंजर साबित हो सकती है।
DoT इस सर्विस को सभी नेटवर्क्स पर लागू करना चाहता है, लेकिन 2G नेटवर्क पर इसे इंप्लिमेंट करना फिलहाल सबसे बड़ी चुनौती है। इसके समाधान के बाद ही CNAP को पूरे देश में लागू किया जा सकेगा।
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असेसमेंट के बाद शुरू होगी CNAP सर्विस
- फोटो : AI
सरकार का रुख
केंद्रीय संचार राज्यमंत्री पेम्मासानी चंद्र शेखर ने संसद में बताया कि टेलीकॉम कंपनियों द्वारा किए गए ट्रायल और असेसमेंट के बाद CNAP सर्विस को लागू करने पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। DoT ने टेलीकॉम ऑपरेटर्स से इसे जल्द से जल्द शुरू करने के लिए तैयारी तेज करने को कहा है।
केंद्रीय संचार राज्यमंत्री पेम्मासानी चंद्र शेखर ने संसद में बताया कि टेलीकॉम कंपनियों द्वारा किए गए ट्रायल और असेसमेंट के बाद CNAP सर्विस को लागू करने पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। DoT ने टेलीकॉम ऑपरेटर्स से इसे जल्द से जल्द शुरू करने के लिए तैयारी तेज करने को कहा है।