राजस्थान बना सिंथेटिक ड्रग्स के खिलाफ सबसे बड़ा रणक्षेत्र, 700 करोड़ की MD ड्रग पकड़कर पुलिस ने तोड़ा नेटवर्क
राजस्थान में एएनटीएफ की कार्रवाई में 700 करोड़ की एमडी ड्रग जब्त हुई। पुलिस ने 333 मामले दर्ज कर 491 तस्करों को गिरफ्तार किया। 30 से ज्यादा ड्रग फैक्ट्री पकड़ी गईं, जबकि अवैध अफीम खेती और सिंथेटिक ड्रग नेटवर्क पर भी बड़ा खुलासा हुआ।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
राजस्थान में तेजी से फैल रहे सिंथेटिक ड्रग्स नेटवर्क के खिलाफ पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई का दावा किया है। जयपुर से संचालित एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) ने कुछ ही महीनों में करीब 700 करोड़ रुपए की एमडी ड्रग जब्त कर नशे के कारोबार की जड़ों तक पहुंचने का अभियान तेज कर दिया है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार राजस्थान अब सिर्फ ट्रांजिट रूट नहीं, बल्कि सिंथेटिक ड्रग्स मैन्युफैक्चरिंग और सप्लाई का बड़ा हब बनता जा रहा था। खासतौर पर पश्चिमी राजस्थान में एमडी ड्रग्स की अवैध फैक्ट्रियां संचालित हो रही थीं, जहां से पड़ोसी राज्यों तक सप्लाई की जा रही थी।
इस साल अब तक ड्रग तस्करों के खिलाफ 333 केस दर्ज किए गए हैं और 491 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। कार्रवाई के दौरान 185 किलो एमडी ड्रग, 248 किलो अफीम, 13 हजार किलो से ज्यादा डोडा चूरा, 301 किलो गांजा और 36 हजार से अधिक अवैध टैबलेट्स बरामद की गई हैं।
सबसे चौंकाने वाला खुलासा अवैध अफीम खेती को लेकर हुआ। पुलिस ने 170 एकड़ जमीन पर चल रही मादक पदार्थों की खेती पकड़ी, जहां करीब साढ़े 7 लाख अफीम के पौधे मिले। इनसे 519 किलो अफीम फल और 202 किलो डोडा चूरा बरामद हुआ, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 484 करोड़ रुपए बताई गई है।
आईजी विकास कुमार के मुताबिक, ANTF का हर ऑपरेशन गुप्त कोड नेम के तहत चलाया जाता है ताकि कार्रवाई पूरी तरह सीक्रेट रहे। “डेल्टा”, “विक्टर”, “रुद्र” और “सैमसन” जैसी विशेष टीमें अलग-अलग नेटवर्क पर काम कर रही हैं। वहीं “ऑपरेशन विषवाहिनी” के तहत हाल ही में हैदराबाद से टैंकर में छिपाकर लाया जा रहा केमिकल पकड़ा गया, जिससे करीब 18 करोड़ रुपए की एमडी ड्रग तैयार हो सकती थी।
पुलिस का कहना है कि एमडी ड्रग्स का सबसे ज्यादा असर युवा वर्ग पर देखा जा रहा है। कम लागत और ज्यादा मुनाफे के कारण राजस्थान में सिंथेटिक ड्रग्स फैक्ट्रियां तेजी से बढ़ रही थीं। पिछले छह महीनों में ही 20 से ज्यादा फैक्ट्रियों का भंडाफोड़ किया गया है।
विकास कुमार का कहना है कि राजस्थान पुलिस अब सिर्फ छोटे तस्करों नहीं, बल्कि पूरे इंटरस्टेट नेटवर्क और बड़े सरगनाओं तक पहुंचने की रणनीति पर काम कर रही है। पुलिस ने अब तक 550 बड़े तस्करों और 60 इनामी अपराधियों को विभिन्न राज्यों से गिरफ्तार किया है।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.