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Auraiya News: फर्जी विरासत दर्ज कराने में लेखपाल निलंबित
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
Updated Fri, 06 Mar 2026 10:39 PM IST
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बिधूना (औरैया)। तहसील बिधूना में फर्जी तरीके से विरासत दर्ज कर जमीन बेचने का मामला सामने आया है। शिकायत के बाद हुई जांच में लापरवाही पाए जाने पर क्षेत्रीय लेखपाल सुरजीत को निलंबित कर दिया गया है।
ग्राम पंचायत धरमंगदपुर के पूर्व प्रधान संजय सिंह सेंगर ने जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी को शिकायती पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके पिता स्वर्गीय धीरेंद्र सिंह के नाम खाता संख्या 225 की गाटा संख्या 909, रकबा 0.348 हेक्टेयर भूमि मौजा कैथावा में राजस्व अभिलेखों में दर्ज थी। पिता के निधन के बाद उनके, उनके भाई और उनकी मां के नाम विरासत दर्ज नहीं हो सकी थी।
आरोप है कि इसी का लाभ उठाते हुए कैथावा निवासी धीरेंद्र सिंह नाम के व्यक्ति की बेटी सुमन हाल पता सुल्तानपुरी (दिल्ली) ने फर्जी तरीके से स्वयं को उनके पिता धीरेंद्र सिंह की पुत्री बताकर कथित रूप से लेखपाल से मिलीभगत कर फर्जी तरीके से विरासत दर्ज करा ली। शिकायत में यह भी कहा गया कि विरासत दर्ज होने के अगले ही दिन भूमि को कैथावा के ही एक व्यक्ति के नाम बैनामा कर दिया गया।
पीड़ित संजय सिंह ने इसे सुनियोजित षड्यंत्र बताते हुए संबंधित लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग की थी। जिलाधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए थे और जांच की जिम्मेदारी एसडीएम बिधूना गरिमा सोनकिया को सौंपी गई थी।
जांच के दौरान लापरवाही और गलत तरीके से विरासत दर्ज करने लापरवाही का मामला सामने आने पर एसडीएम गरिमा सोनकिया ने शुक्रवार को कैथावा क्षेत्र के लेखपाल सुरजीत को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। एसडीएम कहना है कि मामले की आगे भी जांच की जा रही है और मामले के दोषियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाएगी।
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ग्राम पंचायत धरमंगदपुर के पूर्व प्रधान संजय सिंह सेंगर ने जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी को शिकायती पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके पिता स्वर्गीय धीरेंद्र सिंह के नाम खाता संख्या 225 की गाटा संख्या 909, रकबा 0.348 हेक्टेयर भूमि मौजा कैथावा में राजस्व अभिलेखों में दर्ज थी। पिता के निधन के बाद उनके, उनके भाई और उनकी मां के नाम विरासत दर्ज नहीं हो सकी थी।
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आरोप है कि इसी का लाभ उठाते हुए कैथावा निवासी धीरेंद्र सिंह नाम के व्यक्ति की बेटी सुमन हाल पता सुल्तानपुरी (दिल्ली) ने फर्जी तरीके से स्वयं को उनके पिता धीरेंद्र सिंह की पुत्री बताकर कथित रूप से लेखपाल से मिलीभगत कर फर्जी तरीके से विरासत दर्ज करा ली। शिकायत में यह भी कहा गया कि विरासत दर्ज होने के अगले ही दिन भूमि को कैथावा के ही एक व्यक्ति के नाम बैनामा कर दिया गया।
पीड़ित संजय सिंह ने इसे सुनियोजित षड्यंत्र बताते हुए संबंधित लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग की थी। जिलाधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए थे और जांच की जिम्मेदारी एसडीएम बिधूना गरिमा सोनकिया को सौंपी गई थी।
जांच के दौरान लापरवाही और गलत तरीके से विरासत दर्ज करने लापरवाही का मामला सामने आने पर एसडीएम गरिमा सोनकिया ने शुक्रवार को कैथावा क्षेत्र के लेखपाल सुरजीत को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। एसडीएम कहना है कि मामले की आगे भी जांच की जा रही है और मामले के दोषियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाएगी।
