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Ballia News: प्रसूता की मौत के मामले में डॉक्टर सहित सात पर प्राथमिकी

Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 25 Feb 2026 12:34 AM IST
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FIR against seven people including a doctor in the case of death of a pregnant woman
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बैरिया। मानक विहीन निजी अस्पताल में गर्भवती ममता देवी की मौत के मामले में पुलिस ने अस्पताल संचालक सहित सात पर प्राथमिकी दर्ज की है। घटना के बाद कस्बा में अवैध रूप से संचालित निजी नर्सिंग होम व क्लीनिक वाले ताला बंद कर अंदर ग्राउंड हो गए है।
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मां चंद्रावती देवी की तहरीर पर पुलिस ने ओम साई अस्पताल डॉक्टर अमर पासवान, डाॅ. सुमन देवी, डॉक्टर मुलायम यादव, डॉक्टर अरविंद सिंह, संचालक दिनेश यादव, चंद्रशेखर यादव, अखिलेश यादव सहित सात नामजद व कुछ अज्ञात लोगों पर गैर इरादतन हत्या सहित कई धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर खोजबीन में जुट गई है। स्वास्थ्य विभाग निजी अस्पताल में गर्भवती ममता को प्रसव के लिए ले जानी वाली आशा कार्यकर्ता पर विभाग कार्रवाई की तैयारी कर रही है।
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थाना प्रभारी आरपी सिंह ने बताया कि ममता की मां चंद्रावती देवी निवासिनी सोनबरसा ने तहरीर में आरोप लगाया कि बेटी ममता को पहला प्रसव पीड़ा होने पर सीएचसी ले जाने की तैयारी कर रही थीं। आशा कार्यकर्ता बेहतर इलाज का आश्वासन देकर शकील कटरा स्थित संचालित ओम साई हॉस्पिटल के डॉक्टर अमर पासवान व डॉक्टर सुमन देवी के यहां ले गई। उन्होंने नार्मल प्रसव की बात कह भर्ती कर लिया।
कुछ घंटे बाद जांच रिपोर्ट देखने के बाद हालत गंभीर बता ऑपरेशन करने की बात कह बेटी का तीन चिकित्सकों ने ऑपरेशन किया। गलत ऑपरेशन के दौरान कोई नस काटने के कारण ज्यादा ब्लीडिंग होने के कारण मेरी बेटी की मौत हो गई। उक्त अस्पताल में ना तो ब्लड की व्यवस्था थी न ऑक्सीजन की व्यवस्था थी। उक्त अवैध हॉस्पिटल का संचालन दिनेश यादव, चंद्रशेखर यादव, अखिलेश यादव के सहयोग संरक्षण में हो रहा था। थाना प्रभारी ने कहा कि तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।
प्रभारी मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. विजय यादव ने कहा कि ओम साई अस्पताल नाम से किसी का रजिस्ट्रेशन नहीं है। स्वास्थ्य विभाग का प्रयास होगा कि दोषियों को सख्त से सख्त सजा मिले। आशा कार्यकर्ता की जांच की जा रही है, दोषी मिलने पर कार्रवाई तय है।

बैरिया के उप जिलाधिकारी आलोक प्रताप सिंह ने कहा कि प्रसूता की मौत के बाद निजी अस्पताल को सील कर दिया गया है। पुलिस की तैनाती कर दी गई है। क्षेत्र में संचालित मानक विहीन निजी अस्पताल व क्लीनिक के खिलाफ जल्द ही कार्रवाई की जाएगी। मुख्य चिकित्साधिकारी को मैंने पत्र भेजा है। जैसे ही विशेषज्ञों के टीम उपलब्ध कराएंगे।
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