{"_id":"697ba8d1306b07895a06237c","slug":"ayushman-card-now-chos-will-make-25-cards-daily-bhadohi-news-c-191-1-gyn1001-138293-2026-01-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"आयुष्मान कार्ड : अब प्रतिदिन सीएचओ बनाएंगे 25-25 कार्ड","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आयुष्मान कार्ड : अब प्रतिदिन सीएचओ बनाएंगे 25-25 कार्ड
विज्ञापन
विज्ञापन
ज्ञानपुर। अब जिले में सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) प्रतिदिन वरिष्ठ नागरिकों का 25-25 आयुष्मान कार्ड बनाएंगे। काम की प्रगति ठीक नहीं होने पर स्वास्थ्य विभाग ने नई पहल की है। इसमें लापरवाही बरतने पर कार्रवाई की जाएगी।
जिले में 110 सीएचओ तैनात हैं। 70 साल से अधिक 30 हजार 489 वरिष्ठ नागरिकों (बुजुर्गों) की संख्या है। इसके सापेक्ष अब तक 15978 आयुष्मान कार्ड बने हैं। आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को निजी अस्पतालों में पांच लाख तक निशुल्क उपचार की सुविधा के लिए सरकार ने आयुष्मान कार्ड की सुविधा दी है। आठ महीने पहले 70 साल से अधिक उम्र के वरिष्ठ नागरिकों का आयुष्मान कार्ड बनाने का निर्देश शासन ने दिया है।
इसके लिए जिले को 30 हजार 489 का लक्ष्य मिला, लेकिन विभागीय उदासीनता से आंकड़ा 50 फीसदी तक ही पहुंच सका। पूर्व में मन मुताबिक ड्यूटी करने वाले सीएचओ पर विभाग की सख्ती बढ़ गई है। अभी तक इनके द्वारा आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए निरंतर ढिलाई बरती जा रही थी।
कभी एक कार्ड, तो कभी दो कार्ड बनाते थे। जो लाभार्थी केंद्र पर आ जाए, उन्हीं के कार्ड बनाने में रूचि रखी जाती थी। अब ऐसा नहीं होगा, रोजाना सीएचओ को 25-25 आयुष्मान कार्ड अनिवार्य रूप से बनाना होगा। यदि लाभार्थी को केंद्र तक लाने में आशाकर्मी उदासीनता बरतती हैं तो उनपर भी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
सीएचओ कितने कार्ड एक दिन में बना रहे हैं, रोजाना इसकी मॉनिटरिंग की जाएगी। यह निर्देश बीते दिनों स्वास्थ्य समिति की बैठक में दी गई। जिले में करीब 30489 बुजुर्ग ऐसे हैं, जिनकी उम्र 70 साल से अधिक है। 15978 लोगों का कार्ड बना है। सीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि कार्ड बनवाने में आधार लिंक की सबसे बड़ी दिक्कते सामने आ रही है। लाभार्थी के आधार कार्ड से दूसरा नंबर लिंक है। जो नंबर लाभार्थी लेकर आते हैं, उस पर ओटीपी आती नहीं है। बिना ओपीटी के कार्ड नहीं बनता है। इससे बड़ी दिक्कते होती है।
Trending Videos
जिले में 110 सीएचओ तैनात हैं। 70 साल से अधिक 30 हजार 489 वरिष्ठ नागरिकों (बुजुर्गों) की संख्या है। इसके सापेक्ष अब तक 15978 आयुष्मान कार्ड बने हैं। आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को निजी अस्पतालों में पांच लाख तक निशुल्क उपचार की सुविधा के लिए सरकार ने आयुष्मान कार्ड की सुविधा दी है। आठ महीने पहले 70 साल से अधिक उम्र के वरिष्ठ नागरिकों का आयुष्मान कार्ड बनाने का निर्देश शासन ने दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसके लिए जिले को 30 हजार 489 का लक्ष्य मिला, लेकिन विभागीय उदासीनता से आंकड़ा 50 फीसदी तक ही पहुंच सका। पूर्व में मन मुताबिक ड्यूटी करने वाले सीएचओ पर विभाग की सख्ती बढ़ गई है। अभी तक इनके द्वारा आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए निरंतर ढिलाई बरती जा रही थी।
कभी एक कार्ड, तो कभी दो कार्ड बनाते थे। जो लाभार्थी केंद्र पर आ जाए, उन्हीं के कार्ड बनाने में रूचि रखी जाती थी। अब ऐसा नहीं होगा, रोजाना सीएचओ को 25-25 आयुष्मान कार्ड अनिवार्य रूप से बनाना होगा। यदि लाभार्थी को केंद्र तक लाने में आशाकर्मी उदासीनता बरतती हैं तो उनपर भी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
सीएचओ कितने कार्ड एक दिन में बना रहे हैं, रोजाना इसकी मॉनिटरिंग की जाएगी। यह निर्देश बीते दिनों स्वास्थ्य समिति की बैठक में दी गई। जिले में करीब 30489 बुजुर्ग ऐसे हैं, जिनकी उम्र 70 साल से अधिक है। 15978 लोगों का कार्ड बना है। सीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि कार्ड बनवाने में आधार लिंक की सबसे बड़ी दिक्कते सामने आ रही है। लाभार्थी के आधार कार्ड से दूसरा नंबर लिंक है। जो नंबर लाभार्थी लेकर आते हैं, उस पर ओटीपी आती नहीं है। बिना ओपीटी के कार्ड नहीं बनता है। इससे बड़ी दिक्कते होती है।
