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Deoria News: गढ़रामपुर-तरकुलवा में 15 मीटर ही चौड़ी होगी सड़क

संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया Updated Fri, 30 Jan 2026 11:22 PM IST
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The road in Garhrampur-Tarkulwa will be only 15 meters wide.
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देवरिया। देवरिया से कुशीनगर जनपद के कसया तक जाने वाले प्रमुख मार्ग को फोरलेन की बनाने की कवायद तेज हो गई है। कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद एक बार फिर सड़क निर्माण को लेकर मकान तोड़ने की चर्चा तेज हो गई है।
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गढ़रामपुर बाजार में वर्तमान में टू लेन सड़क के बाद फुटपाथ भी नहीं है। इसलिए सबसे अधिक मकान वहीं टूटेंगे। हालांकि लोक निर्माण विभाग के अफसरों का तर्क है कि कस्बों में सड़क की चौड़ाई 15 मीटर ही रहेगी, जिससे कम से कम मकान टूटेंगे, जबकि कस्बे के बाहर सड़क की चौड़ाई 17 मीटर होगी।
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वर्तमान में देवरिया–कसया मार्ग 10 मीटर चौड़ा है। कुशीनगर जिले और लखनऊ-मुजफरपुर हाईवे को जोड़ने वाले इस मुख्य मार्ग पर यातायात के बढ़ते दबाव और दुर्घटनाओं को देखते हुए शासन ने इसे फोरलेन में परिवर्तित करने का निर्णय लिया है। पहले इस सड़क की कुल चौड़ाई 19 मीटर होनी थी, जिसमें दोनों तरफ 8.5 मीटर की सड़क और बीच में दो मीटर का डिवाइडर बनना था।
इसके लिए सड़क की दोनों ओर पर्याप्त भूमि की आवश्यकता होती। इसके चलते बड़ी संख्या में आवासीय और व्यावसायिक भवनों को तोड़ना पड़ता। तरकुलवा और रामपुर कारखाना कस्बा के अलावा गढ़रामपुर बाजार में सबसे अधिक मकान और दुकान तोड़ने की जरूरत पड़ती। क्योंकि इन कस्बों में अधिकांश मकान सड़क से बिल्कुल सटे हुए हैं। गढ़रामपुर बाजार में कई जगहों पर सड़क और मकानों के बीच 2 से 3 फीट ही जगह है। ऐसे में फोरलेन निर्माण के दौरान बड़ी तादाद में मकान जद में आ जाते। स्थानीय लोगों में इसे लेकर चिंता थी। लोग अपने आशियाने और रोजगार को लेकर आशंकित नजर आ रहे थे, लेकिन अब जो नया प्रस्ताव मंजूर हुआ है, उसमें सड़क की चौड़ाई को कम किया गया है।
अब सड़क के लिए 15 मीटर और दो मीटर का डिवाइडर जोड़कर 17 मीटर जगह की जरूरत पड़ेगी। कस्बों और बाजार में डिवाइडर की चौड़ाई घटाकर 65 सेंटीमीटर कर दी गई है, जिससे कम से कम जगह में काम निकल सके।
प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक राजस्व विभाग द्वारा जल्द ही प्रभावित क्षेत्रों का विस्तृत सर्वे कराया जाएगा। सर्वे के दौरान सड़क की प्रस्तावित चौड़ाई, प्रभावित भवनों की संख्या, उनकी प्रकृति (आवासीय या व्यावसायिक) और स्वामित्व की स्थिति का आकलन किया जाएगा। सर्वे रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी। इसके बाद मुआवजे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
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