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Etawah News: बिना फार्मर रजिस्ट्री नहीं मिलेगा सरकारी योजनाओं का लाभ
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इटावा। कृषि भवन सभागार में बुधवार को किसान दिवस और कृषक-वैज्ञानिक संवाद कार्यक्रम आयोजित हुआ। जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए 85 पुरुष और महिला किसानों ने इसमें भाग लिया। अपर जिला कृषि अधिकारी शिवम कुमार ने किसानों को बताया कि खाद, बीज और कृषि निवेश से जुड़ी योजनाओं का लाभ लेने के लिए फार्मर रजिस्ट्री अनिवार्य है।
बढ़पुरा क्षेत्र के किसान सुदामा लाल पाल ने जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा के लिए तार फेंसिंग की मांग उठाई। जिला उद्यान अधिकारी श्याम सिंह ने मौके पर ही तार फेंसिंग संबंधी जानकारी दी। सहकारिता विभाग के कमलेश नारायण वर्मा ने किसानों को सहकारी समितियों से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि समितियों से जुड़े किसानों को कम ब्याज दर पर ऋण और विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ मिलता है।
जिला उद्यान अधिकारी ने बताया कि खरीफ सीजन में खीरा, लौकी, तोरई और गोभी जैसी संकर सब्जियों के बीज निशुल्क उपलब्ध कराए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत बूंद-बूंद सिंचाई और फव्वारा सिंचाई पर 90 फीसदी तक अनुदान दिया जा रहा है। कृषि वैज्ञानिक एमके सिंह ने किसानों को सब्जी और फल उत्पादन बढ़ाकर आय में वृद्धि करने की सलाह दी।
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पशुपालन विभाग के मनोज कुमार गुप्ता ने नंदनी स्वदेशी गौ संवर्धन योजना और मिनी नंदनी योजना में 50 फीसदी अनुदान की जानकारी दी। उप कृषि निदेशक सतीश कुमार ने किसानों से किसान पंजीकरण कराने, जैविक खेती अपनाने और खरीफ सीजन में ढैंचा की हरी खाद का प्रयोग करने का आह्वान किया। मिलेट्स पुनरोद्धार कार्यक्रम 2026-27 के तहत विभिन्न योजनाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन की जानकारी भी दी गई।
बढ़पुरा क्षेत्र के किसान सुदामा लाल पाल ने जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा के लिए तार फेंसिंग की मांग उठाई। जिला उद्यान अधिकारी श्याम सिंह ने मौके पर ही तार फेंसिंग संबंधी जानकारी दी। सहकारिता विभाग के कमलेश नारायण वर्मा ने किसानों को सहकारी समितियों से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि समितियों से जुड़े किसानों को कम ब्याज दर पर ऋण और विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ मिलता है।
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जिला उद्यान अधिकारी ने बताया कि खरीफ सीजन में खीरा, लौकी, तोरई और गोभी जैसी संकर सब्जियों के बीज निशुल्क उपलब्ध कराए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत बूंद-बूंद सिंचाई और फव्वारा सिंचाई पर 90 फीसदी तक अनुदान दिया जा रहा है। कृषि वैज्ञानिक एमके सिंह ने किसानों को सब्जी और फल उत्पादन बढ़ाकर आय में वृद्धि करने की सलाह दी।
पशुपालन विभाग के मनोज कुमार गुप्ता ने नंदनी स्वदेशी गौ संवर्धन योजना और मिनी नंदनी योजना में 50 फीसदी अनुदान की जानकारी दी। उप कृषि निदेशक सतीश कुमार ने किसानों से किसान पंजीकरण कराने, जैविक खेती अपनाने और खरीफ सीजन में ढैंचा की हरी खाद का प्रयोग करने का आह्वान किया। मिलेट्स पुनरोद्धार कार्यक्रम 2026-27 के तहत विभिन्न योजनाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन की जानकारी भी दी गई।