{"_id":"6a402a7e4ceef297510d9e4d","slug":"the-businessman-had-recounted-his-ordeal-and-sought-protection-in-his-final-letter-hathras-news-c-56-1-hts1004-150553-2026-06-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hathras News: व्यापारी ने आखिरी खत में लिखी थी आपबीती, मांगी थी सुरक्षा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hathras News: व्यापारी ने आखिरी खत में लिखी थी आपबीती, मांगी थी सुरक्षा
Sun, 28 Jun 2026 01:24 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस
Updated Sun, 28 Jun 2026 01:24 AM IST
विज्ञापन
व्यापारी द्वारा लिखा गया पत्र, जिसमें आपबीती बताई थी। संवाद
- फोटो : Samvad
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
व्यापारी ने मौत को गले लगाने से करीब एक महीने पहले ही अशोक स्टेशनरी मार्ट के लेटरहेड पर एक पत्र लिखा था। इसमें व्यापारी ने अपनी पूरी आपबीती बयां करते हुए कुछ स्थानीय हुंडी कारोबारियों और कर्जदाताओं पर गंभीर प्रताड़ना और परिवार को जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है।
अशोक कुमार गुप्ता ने पत्र में कहा था कि उन्होंने व्यापार और अन्य जरूरतों के लिए कुछ स्थानीय हुंडी और पर्ची वाले लोगों से रुपये लिए थे, लेकिन इन लोगों ने अत्यधिक ब्याज लगाई, जिससे मूल धन व ब्याज की रकम इतनी बढ़ गई कि वह बर्बाद हो गए और रकम चुकाने में असमर्थ हो गए।
पत्र में आरोप लगाया गया है कि कर्जदाता उन पर लगातार मानसिक दबाव बना रहे थे और उनके पूरे परिवार को खत्म करने की धमकी दे रहे थे, जिसकी जानकारी उनके परिवार को नहीं थी।
विज्ञापन
व्यापारी ने पत्र के अंत में लिखा है कि उनके जाने या इस कदम के पीछे उनके परिवार का कोई लेना-देना या गलती नहीं है। यह सब बाजार के दबाव और कर्जदाताओं के खौफ के कारण हुआ है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से गुहार लगाई थी कि उनके जाने के बाद उनके परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए तथा पत्र के नीचे हस्ताक्षर भी किए थे।
तहरीर में दिए 14 नाम
आशीष की ओर से कोतवाली में दी गई तहरीर में 14 नाम दिए हैं, जिनको पिता की मौत का जिम्मेदार ठहराया है। इनमें से कुछ परिवार के लोग भी बताए जा रहे हैं। अशोक गुप्ता के लेटर में दिए गए सभी सात नाम शामिल किए गए हैं। पुलिस फिलहाल जांच में जुटी है।
विज्ञापन
अशोक कुमार गुप्ता ने पत्र में कहा था कि उन्होंने व्यापार और अन्य जरूरतों के लिए कुछ स्थानीय हुंडी और पर्ची वाले लोगों से रुपये लिए थे, लेकिन इन लोगों ने अत्यधिक ब्याज लगाई, जिससे मूल धन व ब्याज की रकम इतनी बढ़ गई कि वह बर्बाद हो गए और रकम चुकाने में असमर्थ हो गए।
विज्ञापन
पत्र में आरोप लगाया गया है कि कर्जदाता उन पर लगातार मानसिक दबाव बना रहे थे और उनके पूरे परिवार को खत्म करने की धमकी दे रहे थे, जिसकी जानकारी उनके परिवार को नहीं थी।
विज्ञापन
व्यापारी ने पत्र के अंत में लिखा है कि उनके जाने या इस कदम के पीछे उनके परिवार का कोई लेना-देना या गलती नहीं है। यह सब बाजार के दबाव और कर्जदाताओं के खौफ के कारण हुआ है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से गुहार लगाई थी कि उनके जाने के बाद उनके परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए तथा पत्र के नीचे हस्ताक्षर भी किए थे।
तहरीर में दिए 14 नाम
आशीष की ओर से कोतवाली में दी गई तहरीर में 14 नाम दिए हैं, जिनको पिता की मौत का जिम्मेदार ठहराया है। इनमें से कुछ परिवार के लोग भी बताए जा रहे हैं। अशोक गुप्ता के लेटर में दिए गए सभी सात नाम शामिल किए गए हैं। पुलिस फिलहाल जांच में जुटी है।