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Kannauj News: आबादी क्षेत्र में गिरा एचटी लाइन का तार, ग्रामीणों का प्रदर्शन
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उमर्दा। आबादी क्षेत्र से होकर गुजरा एचटी लाइन का तार शनिवार सुबह टूट गया। तार एक कपड़े की दुकान के टिनशेड पर गिरा, जिससे आग लग गई। गनीमत रही कि हादसे के समय आसपास कोई मौजूद नहीं था। नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था। घटना के बाद नाराज ग्रामीणों ने प्रदर्शन कर साफ कहा कि जब तक एचटी लाइन के नीचे सुरक्षा गार्ड नहीं लगाए जाते। तब तक बिजली आपूर्ति बहाल नहीं होने दी जाएगी।
उमर्दा स्थित काऊ मिल्क प्लांट और वेजिटेबल प्लांट को बिजली आपूर्ति करने के लिए 10 साल पहले अनुमानित पांच करोड़ रुपये की लागत से एचटी लाइन डाली गई थी। यह लाइन एक किलोमीटर तक आबादी क्षेत्र से होकर गुजरी है। सुबह छह बजे फॉल्ट के चलते एचटी लाइन का तार टूट गया। तार दुकान के टिनशेड पर गिरने से आग लग गई। घटना के बाद मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई और लोगों ने विद्युत निगम के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
कस्बे निवासी ऋषभ गुप्ता, नीलू, उमाकांत, नीरज, मिलन , नीलेश आदि ग्रामीणों ने बताया कि आबादी में एचटी लाइन से होने वाले खतरे को देखते हुए तत्कालीन डीएम ने तारों के नीचे सुरक्षा गार्ड लगाने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद विभागीय उदासीनता के चलते सुरक्षा गार्ड लगाने का काम अब तक अधूरा पड़ा है। कहना है कि सुरक्षा इंतजाम पूरे कराने के लिए कई बार आवाज उठाई गई, लेकिन जिम्मेदारों ने गंभीरता नहीं दिखाई। अधीक्षण अभियंता प्रवीण कुमार ने बताया कि मामले की जांच कराई जाएगी और तारों पर सुरक्षा गार्ड लगाए जाएंगे।
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सुरक्षा के बिना आपूर्ति बहाल नहीं होने देंगे
ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है। लोगों ने मांग की कि अधूरे सुरक्षा कार्य को तत्काल पूरा कराया जाए। ताकि भविष्य में किसी की जान खतरे में न पड़े। सूचना पर जेई चंदन कुमार और एसडीओ अरविंद कुमार मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाकर शांत कराने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण सुरक्षा इंतजाम पूरे होने की मांग पर अड़े रहे। घटना ने आबादी क्षेत्र में एचटी लाइन की सुरक्षा व्यवस्था और विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
विरोध के चलते छह घंटे बाद दूसरे फीडर से जोड़ी प्लांट की बत्ती
तार टूटने के बाद ग्रामीणों के विरोध के चलते तार जुड़ नहीं सके, जिसके चलते काऊ मिल्क प्लांट की आपूर्ति बाधित हो गई। छह घंटे बाद मनसुखपुरवा फीडर से बिजली जोड़कर प्लांट की आपूर्ति बहाल की गई।
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उमर्दा स्थित काऊ मिल्क प्लांट और वेजिटेबल प्लांट को बिजली आपूर्ति करने के लिए 10 साल पहले अनुमानित पांच करोड़ रुपये की लागत से एचटी लाइन डाली गई थी। यह लाइन एक किलोमीटर तक आबादी क्षेत्र से होकर गुजरी है। सुबह छह बजे फॉल्ट के चलते एचटी लाइन का तार टूट गया। तार दुकान के टिनशेड पर गिरने से आग लग गई। घटना के बाद मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई और लोगों ने विद्युत निगम के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
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कस्बे निवासी ऋषभ गुप्ता, नीलू, उमाकांत, नीरज, मिलन , नीलेश आदि ग्रामीणों ने बताया कि आबादी में एचटी लाइन से होने वाले खतरे को देखते हुए तत्कालीन डीएम ने तारों के नीचे सुरक्षा गार्ड लगाने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद विभागीय उदासीनता के चलते सुरक्षा गार्ड लगाने का काम अब तक अधूरा पड़ा है। कहना है कि सुरक्षा इंतजाम पूरे कराने के लिए कई बार आवाज उठाई गई, लेकिन जिम्मेदारों ने गंभीरता नहीं दिखाई। अधीक्षण अभियंता प्रवीण कुमार ने बताया कि मामले की जांच कराई जाएगी और तारों पर सुरक्षा गार्ड लगाए जाएंगे।
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सुरक्षा के बिना आपूर्ति बहाल नहीं होने देंगे
ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है। लोगों ने मांग की कि अधूरे सुरक्षा कार्य को तत्काल पूरा कराया जाए। ताकि भविष्य में किसी की जान खतरे में न पड़े। सूचना पर जेई चंदन कुमार और एसडीओ अरविंद कुमार मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाकर शांत कराने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण सुरक्षा इंतजाम पूरे होने की मांग पर अड़े रहे। घटना ने आबादी क्षेत्र में एचटी लाइन की सुरक्षा व्यवस्था और विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
विरोध के चलते छह घंटे बाद दूसरे फीडर से जोड़ी प्लांट की बत्ती
तार टूटने के बाद ग्रामीणों के विरोध के चलते तार जुड़ नहीं सके, जिसके चलते काऊ मिल्क प्लांट की आपूर्ति बाधित हो गई। छह घंटे बाद मनसुखपुरवा फीडर से बिजली जोड़कर प्लांट की आपूर्ति बहाल की गई।