{"_id":"698267446e4dd25bb70e67c3","slug":"block-education-officer-reached-tehsil-started-hearing-of-notices-meerut-news-c-14-1-mrt1001-1099145-2026-02-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Meerut News: तहसील पहुंचे खंड शिक्षा अधिकारी, नोटिसों की सुनवाई शुरू की","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Meerut News: तहसील पहुंचे खंड शिक्षा अधिकारी, नोटिसों की सुनवाई शुरू की
विज्ञापन
विज्ञापन
सरधना/मेरठ। तहसील सभागार में मंगलवार को खंड शिक्षा अधिकारी श्याम मोहन अस्थाना ने एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) के तहत जारी नोटिसों की सुनवाई की। उनके कार्यालय में लौटने के साथ ही लंबे समय से लंबित मामलों में कार्रवाई आगे बढ़ी। बिना अधिकारियों को बताए अनुपस्थित रहने पर सोमवार को उन्हें छह घंटे तक थाने में बैठाए रखा गया था।
एसडीएम उदित नारायण सेंगर ने बताया कि खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) की ड्यूटी एसआईआर में एईआरओ के पद पर लगी हुई है। बीईओ को समयबद्ध तरीके से एसआईआर से जुड़े मामलों की सुनवाई कर रिपोर्ट प्रस्तुत करनी थी लेकिन उन्होंने निर्धारित कार्य पूरा नहीं किया और बिना किसी सूचना के अवकाश पर चले गए। इस दौरान नायब तहसीलदार भूपेंद्र कुमार को सुनवाई की जिम्मेदारी सौंपी गई। सोमवार को जब बीईओ तहसील पहुंचे तो एसडीएम ने उनके अवकाश पर जाने का कारण पूछा। बीईओ ने तबीयत खराब होने की बात कही। इस पर क्षुब्ध एसडीएम ने अपने कार्यालय में थाना पुलिस को बुलाया और बीईओ को पुलिस के हवाले कर दिया। वह छह घंटे तक वहां रहे।
इसके बाद एसडीएम के निर्देश पर बीईओ का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मेडिकल परीक्षण कराया गया था। बाद में जिला अस्पताल भी भेजा गया था। अस्पताल से छुट्टी मिलने पर मंगलवार को बीईओ ने तहसील सभागार में उपस्थित होकर लंबित नोटिसों की सुनवाई शुरू कर दी। एसडीएम उदित नारायण सेंगर ने बताया कि बीईओ की मेडिकल रिपोर्ट अभी प्राप्त नहीं हुई है। रिपोर्ट आने के बाद इसे उच्च अधिकारियों को भेजा जाएगा। वहीं खंड शिक्षा अधिकारी का कहना है कि उन्होंने छुट्टी के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। उनकी छुट्टी रिजेक्ट कर दी गई लेकिन इसका उन्हें पता नहीं चला। उन्हें मेसेज अगले दिन आया। उनकी पत्नी की तबीयत खराब थी इसलिए उन्हें छुट्टी करनी पड़ी।
-- --
बीएसए को अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए लिखा
खंड शिक्षा अधिकारी बिना बताए अनुपस्थित रहे। इसके लिए उनके खिलाफ बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) को अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए लिखा गया है।
- डॉ. वीके सिंह, जिलाधिकारी
Trending Videos
एसडीएम उदित नारायण सेंगर ने बताया कि खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) की ड्यूटी एसआईआर में एईआरओ के पद पर लगी हुई है। बीईओ को समयबद्ध तरीके से एसआईआर से जुड़े मामलों की सुनवाई कर रिपोर्ट प्रस्तुत करनी थी लेकिन उन्होंने निर्धारित कार्य पूरा नहीं किया और बिना किसी सूचना के अवकाश पर चले गए। इस दौरान नायब तहसीलदार भूपेंद्र कुमार को सुनवाई की जिम्मेदारी सौंपी गई। सोमवार को जब बीईओ तहसील पहुंचे तो एसडीएम ने उनके अवकाश पर जाने का कारण पूछा। बीईओ ने तबीयत खराब होने की बात कही। इस पर क्षुब्ध एसडीएम ने अपने कार्यालय में थाना पुलिस को बुलाया और बीईओ को पुलिस के हवाले कर दिया। वह छह घंटे तक वहां रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसके बाद एसडीएम के निर्देश पर बीईओ का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मेडिकल परीक्षण कराया गया था। बाद में जिला अस्पताल भी भेजा गया था। अस्पताल से छुट्टी मिलने पर मंगलवार को बीईओ ने तहसील सभागार में उपस्थित होकर लंबित नोटिसों की सुनवाई शुरू कर दी। एसडीएम उदित नारायण सेंगर ने बताया कि बीईओ की मेडिकल रिपोर्ट अभी प्राप्त नहीं हुई है। रिपोर्ट आने के बाद इसे उच्च अधिकारियों को भेजा जाएगा। वहीं खंड शिक्षा अधिकारी का कहना है कि उन्होंने छुट्टी के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। उनकी छुट्टी रिजेक्ट कर दी गई लेकिन इसका उन्हें पता नहीं चला। उन्हें मेसेज अगले दिन आया। उनकी पत्नी की तबीयत खराब थी इसलिए उन्हें छुट्टी करनी पड़ी।
बीएसए को अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए लिखा
खंड शिक्षा अधिकारी बिना बताए अनुपस्थित रहे। इसके लिए उनके खिलाफ बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) को अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए लिखा गया है।
- डॉ. वीके सिंह, जिलाधिकारी
