फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Moradabad News ›   Child trafficking gang busted in Sambhal six arrested, including a Delhi nurse.

UP: कोमल तलाशती थी जरूरतमंद परिवार... वंदना बेचती थी; बच्चा चोरी करने और बेचने के धंधे में चौंकाने वाला खुलासा

Sun, 16 Aug 2026 04:15 PM IST
Sharukh Khan अमर उजाला नेटवर्क, संभल
अमर उजाला नेटवर्क, संभल Published by: Sharukh Khan Updated Sun, 16 Aug 2026 04:15 PM IST
सार

संभल में बच्चों की तस्करी करने वाले गिरोह के छह आरोपियों को असमोली थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इसमें दिल्ली की नर्स कोमल, हाई प्रोफाइल सोसाइटी में बच्चों को बेचने वाली वंदना और बच्चा खरीदने वाली गुड्डी शामिल हैं। 

विज्ञापन
Child trafficking gang busted in Sambhal six arrested, including a Delhi nurse.
संभल पुलिस की हिरासत में आरोपी - फोटो : संवाद

विस्तार

संभल में बच्चा चोरी करने और बेचने का धंधा पूरी सुनियोजित साजिश के तहत चल रहा था। आरोपी अलग-अलग जगहों से बच्चा चुराते थे और दिल्ली में नर्स कोमल और उसकी साथी वंदना को बेच देते थे। 

विज्ञापन


कोमल जरूरतमंद परिवार तलाशती थी तो वंदना बच्चा बेचती थी।एसपी केके बिश्नोई ने बताया कि गिरफ्तारी की गई कोमल दिल्ली के एक आईवीएफ क्लीनिक में नर्स है। वहां ऐसे परिवार पहुंचते हैं, जिनके संतान नहीं होती है। इन परिवारों से ही बच्चों का सौदा होता है। 
विज्ञापन


कोमल और वंदना जैन ऐसे परिवारों से सौदा कर लेते हैं और उनको बच्चे बेच देते हैं। इसके लिए पूरा गिरोह बना रखा है। यह गिरोह पहले भी कई बच्चों को बेचने में शामिल रहा है। वंदना जैन हाई प्रोफाइल सोसाइटी में फर्जी मां-बाप खड़े कर गोद लेने की प्रक्रिया के बिना ही बच्चों को बेचने में भूमिका निभाती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

एसपी ने बताया कि गिरोह ने कई बच्चे अपहरण कर बेचे हैं। आरोपियों को पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी। पूछताछ के दौरान गिरोह से जुड़ी पूर्व की घटनाओं का पता चलेगा।  बच्चों की तस्करी के नेटवर्क के बारे में भी और जानकारी सामने आएगी। पुलिस पूरे नेटवर्क की गहन जांच कर रही है। साथ ही अपहरण कराने वाले दो आरोपियों की तलाश की जा रही है।

बेटे ने की आत्महत्या तो महिला ने बच्चा खरीदा
असमोली पुलिस ने दिल्ली के थाना करावल नगर अंतर्गत शिव विहार निवासी गुड्डी को गिफ्तार किया है। आरोपी महिला ने उवैस को पांच लाख रुपये में गिरोह से खरीदा था। महिला ने पुलिस को बताया कि उनके जवान बेटे ने कुछ समय पहले आत्महत्या कर ली थी। वह इकलौता था। इससे वह और उनके पति सदमे में चले गए थे। इसलिए बच्चे को गोद लेने के लिए प्रयास कर रहे थे। इस दौरान ही गिरोह से संपर्क हो गया तो पांच लाख रुपये में उवैस को खरीद लिया था।

एसपी ने खुलासा करने वाली टीमों को 10-10 हजार रुपये का इनाम दिया
एसपी ने बताया कि इस बड़ी घटना के खुलासे में थाना, सर्विलांस और एसओजी की टीम को लगाया गया था। टीम ने लगातार मेहनत कर इस घटना का खुलासा किया है। इसके चलते तीनों टीमों को 10-10 हजार रुपये का इनाम दिए जाने की घोषणा की है।

बच्चों की तस्करी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश, दिल्ली की नर्स समेत छह गिरफ्तार
संभल में बच्चों की तस्करी करने वाले गिरोह के छह आरोपियों को असमोली थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इसमें दिल्ली की नर्स कोमल, हाई प्रोफाइल सोसाइटी में बच्चों को बेचने वाली वंदना और बच्चा खरीदने वाली गुड्डी शामिल हैं। एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने बताया कि असमोली मेले से अपहृत दोनों बच्चों का सौदा 5-5 लाख रुपये में कोमल और वंदना ने किया था। 

चार साल के उवैस को गुड्डी को पांच लाख में बेचा गया था जबकि चार साल के ही सलमान को पुलिस की सक्रियता के कारण आरोपी गांव ओबरी में छोड़ गए थे। एसपी ने शुक्रवार को बहजोई स्थित कार्यालय पर बच्चों की तस्करी का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि गांव ओबरी में चार अगस्त को मेला लगा था। 

 

इसमें गांव निवासी सलमान के चार वर्षीय बेटे उवैस का अपहरण किया गया था। परिजनों की सूचना पर पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज किया था। इसके बाद आठ अगस्त को इसी मेले से हजरतनगर गढ़ी थाना क्षेत्र के बराही गांव के नाजिर हुसैन के चार वर्षीय बेटे सुलेमान का अपहरण हो गया था। पुलिस ने पड़ताल की तो सामने आया कि सलमान के बेटे का अपहरण उसके रिश्ते के साले सलमान उर्फ सुल्तान और उसकी पत्नी साजिया ने कराया है। दोनों रामपुर के खजुरिया थाना क्षेत्र के ऊधमपुरा गांव में रहते हैं।

आरोपियों तक पहुंचने के लिए पुलिस ने करीब 80 किलोमीटर क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच के दौरान एक बाइक और एक कार को ट्रेस किया गया जिसके जरिये पुलिस आरोपियों तक पहुंची।

पकड़े गए आरोपियों में ऐंचोड़ा कंबोह थाना क्षेत्र के अशरफपुर गांव निवासी फरीद, जिला मुरादाबाद के कुंदरकी थाना क्षेत्र के सादात निवासी फैसल, पाकबड़ा निवासी शमशाद, दिल्ली के शिव विहार निवासी कोमल, नंदनगरी निवासी वंदना जैन और करावल नगर निवासी गुड्डी शामिल हैं।

उवैस का अपहरण कर कोमल और वंदना को दे आए थे आरोपी
एसपी ने बताया कि आरोपी अपहरण के बाद उवैस को दिल्ली की कोमल और वंदना जैन को 2 लाख 40 हजार रुपये में बेच आए थे। दूसरे बच्चे सुलेमान का भी सौदा तय हुआ था लेकिन पुलिस के सक्रिय होने पर दूसरे बच्चे को गांव में ही छोड़ दिया था। पुलिस को जांच में पता चला कि दोनों बच्चों का सौदा 5-5 लाख रुपये में दूसरे परिवारों से कर दिया गया था।

आईवीएफ क्लीनिक में नर्स कोमल तलाशती थी जरूरतमंद परिवार
एसपी ने बताया कि गिरफ्तार की गई कोमल दिल्ली के एक आईवीएफ क्लीनिक में नर्स है। वहां ऐसे परिवार पहुंचते हैं, जिनके संतान नहीं होती है। इन परिवारों से ही बच्चों का सौदा होता है। कोमल और वंदना जैन ऐसे परिवारों से सौदा कर लेते हैं और उनको बच्चे बेच देते हैं। वंदना जैन हाई प्रोफाइल सोसाइटी में फर्जी मां-बाप खड़े कर गोद लेने की प्रक्रिया के बिना ही बच्चों को बेचने में भूमिका निभाती है।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed