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टैक्स नहीं जमा कर पाने पर व्यापारियों पर अतिरिक्त पेनॉल्टी न लगाई जाए : अर्पित
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बाबागंज स्थित होटल में राज्य कर विभाग द्वारा आयोजित व्यापारी संवाद कार्यक्रम में बोलते उपायुक
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बाबागंज स्थित होटल में राज्य कर विभाग के तत्वावधान में शुक्रवार को व्यापारी संवाद हुआ। व्यापारियों ने जीएसटी पोर्टल पर आ रही समस्याओं से अधिकारियों को अवगत कराया। अधिकारियों ने समाधान का आश्वासन दिया। इस दौरान व्यापारी अर्पित खंडेलवाल ने कहा कि टैक्स समय से जमा न कर पाने की स्थिति में उन पर अतिरिक्त पेनाल्टी न लगाई जाए। सजा का प्रावधान भी समाप्त किया जाए।
व्यापारी राजेंद्र केसवानी ने कहा कि ईमेल व मोबाइल पर नोटिस देने के बाद व्यापारियों को नोटिस डाक से भेजकर अवगत कराया जाए। कई बार व्यापारी ऑनलाइन नोटिस को नहीं देख पाते हैं। जिस कारण उन्हें अधिक टैक्स व पेनाल्टी देनी पड़ती है।
व्यापारी कुलदीप सिंह ने कहा कि जीएसटी स्लैब की दरों में कमी से सभी वर्ग के लोगों को राहत मिली है। अधिकारियों से सीधे संवाद होने पर व्यापारियों के मन का भय समाप्त हो जाता है। वह अपनी बात खुलकर अधिकारियों से बता सकता है।
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व्यापारी उमा प्रकाश अग्रहरि ने कहा कि व्यापारियों को 60 वर्ष के बाद पेंशन दी जानी चाहिए। इसके लिए एक कोष की स्थापना होनी चाहिए। वहीं, उपायुक्त राज्य कर वेगराज सिंह ने बताया कि संवाद कार्यक्रम में जीएसटी 2.0 के प्रावधानों पर चर्चा, पंजीयन के नए नियम 14 ए के नियमों, रिटर्न फाइलिंग एवं इनपुट टैक्स क्रेडिट से संबंधित जानकारी दी गई। इस दौरान मनजीत सिंह, अनिल गोयल, अधिवक्ता विश्वनाथ मिश्रा, अंकुर केसरवानी मौजूद रहे।
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व्यापारी राजेंद्र केसवानी ने कहा कि ईमेल व मोबाइल पर नोटिस देने के बाद व्यापारियों को नोटिस डाक से भेजकर अवगत कराया जाए। कई बार व्यापारी ऑनलाइन नोटिस को नहीं देख पाते हैं। जिस कारण उन्हें अधिक टैक्स व पेनाल्टी देनी पड़ती है।
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व्यापारी कुलदीप सिंह ने कहा कि जीएसटी स्लैब की दरों में कमी से सभी वर्ग के लोगों को राहत मिली है। अधिकारियों से सीधे संवाद होने पर व्यापारियों के मन का भय समाप्त हो जाता है। वह अपनी बात खुलकर अधिकारियों से बता सकता है।
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व्यापारी उमा प्रकाश अग्रहरि ने कहा कि व्यापारियों को 60 वर्ष के बाद पेंशन दी जानी चाहिए। इसके लिए एक कोष की स्थापना होनी चाहिए। वहीं, उपायुक्त राज्य कर वेगराज सिंह ने बताया कि संवाद कार्यक्रम में जीएसटी 2.0 के प्रावधानों पर चर्चा, पंजीयन के नए नियम 14 ए के नियमों, रिटर्न फाइलिंग एवं इनपुट टैक्स क्रेडिट से संबंधित जानकारी दी गई। इस दौरान मनजीत सिंह, अनिल गोयल, अधिवक्ता विश्वनाथ मिश्रा, अंकुर केसरवानी मौजूद रहे।