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Pratapgarh News: एचडीएफसी बैंक प्रबंधक के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी
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जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने एचडीएफसी बैंक के शाखा प्रबंधक के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है। यह कार्रवाई आयोग के आदेश का पालन नहीं करने पर की गई है। आयोग ने पुलिस अधीक्षक को वारंट तामील करने का निर्देश दिया है।
शहर के मकंद्रूगंज निवासी हरिशंकर अग्रवाल ने आयोग में वाद दायर किया था। उन्होंने बताया कि उनकी फर्म के खाते से 9 नवंबर 2010 से 31 मार्च 2024 के बीच नकद जमा शुल्क के नाम पर 2.24 लाख रुपये काट लिए गए थे। हरिशंकर के अनुसार, बैंक ने खाता खोलते समय कोई शुल्क न लेने का आश्वासन दिया था।
आयोग ने 18 अगस्त 2025 को बैंक को यह राशि नौ फीसदी ब्याज सहित लौटाने का आदेश दिया था। इसके अतिरिक्त, आयोग ने मानसिक क्षति और वाद व्यय के लिए 75 हजार रुपये अदा करने का भी निर्देश दिया था। हालांकि, बैंक शाखा प्रबंधक ने इस आदेश का अनुपालन नहीं किया।
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बैंक पर लगे थे नकद जमा शुल्क काटने के आरोप
हरिशंकर अग्रवाल ने अपनी शिकायत में बताया था कि उनकी फर्म के खाते से लंबे समय तक नकद जमा शुल्क काटे गए। यह शुल्क 2.24 लाख रुपये की कुल राशि तक पहुंच गया था। बैंक ने खाता खोलते समय ऐसे किसी भी शुल्क से इन्कार किया था। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग अध्यक्ष यशवंत कुमार मिश्र, सामान्य सदस्य सहसराम पांडेय व महिला सदस्य ममता गुप्ता ने बैंक को यह राशि ब्याज सहित वापस करने का आदेश दिया था।
शहर के मकंद्रूगंज निवासी हरिशंकर अग्रवाल ने आयोग में वाद दायर किया था। उन्होंने बताया कि उनकी फर्म के खाते से 9 नवंबर 2010 से 31 मार्च 2024 के बीच नकद जमा शुल्क के नाम पर 2.24 लाख रुपये काट लिए गए थे। हरिशंकर के अनुसार, बैंक ने खाता खोलते समय कोई शुल्क न लेने का आश्वासन दिया था।
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आयोग ने 18 अगस्त 2025 को बैंक को यह राशि नौ फीसदी ब्याज सहित लौटाने का आदेश दिया था। इसके अतिरिक्त, आयोग ने मानसिक क्षति और वाद व्यय के लिए 75 हजार रुपये अदा करने का भी निर्देश दिया था। हालांकि, बैंक शाखा प्रबंधक ने इस आदेश का अनुपालन नहीं किया।
बैंक पर लगे थे नकद जमा शुल्क काटने के आरोप
हरिशंकर अग्रवाल ने अपनी शिकायत में बताया था कि उनकी फर्म के खाते से लंबे समय तक नकद जमा शुल्क काटे गए। यह शुल्क 2.24 लाख रुपये की कुल राशि तक पहुंच गया था। बैंक ने खाता खोलते समय ऐसे किसी भी शुल्क से इन्कार किया था। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग अध्यक्ष यशवंत कुमार मिश्र, सामान्य सदस्य सहसराम पांडेय व महिला सदस्य ममता गुप्ता ने बैंक को यह राशि ब्याज सहित वापस करने का आदेश दिया था।