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Saharanpur News: तीन साल बाद फिर चलेगा कमेला
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Thu, 18 Jun 2026 12:55 AM IST
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सहारनपुर। एनजीटी की आपत्ति के चलते करीब तीन साल पहले बंद किए गए कमेले का संचालन फिर होगा। एनजीटी की शर्तों के अनुसार, कमेले को महानगर से बाहर शिफ्ट किया जाएगा। यह बूट (बिल्ड, ओन, ऑपरेट और ट्रांसफर) मॉडल पर संचालित होगा, जिसके टेंडर की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। कमेला 30 साल के लिए ठेके पर दिया जाएगा।
दरअसल, दशकों से कमेला शहर के अंदर से संचालित था। जल एवं अन्य प्रकार के प्रदूषण को देखते हुए एनजीटी ने इसे बंद कर शहर के बाहर स्थापित करने के आदेश दिए थे। एनजीटी की रोक के कारण कमेला करीब तीन साल से बंद है। ऐसे में नागरिकों की मीट की पूर्ति नहीं हो पा रही है। अधिकृत कमेला बंद होने के कारण शहर में जगह-जगह अवैध रूप से मिनी कमेले चल रहे हैं।
अब नगर निगम ने कमेले को एनजीटी की शर्तों के अनुरूप शहर से बाहर करने की तैयारी शुरू कर दी है। कमेला बूट (बिल्ड, ओन, ऑपरेट और ट्रांसफर) मॉडल पर ठेके पर संचालित होगा। इसमें कमेले के लिए कम से कम एक हेक्टेयर भूमि की व्यवस्था, भवन निर्माण, मशीनरी स्थापना, वित्तपोषण, संचालन, रख-रखाव खुद करना होगा। निर्धारित अवधि यानी 30 साल के बाद कमेला नगर निगम को हस्तांतरित करना होगा।
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दरअसल, दशकों से कमेला शहर के अंदर से संचालित था। जल एवं अन्य प्रकार के प्रदूषण को देखते हुए एनजीटी ने इसे बंद कर शहर के बाहर स्थापित करने के आदेश दिए थे। एनजीटी की रोक के कारण कमेला करीब तीन साल से बंद है। ऐसे में नागरिकों की मीट की पूर्ति नहीं हो पा रही है। अधिकृत कमेला बंद होने के कारण शहर में जगह-जगह अवैध रूप से मिनी कमेले चल रहे हैं।
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अब नगर निगम ने कमेले को एनजीटी की शर्तों के अनुरूप शहर से बाहर करने की तैयारी शुरू कर दी है। कमेला बूट (बिल्ड, ओन, ऑपरेट और ट्रांसफर) मॉडल पर ठेके पर संचालित होगा। इसमें कमेले के लिए कम से कम एक हेक्टेयर भूमि की व्यवस्था, भवन निर्माण, मशीनरी स्थापना, वित्तपोषण, संचालन, रख-रखाव खुद करना होगा। निर्धारित अवधि यानी 30 साल के बाद कमेला नगर निगम को हस्तांतरित करना होगा।