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Sonebhadra News: समूह सखियों के साथ धोखाधड़ी में बैंक सखी की सेवा समाप्त
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सोनभद्र। इंडियन बैंक की नई बाजार शाखा में समूह के खातों की सीसी (क्रेडिट कार्ड) लिमिट बढ़ाने और समूह सखियों को झांसा देकर उनके खातों से रुपये की निकासी मामले में बैंक सखी की सेवा समाप्त कर दी गई है।
उपायुक्त एनआरएलएम सरिता सिंह ने बताया कि मंगलवार को संबंधित समूह सखियों को एनआरएलएम कार्यालय बुलाकर उनके खातों से गलत तरीके से किए गए लेन-देन और धोखाधड़ी कर निकाली गई रकम की जानकारी ली गई। जल्द ही इसके लिए संबंधितों का उत्तरदायित्व तय करते हुए रिकवरी (वसूली) की भी प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
उन्होंने बताया कि उम्मीद है कि जांच एक सप्ताह में पूरी कर ली जाएगी। इस धोखाधड़ी-गबन के लिए जो भी जिम्मेदार हैं उनका उत्तरदायित्व भी तय किया जा रहा है। जल्द ही उन सभी के खिलाफ रिकवरी की प्रक्रिया शुरू करने के साथ ही विधिक कार्रवाई भी अमल में लाई जाएगी।
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महज एक बैंक सखी के जरिए लगभग 100 समूह सखियों से धोखाधड़ी कर 44.82 लाख की रकम डकारने का मामला डेढ़ महीने से गरमाया हुआ है। 15 अप्रैल से शुरू जांच अभी तक चरणबद्ध तरीके से जारी है।
प्राथमिक जांच में बड़े स्तर पर वित्तीय अनियमितताओं की पुष्टि के साथ जहां लाखों के गबन का अंदेशा जताया जा चुका है। इसके लिए सीडीओ जागृति अवस्थी ने टीम गठित की, जिसने जांच भी शुरू कर दी है।
उपायुक्त एनआरएलएम सरिता सिंह ने बताया कि मंगलवार को संबंधित समूह सखियों को एनआरएलएम कार्यालय बुलाकर उनके खातों से गलत तरीके से किए गए लेन-देन और धोखाधड़ी कर निकाली गई रकम की जानकारी ली गई। जल्द ही इसके लिए संबंधितों का उत्तरदायित्व तय करते हुए रिकवरी (वसूली) की भी प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
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उन्होंने बताया कि उम्मीद है कि जांच एक सप्ताह में पूरी कर ली जाएगी। इस धोखाधड़ी-गबन के लिए जो भी जिम्मेदार हैं उनका उत्तरदायित्व भी तय किया जा रहा है। जल्द ही उन सभी के खिलाफ रिकवरी की प्रक्रिया शुरू करने के साथ ही विधिक कार्रवाई भी अमल में लाई जाएगी।
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प्राथमिक जांच में बड़े स्तर पर वित्तीय अनियमितताओं की पुष्टि के साथ जहां लाखों के गबन का अंदेशा जताया जा चुका है। इसके लिए सीडीओ जागृति अवस्थी ने टीम गठित की, जिसने जांच भी शुरू कर दी है।