{"_id":"6a344f1bd99261c9cb0d1951","slug":"bhagwat-katha-begins-in-syuna-with-a-kalash-yatra-almora-news-c-232-1-alm1019-144976-2026-06-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Almora News: स्यूना में कलश यात्रा के साथ भागवत कथा शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Almora News: स्यूना में कलश यात्रा के साथ भागवत कथा शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
Updated Fri, 19 Jun 2026 01:33 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
अल्मोड़ा। विकासखंड हवालबाग के ग्राम पंचायत स्यूना में मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा और श्रीमद् देवी भागवत कथा शुरू हो गई है। कथा के शुभारंभ पर महिलाओं की ओर से भव्य कलश यात्रा निकाली गई।
बृहस्पतिवार को महिलाएं पारंपरिक परिधानों में सजधज कर मंदिर पहुंची। मंदिर परिसर से कलश यात्रा शुरू की गई। कलश यात्रा में स्यूना गांव की महिलाओं समेत विभिन्न गांवों के श्रद्धालुओं ने भागीदारी की। इस दौरान मंदिर में कीर्तन भजन और मां के जयकारे लगाए।
पुरोहित विजयानंद जोशी ने विधि विधान के साथ पूर्वांग पंचांग, कलश स्थापना, व्यास पूजन कराया। मंदिर में मां भगवती, शिव-पार्वती, राम दरबार, राधा-कृष्ण, हनुमान, गोलू देवता और नंदी महाराज की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा की गई।
विज्ञापन
कथा वाचक ने देवी मां के विभिन्न रूपों का वर्णन किया। यहां यजमान दीपक सिंह बिष्ट, हरीश मेहता, संजय सिंह बिष्ट, पान सिंह बिष्ट, बची सिंह बिष्ट, पुष्कर सिंह बिष्ट आदि मौजूद रहे।
बृहस्पतिवार को महिलाएं पारंपरिक परिधानों में सजधज कर मंदिर पहुंची। मंदिर परिसर से कलश यात्रा शुरू की गई। कलश यात्रा में स्यूना गांव की महिलाओं समेत विभिन्न गांवों के श्रद्धालुओं ने भागीदारी की। इस दौरान मंदिर में कीर्तन भजन और मां के जयकारे लगाए।
विज्ञापन
विज्ञापन
पुरोहित विजयानंद जोशी ने विधि विधान के साथ पूर्वांग पंचांग, कलश स्थापना, व्यास पूजन कराया। मंदिर में मां भगवती, शिव-पार्वती, राम दरबार, राधा-कृष्ण, हनुमान, गोलू देवता और नंदी महाराज की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा की गई।
कथा वाचक ने देवी मां के विभिन्न रूपों का वर्णन किया। यहां यजमान दीपक सिंह बिष्ट, हरीश मेहता, संजय सिंह बिष्ट, पान सिंह बिष्ट, बची सिंह बिष्ट, पुष्कर सिंह बिष्ट आदि मौजूद रहे।