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Chamoli News: स्रोत सूखा, टैंकर के चक्कर में प्रभावित हुई दिनचर्या

संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली Updated Wed, 29 Apr 2026 07:40 PM IST
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Source dried up, tanker problems affected daily routine
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देवतोली, सेमीग्वाड़ सहित कर्णप्रयाग के कई हिस्सों में बना पानी का संकट
टैंकर से पानी भरने के बाद ही महिलाएं जा पा रहीं जंगल
संवाद न्यूज एजेंसी
कर्णप्रयाग। बढ़ती गर्मी के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल संकट गहराने लगा है। स्रोतों पर पानी कम हो रहा है जिससे लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं टैंकरों के आने का कोई निश्चित समय न होने के कारण ग्रामीणों का पूरा दिन पानी की व्यवस्था में बीत रहा है।
सेमी ग्वाड़ में बुधवार को भी पानी की सप्लाई नहीं हो पाई। देवतोली क्षेत्र में पीएमजीएसवाई कार्यालय के पास के कई घरों में पानी नहीं पहुंच पाया। इससे लोगों को पेयजल संकट झेलना पड़ रहा है। जलसंकट से जहां पुरुष समय पर काम पर नहीं जा पा रहे हैं वहीं महिलाओं का घर का काम भी प्रभावित हो रहा है। सेमी ग्वाड़ की अनीता देवी और पवित्रा देवी ने बताया कि एक हफ्ते से पानी नहीं आया है। टैंकर से पानी भरने के बाद ही वे जंगल जा पाती हैं। गर्मी भी तेज हो रही है। विजय कुमार ने कहा कि पानी भरने के लिए दो लोगों की जरूरत पड़ रही है और मवेशियों के लिए भी अधिक पानी चाहिए। जल संस्थान कर्णप्रयाग के सहायक अभियंता दिनेश पुरोहित का कहना है कि लोगों की समस्या को देखते हुए सुबह 8 से 8:30 तक टैंकर पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा। पानी की समस्या दूर करने के लिए सभी संबंधित अधिकारी और कर्मचारी लगे हुए हैं।
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थरालीबगड़ कस्बे में भी संकट

नारायणबगड़। थरालीबगड़ कस्बे में पेयजल व्यवस्था में सुधार न होने से लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं। नियमित जलापूर्ति न होने से निवासियों को जलस्रोतों का सहारा लेना पड़ रहा है। पानी की समस्या से होटल व्यवसायियों को नुकसान हो रहा है। सरकारी कर्मचारियों और आम लोगों को भी दिक्कतें आ रही हैं। विक्रमसिंह ने बताया कि जलसंस्थान में कर्मचारियों की कमी के कारण पेयजल योजना का रखरखाव नहीं हो पा रहा है। जल संस्थान के अवर अभियंता पंकज कुमार ने कहा कि पेयजल योजना पर लगातार मरम्मत का काम किया जा रहा है। शरारती तत्वों की ओर से पेयजल लाइन को क्षति पहुंचाने से जलापूर्ति बाधित हो रही है। पंकज कुमार ने आपूर्ति सुचारु बनाने के प्रयास जारी रहने का आश्वासन दिया। संवाद


गैरसैंण के रिखोली गांव के लिए दो सप्ताह में बनेगा पेयजल स्रोत

गैरसैंण। नगर के वार्ड तीन स्थित रिखोली गांव की पेयजल समस्या के लिए वैकल्पिक समाधान जल्द होगा। अस्थायी व्यवस्था के तहत डेढ़ किलोमीटर दूर स्थित परवाड़ी गदेरे से दो सप्ताह में जलापूर्ति शुरू कर दी जाएगी। विधायक अनिल नौटियाल ने बताया कि जल संस्थान को इस संबंध में निर्देश दिए गए हैं। स्थायी व्यवस्था के तहत नए स्रोत कुनढोंग से पेयजल योजना का प्रस्ताव तैयार करने के लिए कहा गया है।
जल संस्थान के अभियंता अभिषेक कपटियाल ने बताया कि पुराने स्रोत का डिजाइन पीरियड 2024 में समाप्त हो गया था। उस स्रोत पर गोवंश का शव होने की सूचना मिली थी। इसलिए शासन को अन्य स्रोत के लिए प्रस्ताव बनाकर भेजा गया है। रिखोली गांव के लिए बीते तीन दिनों से टैंकरों से पेयजल की आपूर्ति की जा रही है। परवाड़ी गदेरे से प्रतिदिन तीस हजार लीटर पानी उपलब्ध होगा। पेयजल की जांच की जा रही है। रिपोर्ट उपयुक्त होने पर तत्काल निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। वहीं नगर पंचायत की ओर से पेयजल स्रोत से पशु के शव को हटाना था लेकिन दोपहर को बारिश के चलते यह काम नहीं हो पाया। नगर में दोपहर दो घंटे तक जमकर बारिश हुई।

ऑपरेटर की शिकायत की

रुद्रप्रयाग। सरकार जनता के द्वार कार्यक्रम के तहत ब्लॉक अगस्त्यमुनि की ग्राम पंचायत बंगोली में जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में ग्रामीणों ने कई समस्याएं प्रशासन के समक्ष रखीं। तहसीलदार जखोली कमलेश सिंह किरौला ने विभागों को शिकायतों के समाधान के निर्देश दिए। ग्रामीणों ने पेयजल आपूर्ति में अनियमितता को लेकर ऑपरेटर के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। इस पर जल संस्थान अधिकारियों से समन्वय बनाकर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इसके अलावा ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का लाभ न मिलने की समस्या भी उठाई। लोगों ने कहा कि जंगली जानवरों से फसलों को नुकसान हो रहा है। संवाद

अगस्त्यमुनि नगर में लगे प्याऊ बने शोपीस

अगस्त्यमुनि। नगर पंचायत क्षेत्र में वनाग्नि की घटनाओं और अप्रैल माह की बढ़ती गर्मी का जनजीवन पर असर पड़ रहा है। यहां लगाए गए प्याऊ में पानी सूख रहा है। वहीं नगर में जगह-जगह लगे प्याऊ शोपीस बनकर रह गए हैं। लाइब्रेरी मार्ग पर स्थित प्याऊ में जलापूर्ति ठप है। छात्र कार्तिक पुरोहित का कहना है कि पानी न होने के कारण उन्हें घर से ही पानी लेकर आना पड़ता है। व्यापारी सचिन माहेश्वरी ने बताया कि विजयनगर वार्ड संख्या पांच में भी लंबे समय से पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है। इससे यात्रियों व स्थानीय व्यापारियों पीने का पानी नहीं मिल रहा है। नगर पंचायत के अन्य वार्डों में भी प्याऊ सूखे पड़े हैं। कमलेश जमलोकी ने बताया कि जहां गर्मी बढ़ रही है वहीं पेयजल संकट ने स्थित और खराब कर दी है। वहीं नगर पंचायत अध्यक्ष राजेंद्र गोस्वामी ने कहा कि जल संस्थान को जल्द व्यवस्था दुरुस्त कर प्याऊ में पानी की आपूर्ति शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। संवाद
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