{"_id":"6a2967f0fc80380b49055645","slug":"village-heads-demand-cancellation-of-tender-process-uttarkashi-news-c-54-1-uki1003-120442-2026-06-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Uttarkashi News: प्रधानों ने टेंडर प्रक्रिया निरस्त करने की मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Uttarkashi News: प्रधानों ने टेंडर प्रक्रिया निरस्त करने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
Updated Wed, 10 Jun 2026 07:04 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
उत्तरकाशी। भटवाड़ी विकासखंड के ग्राम प्रधानों की ओर से विकसित भारत गारंटी फाॅर रोजगार व आजीविका मिशन (ग्रामीण) के तहत निर्माण सामग्री आपूर्ति के तहत की गई टेंडर प्रक्रिया को निरस्त करने की मांग की है। उनका कहना है कि इनकी जिम्मेदारी एक ही व्यापारी को देने पर उसकी ओर से मनमानी देखने को मिलेगी। इसलिए इसे विकासखंड की भौगोलिक परिस्थिति को देखते हुए पांच व्यापारियोें में वितरित किया जाए।
भटवाड़ी प्रधान संगठन के ब्लॉक अध्यक्ष अजीतपाल पंवार सहित अनुसूया, रेखा, अरविंद रावत, संतोषी का कहना है कि विकासखंड की ओर से वीबी जी राम जी योजना के तहत होने वाले विकास कार्यों के लिए पहले पंचायत प्रतिनिधियों की ओर से निर्माण सामग्री के स्वयं ही व्यापारी चिह्नित किया जाता था लेकिन अब विकासखंंड की ओर से इसकी टेंडर प्रक्रिया कर एक ही व्यापारी को इसकी जिम्मेदारी देने का निर्णय लिया गया है।
प्रधानों का कहना है कि पूरे विकासखंड में करीब पांच व्यापारियों को चिह्नित कर उन्हें निर्माण सामग्री आपूर्ति का कार्य दिया जाए। उन्होंने डीएम को दिए ज्ञापन में कहा कि अगर विकासखंड की ओर से मनमानी की जा जाती है और टेंडर प्रक्रिया निरस्त नहीं की जाती तो ग्राम प्रधानों को आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा। संवाद
विज्ञापन
भटवाड़ी प्रधान संगठन के ब्लॉक अध्यक्ष अजीतपाल पंवार सहित अनुसूया, रेखा, अरविंद रावत, संतोषी का कहना है कि विकासखंड की ओर से वीबी जी राम जी योजना के तहत होने वाले विकास कार्यों के लिए पहले पंचायत प्रतिनिधियों की ओर से निर्माण सामग्री के स्वयं ही व्यापारी चिह्नित किया जाता था लेकिन अब विकासखंंड की ओर से इसकी टेंडर प्रक्रिया कर एक ही व्यापारी को इसकी जिम्मेदारी देने का निर्णय लिया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रधानों का कहना है कि पूरे विकासखंड में करीब पांच व्यापारियों को चिह्नित कर उन्हें निर्माण सामग्री आपूर्ति का कार्य दिया जाए। उन्होंने डीएम को दिए ज्ञापन में कहा कि अगर विकासखंड की ओर से मनमानी की जा जाती है और टेंडर प्रक्रिया निरस्त नहीं की जाती तो ग्राम प्रधानों को आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा। संवाद