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हांसी मंडी में पीआर धान की खरीद शुरू, मिलर ने खरीदे 850 क्विंटल
हांसी अनाज मंडी में पीआर धान की खरीद धीमी होने से किसानों को परेशानी हो रही है। मंडी में एक मिलर ने 850 क्विंटल पीआर धान की खरीद की है। इससे पहले 5200 क्विंटल धान की खरीद हो चुकी थी। हालांकि, मंडी में धान की आवक लगातार जारी है, लेकिन खरीद की धीमी गति के कारण किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
अब तक हांसी अनाज मंडी में करीब 31 हजार क्विंटल धान की आवक हो चुकी है और किसानों के 600 गेट पास काटे जा चुके हैं। किसानों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में खरीद प्रक्रिया में तेजी आएगी, जिससे उन्हें अपनी फसल बेचने के लिए अधिक इंतजार नहीं करना पड़ेगा। वहीं मंडी में 1509 किस्म के धान के भाव 3900 से 4000 रुपये प्रति क्विंटल तक चल रहे हैं। किसानों को उम्मीद थी कि धान के भाव में तेजी आएगी, लेकिन फिलहाल कीमतों में कोई खास उछाल देखने को नहीं मिला है। पीआर धान की खरीद शुरू होने के बाद किसानों को अब खरीद में तेजी आने की उम्मीद है।
किसानों ने कहा कि मंडी में उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, लेकिन उनकी समस्या सुनने वाला कोई नहीं है। किसानों का आरोप है कि पीआर धान की सरकारी खरीद का निर्धारित भाव 2461 रुपये प्रति क्विंटल है, जबकि मंडी में निजी मिलर 2100 से 2200 रुपये प्रति क्विंटल के भाव पर धान खरीद रहे हैं। किसानों के अनुसार, भाव में 200 से 300 रुपये प्रति क्विंटल तक की कटौती की जा रही है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। किसानों ने खरीद प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनकी परेशानी की ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। उन्होंने मांग की कि धान की खरीद निर्धारित सरकारी भाव पर सुनिश्चित की जाए, ताकि किसानों को अपनी फसल का उचित मूल्य मिल सके।
सर्व व्यापार मंडल के प्रधान बजरंग बंसल ने कहा कि मंडी में खरीद की धीमी गति के कारण किसान परेशान हैं। उन्होंने किसानों की परेशानी को देखते हुए खरीद प्रक्रिया में तेजी लाने की जरूरत पर जोर दिया। किसानों को समय पर फसल बेचने की सुविधा मिलने से उन्हें राहत मिल सकती है।
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