जिला मुख्यालय स्थित मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य (एमसीएच) अस्पताल में शुक्रवार को एक गर्भवती महिला की इलाज के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इस घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल में हंगामा किया और महिला रोग विशेषज्ञ डॉ. कमला भारती पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। मृतका की पहचान 20 वर्षीय खुशबू देवी पत्नी जितेन्द्र कुमार निवासी आहोर के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, खुशबू की शादी दो वर्ष पूर्व हुई थी और यह उसकी पहली डिलीवरी थी।
ऐसे बिगड़ी हालत
परिजनों ने बताया कि शुक्रवार दोपहर करीब 2:30 बजे खुशबू को तबीयत बिगड़ने पर एमसीएच अस्पताल लाया गया। जांच में उसका ब्लड प्रेशर 160 पाया गया, जिस पर उसे एक दवा दी गई। डॉक्टरों ने बताया कि शाम तक सामान्य प्रसव की संभावना है। लेकिन देर शाम डॉक्टर ने ऑपरेशन की जरूरत बताई, जिस पर परिजनों ने सहमति दे दी।
ऑपरेशन के दौरान बिगड़ी स्थिति
परिजनों का आरोप है कि रात 8 बजे ऑपरेशन थिएटर में खुशबू को दो बेहोशी के इंजेक्शन दिए गए, जिसके बाद उसकी हालत बिगड़ गई। इसके बावजूद डॉक्टरों ने स्थिति स्पष्ट नहीं की और रात 9 बजे उसे पाली रेफर कर दिया। परिजनों का दावा है कि उस समय तक महिला की धड़कन बंद हो चुकी थी, लेकिन डॉक्टर ने कहा कि यह बेहोशी के इंजेक्शन का असर है।
पढ़ें: तालाब में बैठी 70 से अधिक भैंसों की मौत के बाद हड़कंप, करंट या दूषित पानी? प्रशासन कर रहा जांच
रास्ते में हुई मौत की पुष्टि
आरोप है कि पाली ले जाते समय रास्ते में आहोर के एक निजी अस्पताल में डॉक्टर ने एंबुलेंस में ही महिला की जांच की और बताया कि उसकी मृत्यु एक घंटे पहले ही हो चुकी है। इसके बाद परिजन रात 12 बजे शव लेकर जालोर अस्पताल लौटे और वहां जमकर विरोध प्रदर्शन किया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को मोर्चरी में रखवाया गया।
कलेक्ट्रेट पहुंचकर की कार्रवाई की मांग
शनिवार सुबह परिजन मृतका का शव लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे और जिला प्रशासन से डॉक्टर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। मृतका के जेठ जेठाराम सरगरा ने आरोप लगाया कि डॉक्टर ने गुमराह किया और महिला की मौत के बावजूद उसे रेफर कर दिया गया।
पुलिस कर रही जांच
पुलिस ने परिजनों की ओर से दी गई रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अस्पताल प्रशासन से भी जानकारी जुटा रही है।