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Iran War: ट्रंप का सनसनीखेज दावा- 3 दिन तक ईरान पर किया हमला, रडार बार-बार किया तबाह
Fri, 03 Jul 2026 09:27 AM IST
नितिन गौतम
एएनआई
एएनआई
Published by: नितिन गौतम
Updated Fri, 03 Jul 2026 09:27 AM IST
सार
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक ताजा इंटरव्यू में फिर एक बार ईरान पर जीत का दावा दोहराया है। उन्होंने कहा कि ईरान की सेना और इसके नेता गायब हो चुके हैं। साथ ही ट्रंप ने युद्ध के दौरान होर्मुज से जहाज सुरक्षित निकलवाने का भी दावा किया।
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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप
- फोटो : पीटीआई
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विस्तार
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को दावा किया कि वाणिज्यिक जहाजों पर ईरानी हमले के जवाब में अमेरिकी सेना ने लगातार तीन रातों तक ईरान पर हमले किए थे। उन्होंने दावा किया कि अमेरिका ने बार-बार ईरान के रडार सिस्टम को तबाह किया और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए होर्मुज से वाणिज्यिक तेल टैंकरों को सुरक्षित निकाला।
ट्रंप ने ईरान से युद्ध की आशंका से नहीं किया इनकार
सीएनबीसी के साथ एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा, 'हमने ईरान के रडार को ध्वस्त कर दिया। उनके पास कोई रडार नहीं था और अभी भी नहीं है। उनके पास एक बढ़िया नया रडार आया था, लेकिन बीते सप्ताह उसे भी हमने ध्वस्त कर दिया।' जब ट्रंप से आगे भी ईरान पर कार्रवाई करने को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने साफ इनकार नहीं किया और कहा कि हमारे पास सभी संसाधन मौजूद हैं।
ट्रंप ने होर्मुज में ईरान की नाकेबंदी को लोहे की दीवार बताया। उन्होंने कहा, 'मैंने जो नाकेबंदी की, वह असल में नाकेबंदी नहीं बल्कि लोहे की दीवार थी। हमारे पास महान नौसेना है। ये लोग अविश्वसनीय हैं। एक भी जहाज ईरान तक नहीं पहुंच पाया।'
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'ईरान की अर्थव्यवस्था बुरी तरह से कमजोर हो गई है'
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका के हमले के बाद ईरान की अर्थव्यवस्था बुरी तरह कमजोर हो गई है। वहां 300 फीसदी तक महंगाई बढ़ गई है और वे कोई कमाई नहीं कर पा रहे हैं। उन्होंने कहा, 'ईरान की सेना गायब हो चुकी है। उनके नेता गायब हो चुके हैं। दूसरे दर्जे के नेता भी मारे जा चुके हैं। और तीसरे दर्जे के नेताओं में शे भी कुछ मारे गए हैं।' ट्रंप ने कहा कि 'ईरान को भोजन की जरूरत है। उन्हें मक्का, गेहूं और सोयाबीन की जरूरत है। हम इसकी आपूर्ति करेंगे। बशर्ते हम उस स्थिति में पहुंच जाएं, जहां हमें पहुंचना चाहिए।'
ट्रंप ने कहा कि 'अगर हम होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर देते तो दुनिया में तेल की कीमतें 350 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच जातीं और दुनिया में मंदी आ जाती। इसके बजाय अमेरिकी नौसेना ने चुपचाप जलडमरूमध्य से टैंकरों को सुरक्षित निकाला। एक रात ऐसी भी थी, जब हमने 22 जहाजों को बाहर निकाला और किसी को पता भी नहीं चला।'
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ट्रंप ने ईरान से युद्ध की आशंका से नहीं किया इनकार
सीएनबीसी के साथ एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा, 'हमने ईरान के रडार को ध्वस्त कर दिया। उनके पास कोई रडार नहीं था और अभी भी नहीं है। उनके पास एक बढ़िया नया रडार आया था, लेकिन बीते सप्ताह उसे भी हमने ध्वस्त कर दिया।' जब ट्रंप से आगे भी ईरान पर कार्रवाई करने को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने साफ इनकार नहीं किया और कहा कि हमारे पास सभी संसाधन मौजूद हैं।
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ट्रंप ने होर्मुज में ईरान की नाकेबंदी को लोहे की दीवार बताया। उन्होंने कहा, 'मैंने जो नाकेबंदी की, वह असल में नाकेबंदी नहीं बल्कि लोहे की दीवार थी। हमारे पास महान नौसेना है। ये लोग अविश्वसनीय हैं। एक भी जहाज ईरान तक नहीं पहुंच पाया।'
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'ईरान की अर्थव्यवस्था बुरी तरह से कमजोर हो गई है'
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका के हमले के बाद ईरान की अर्थव्यवस्था बुरी तरह कमजोर हो गई है। वहां 300 फीसदी तक महंगाई बढ़ गई है और वे कोई कमाई नहीं कर पा रहे हैं। उन्होंने कहा, 'ईरान की सेना गायब हो चुकी है। उनके नेता गायब हो चुके हैं। दूसरे दर्जे के नेता भी मारे जा चुके हैं। और तीसरे दर्जे के नेताओं में शे भी कुछ मारे गए हैं।' ट्रंप ने कहा कि 'ईरान को भोजन की जरूरत है। उन्हें मक्का, गेहूं और सोयाबीन की जरूरत है। हम इसकी आपूर्ति करेंगे। बशर्ते हम उस स्थिति में पहुंच जाएं, जहां हमें पहुंचना चाहिए।'
ट्रंप ने कहा कि 'अगर हम होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर देते तो दुनिया में तेल की कीमतें 350 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच जातीं और दुनिया में मंदी आ जाती। इसके बजाय अमेरिकी नौसेना ने चुपचाप जलडमरूमध्य से टैंकरों को सुरक्षित निकाला। एक रात ऐसी भी थी, जब हमने 22 जहाजों को बाहर निकाला और किसी को पता भी नहीं चला।'