Bihar: मुठभेड़ के 'शिकार' अपराधियों की जातीय जनगणना देखें; बिहार में अब तक छह ऊपर पहुंचाए गए, 23 लंगड़ा रहे
Samrat Choudhary : तेजस्वी यादव का आरोप है कि सम्राट चौधरी की बिहार पुलिस जाति देखकर अपराधियों का एनकाउंटर कर रही। सदी में पहली बार जिस बिहार ने जातीय जनगणना कराई, वहां यह सवाल उठा तो 'अमर उजाला' ने इसी एंगल से पूरी पड़ताल की।
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विस्तार
आजादी के बाद देश में पहली बार जातीय जनगणना हो रही है। बिहार इससे पहले, जातीय जनगणना कराने वाला पहला राज्य बना था। जातीय जनगणना तो नियमानुसार नहीं होने के नाम पर कोर्ट में रुक गया, लेकिन बिहार में हर जगह जाति की बात होती है। चुनाव में भी। रोजगार में भी। स्वरोजगार में भी। खान-पान और व्यवहार में भी। तभी तो, बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता की कुर्सी किसी तरह बचाए रह रहे तेजस्वी यादव ने अपराध नियंत्रण के लिए उत्तर प्रदेश की तर्ज पर एनकाउंटर का सहारा लेने वाले गृह विभाग के मंत्री (अब मुख्यमंत्री भी) सम्राट चौधरी पर इसमें भी जातिवाद का आरोप लगा रहे। कह रहे कि जाति देखकर एनकाउंटर हो रहा। क्या यह सही है? आरोप-प्रत्यारोप की जगह 'अमर उजाला' ने नवंबर 2025 में गठित नई सरकार में अब तक हुए एनकाउंटर का जातीय विश्लेषण किया। निकल कर सामने आई हकीकत बहुत कुछ कहती है।
छह को मार गिराया, उनमें दो यादव... बाकी की जाति जानिए
नई सरकार बनने के बाद 31 दिसंबर 2025 से अब तक पुलिस ने हत्या, लूट, रंगदारी समेत कई मामलों में फरार चल रहे कुल छह अपराधियों को मुठभेड़ के दौरान मार गिराया। मरने वालों दो यादव, एक ठाकुर, एक ब्राह्मण, एक कुशवाहा और एक मालाकार जाति का अपराधि शामिल था। इधर, विपक्ष की ओर तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि अपराधियों ने जाति देखकर टारगेट किया जा रहा है। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई को फर्जी एनकाउंटर तक कह दिया। वहीं मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी समेत अन्य मंत्रियों ने कहा किसी भी अपराधी की जाति नहीं होती है। सरकार जाति देखकर कोई कार्रवाई नहीं करती है। बिहार पुलिस निष्पक्ष रूप से कार्रवाई कर रही है। विपक्ष बेवजह का आरोप लगा रहा है।
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जानिए, 31 दिसंबर से अब तक कितने अपराधी मारे गए
- 31 दिसंबर 2025- दयानंद मालाकार उर्फ छोटू: बेगूसराय के तेघड़ा इलाके में पुलिस और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ में 50 हजार रुपए का इनामी नक्सली दयानंद मालाकार उर्फ छोटू मारा गया। एसटीएफ को सूचना मिली थी कि नोनपुर गांव के पास नक्सलियों की बैठक चल रही है। इसके बाद पुलिस टीम सादी वर्दी में इलाके में पहुंची। सरसों के खेत के पास पहले से घात लगाए नक्सलियों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में दोनों ओर से कई राउंड गोलियां चलीं, जिसमें दयानंद मालाकार मारा गया।
- 6 फरवरी 2026- प्रिंस उर्फ अभिजीत: वैशाली में एसटीएफ और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में कुख्यात सोना लुटेरा प्रिंस उर्फ अभिजीत उर्फ चश्मा मारा गया। वह सुबोध सिंह गैंग का शार्प शूटर था और उस पर दो लाख रुपए का इनाम घोषित था। कई राज्यों में सोना लूट, हत्या, रंगदारी और फायरिंग के 30 से अधिक मामलों में वांछित प्रिंस को पुलिस ने हनुमान नगर कॉलोनी में घेर लिया था। दोनों ओर से करीब 30 राउंड फायरिंग हुई, जिसमें पुलिस की गोली लगने से वह घायल हो गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
- 17 मार्च 2026- कुंदन ठाकुर और प्रियांशु दुबे: पूर्वी चंपारण के चकिया थाना क्षेत्र के सिहोरवा गांव में एसटीएफ और अपराधियों के बीच हुई भीषण मुठभेड़ में कुख्यात अपराधी कुंदन ठाकुर और प्रियांशु दुबे मारे गए। इस एनकाउंटर में एसटीएफ जवान श्रीराम कुमार यादव शहीद हो गए थे। पुलिस के अनुसार, कुंदन ठाकुर ने एडिशनल एसएचओ गौरव कुमार को कई पुलिसकर्मियों की हत्या की धमकी दी थी। मुठभेड़ के दौरान दोनों अपराधियों ने पुलिस पर ताबड़तोड़ फायरिंग की, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में दोनों ढेर हो गए। कुंदन को सीने और जांघ में, जबकि प्रियांशु को सीने और पेट में गोली लगी थी।
- 29 अप्रैल 2026- रामधनी यादव: भागलपुर के सुल्तानगंज नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण कुमार और सभापति राजकुमार गुड्डू की हत्या के मुख्य आरोपी रामधनी यादव को बिहार पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया। 28 अप्रैल को नगर परिषद कार्यालय में घुसकर उसने दोनों अधिकारियों पर फायरिंग की थी, जिसमें दोनों की मौत हो गई थी। घटना के बाद वह फरार हो गया था। हथियार बरामदगी के दौरान उसके गुर्गों ने पुलिस टीम पर हमला कर दिया, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने रामधनी यादव को ढेर कर दिया। उसे पांच गोलियां लगी थीं।
- 3 मई 2026- सोनू यादव: सीवान में भाजपा नेता मनोज कुमार सिंह के भांजे हर्ष सिंह और उनके बहनोई चंदन सिंह पर फायरिंग करने वाले मुख्य आरोपी सोनू यादव को पुलिस ने एनकाउंटर में मार गिराया। 29 अप्रैल की शाम उसने दोनों पर अंधाधुंध गोलियां चलाई थीं, जिसमें हर्ष सिंह की मौके पर मौत हो गई थी। पुलिस को सूचना मिली कि सोनू बाइक से भाग रहा है। इसके बाद लकड़ी और गौसीहाता के बीच घेराबंदी की गई। खुद को घिरता देख उसने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली उसके सीने में लगी और उसकी मौत हो गई।
ऑपरेशन लंगड़ा के तहत 23 अपराधी पुलिस की गोली से घायल हुए
- 21 नवंबर 2025 को बेगूसराय के साहेबपुर कमाल के शालिग्राम गांव में पुलिस मुठभेड़ के दौरान इनामी अपराधी शिवदत्त राय घायल हो गया। उसके पैर में गोली लगी।
- 2 दिसंबर 2025 को छपरा के मांझी में शराब माफिया अजय राय को पुलिस ने गोली मार दी थी।
- 11 दिसंबर 2025 को पटना के जानीपुर थाना क्षेत्र में कुख्यात राकेश कुमार को पुलिस ने मुठभेंड के दौरान गोली मारकर घायल कर दिया। उसके पैर में गोली लगी थी।
- 18 दिसंबर 2025 को छपरा में डॉ. सजल कुमार अपहरण प्रयास मामले के दोनों आरोपियों (रंजन यादव और सोनू राय) को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान घायल कर दिया था।
- 2 जनवरी 2026 को पटना में कुख्यात मैनेजर राय को बिहार पुलिस की विशेष ने मुठभेड़ के दौरान गोली मारकर घायल कर दिया। उसके भी पैर में ही गोली लगी थी।
- 11 जनवरी 2026 को पटना के मनेर में लूट के दौरान गोली मारने के आरोपी नीतीश यादव को मुठभेड़ के दौरान गोली मारकर घायल कर दिया। उसके पैर में गोली लगी थी।
- 22 जनवरी 2026 को पटना में लॉरेंस बिश्नोई गैंग के शूटर परमानंद यादव को पुलिस मुठभेड़ में घायल कर गिरफ्तार किया गया। कार्रवाई के दौरान उसके पैर में गोली लगी।
- 11 फरवरी 2026 को पटना में पुलिस मुठभेड़ में 25 हजार के इनामी कुख्यात राजीव कुमार उर्फ सूर्या डॉन घायल हो गया था। पुलिस ने उसके पैर में गोली मारी थी।
- 15 मार्च 2026 को छपरा में जहरीली शराब कांड के मुख्य आरोपी सूरज महतो को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया। कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी।
- 16 मार्च 2026 को पटना के बाढ़ में हिस्ट्रीशीटर प्रणव कुमार धीरज को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान घायल कर दिया था। उसके पैर में गोली लगी।
- 25 मार्च 2026 को सीवान में ज्वेलरी लूट मामले के दोनों आरोपियों (रोहित शर्मा और रोहित कुशवाहा) को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान घायल कर दिया था।
- 22 अप्रैल 2026 को पटना के रामकृष्णा नगर ज्वेलरी लूट मामले के आरोपी दिलीप कुमार को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान घायल कर दिया था।
- 30 अप्रैल 2026 को सीवान में हर्ष कुमार सिंह हत्याकांड के आरोपी छोटू यादव को पुलिस ने गोली मार दी थी। उसके दोनों घुटनों में गोली लगी थी।
- 13 मई 2026 के पटना के बिहटा में दोनों फरार शार्प शूटरों (विदेशी राय और पप्पू राय) को पुलिस ने मुठभेड़ में घायल दिया। दोनों के पैर में गोली लगी थी।
- 18 मई 2026 को सीवान में 20 लाख लूट के मुख्य आरोपी अंकित कुमार सिंह को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान घायल कर दिया था। उसके दोनों घुटनों में गोली लगी थी।
- 18 मई 2026 को पटना के ट्रांसपोर्ट नगर में पुलिस वाहन पर फायरिंग कर भाग रहे आरोपी संदीप उर्फ बादल को पुलिस ने पैर में गोली मारकर घायल हो गया।
- 19 मई 2026 को पटना के गोपालपुर में 27 लाख रुपये लूटकांड के आरोपी नीतीश कुमार को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान गोली मार दी थी।
- 20 मई 2026 को समस्तीपुर में कई लूट मामलों के आरोपी प्रिंस कुमार को हथियार बरामदगी के दौरान पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान घायल कर दिया था।
- 21 मई 2026 को किशनगंज में अंतरराज्यीय लूट और चोरी गिरोह के सरगना पवन कुमार को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान गोली मार दी थी। उसके भी पैर में गोली लगी थी।
- 22 मई 2026 को जहानाबाद में कुख्यात बिक्कू सिंह उर्फ रावण को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान गोली मार दी थी। उसके भी पैर में ही गोली लगी थी।