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Bihar: कोसी तटबंध पर शिक्षक की संदिग्ध मौत, परिवार ने लगाया हत्या का आरोप
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहरसा
Published by: कोसी ब्यूरो
Updated Thu, 22 Jan 2026 10:34 PM IST
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सार
Bihar: जिले में गुरुवार को 43 वर्षीय सहायक शिक्षक दिलीप कुमार संदिग्ध परिस्थितियों में कोसी तटबंध पर मरणासन्न पाए गए। परिजन उन्हें अस्पताल ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
1- मृतक शिक्षक दिलीप कुमार (फाइल फोटो)2- मामले की छानबीन करते एसडीपीओ मुकेश कुमार ठाकुर 3- शव
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विस्तार
सहरसा जिले के सलखुआ थाना क्षेत्र में गुरुवार को एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। उटेशरा गांव स्थित कोसी बांध पर एक सरकारी शिक्षक संदिग्ध परिस्थितियों में मरणासन्न हालत में पाए गए। आनन-फानन में परिजन उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, सलखुआ लेकर पहुंचे, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शिक्षक की संदिग्ध मौत से इलाके में सनसनी फैल गई है। परिजनों का आरोप है कि पुरानी रंजिश के चलते उनकी हत्या की गई है।
सिमरी बख्तियारपुर से ड्यूटी करने आते थे दिलीप
मृतक की पहचान 43 वर्षीय दिलीप कुमार के रूप में हुई है। वे सलखुआ प्रखंड के एनपीएस गौरी मुसहरी में सहायक शिक्षक के पद पर तैनात थे। परिजनों के अनुसार, दिलीप अपने पूरे परिवार के साथ सिमरी बख्तियारपुर में किराए के मकान में रहते थे और रोजाना स्कूल ड्यूटी पर आते-जाते थे। दिलीप चार भाइयों में तीसरे स्थान पर थे, जिनमें से दो सरकारी सेवा में कार्यरत हैं। शिक्षक दिलीप पासवान के दो पुत्र और दो पुत्रियाँ हैं।
चार घंटे तक तटबंध पर पड़े रहे, फिर मिली खबर
घटना के बारे में बताया जा रहा है कि गुरुवार दोपहर, मृतक के छोटे भाई और अन्य रिश्तेदारों को खबर मिली कि दिलीप उटेशरा कोसी तटबंध के केंचु बासा के पास बेहोश पड़े हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शिक्षक लगभग चार घंटे तक मरणासन्न हालत में वहीं पड़े रहे। परिजन मौके पर पहुंचे और उन्हें अस्पताल ले गए, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पत्नी की चीत्कार से गूंजा अस्पताल
दिलीप की मौत की खबर मिलते ही अस्पताल परिसर में कोहराम मच गया। मृतक की पत्नी सविता देवी का रो-रोकर बुरा हाल था। वह बार-बार दहाड़ें मारते हुए कह रही थीं, "अब केना बाल-बच्चा और परिवार के भरण-पोषण होते हो।" परिवार की इस दशा को देखकर वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं।
जमीनी विवाद में हत्या का शक
मृतक के भाई अशोक कुमार और सनोज कुमार ने पुराने भूमि विवाद को लेकर हत्या की आशंका जताई है। उनका कहना है कि यह सामान्य मौत नहीं बल्कि साजिश है। घटना के बाद से ही इलाके में दहशत का माहौल है और तरह-तरह की चर्चाएँ हो रही हैं।
ये भी पढ़ें: बोधगया के कालचक्र मैदान में तीन दिवसीय बौद्ध महोत्सव का उद्घाटन, केंद्रीय मंत्री हुए शामिल
पुलिस क्या कहती है?
डीएसपी मुकेश कुमार ठाकुर ने बताया कि कोसी बांध से परिजनों द्वारा शिक्षक दिलीप पासवान को मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया था। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, सहरसा भेज दिया गया है। पुलिस ने कहा कि फिलहाल परिजनों की ओर से लिखित आवेदन नहीं मिला है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और आवेदन के आधार पर ही मौत के सही कारणों का खुलासा होगा और आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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सिमरी बख्तियारपुर से ड्यूटी करने आते थे दिलीप
मृतक की पहचान 43 वर्षीय दिलीप कुमार के रूप में हुई है। वे सलखुआ प्रखंड के एनपीएस गौरी मुसहरी में सहायक शिक्षक के पद पर तैनात थे। परिजनों के अनुसार, दिलीप अपने पूरे परिवार के साथ सिमरी बख्तियारपुर में किराए के मकान में रहते थे और रोजाना स्कूल ड्यूटी पर आते-जाते थे। दिलीप चार भाइयों में तीसरे स्थान पर थे, जिनमें से दो सरकारी सेवा में कार्यरत हैं। शिक्षक दिलीप पासवान के दो पुत्र और दो पुत्रियाँ हैं।
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चार घंटे तक तटबंध पर पड़े रहे, फिर मिली खबर
घटना के बारे में बताया जा रहा है कि गुरुवार दोपहर, मृतक के छोटे भाई और अन्य रिश्तेदारों को खबर मिली कि दिलीप उटेशरा कोसी तटबंध के केंचु बासा के पास बेहोश पड़े हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शिक्षक लगभग चार घंटे तक मरणासन्न हालत में वहीं पड़े रहे। परिजन मौके पर पहुंचे और उन्हें अस्पताल ले गए, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पत्नी की चीत्कार से गूंजा अस्पताल
दिलीप की मौत की खबर मिलते ही अस्पताल परिसर में कोहराम मच गया। मृतक की पत्नी सविता देवी का रो-रोकर बुरा हाल था। वह बार-बार दहाड़ें मारते हुए कह रही थीं, "अब केना बाल-बच्चा और परिवार के भरण-पोषण होते हो।" परिवार की इस दशा को देखकर वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं।
जमीनी विवाद में हत्या का शक
मृतक के भाई अशोक कुमार और सनोज कुमार ने पुराने भूमि विवाद को लेकर हत्या की आशंका जताई है। उनका कहना है कि यह सामान्य मौत नहीं बल्कि साजिश है। घटना के बाद से ही इलाके में दहशत का माहौल है और तरह-तरह की चर्चाएँ हो रही हैं।
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पुलिस क्या कहती है?
डीएसपी मुकेश कुमार ठाकुर ने बताया कि कोसी बांध से परिजनों द्वारा शिक्षक दिलीप पासवान को मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया था। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, सहरसा भेज दिया गया है। पुलिस ने कहा कि फिलहाल परिजनों की ओर से लिखित आवेदन नहीं मिला है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और आवेदन के आधार पर ही मौत के सही कारणों का खुलासा होगा और आगे की कार्रवाई की जाएगी।