{"_id":"6987165ec3220875c307b4a4","slug":"bihar-news-lizard-found-in-mid-day-meal-over-70-children-fall-ill-in-madhepura-bihar-education-department-kosi-news-c-1-1-noi1373-3925074-2026-02-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bihar News: मिड डे मील खाने के बाद बच्चों की बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में भर्ती; छिपकली गिरने की आशंका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bihar News: मिड डे मील खाने के बाद बच्चों की बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में भर्ती; छिपकली गिरने की आशंका
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मधेपुरा
Published by: कोसी ब्यूरो
Updated Sat, 07 Feb 2026 04:25 PM IST
विज्ञापन
सार
Madhepura News : मधेपुरा में मिड डे मील में छिपकली मिलने से हड़कंप मच गया। स्कूल में खिचड़ी खाने से 70 बच्चों की तबीयत बिगड़ गई। डीईओ संजय कुमार ने बताया कि सभी बच्चों का समुचित इलाज कराया जा रहा है।
मधेपुरा सदर अस्पताल में भर्ती बच्चे
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
विस्तार
मधेपुरा में शनिवार को मिड डे मील खाने के बाद 70 से अधिक बच्चों की तबीयत अचानक बिगड़ गई। सभी बच्चों को मधेपुरा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सभी खतरे से बाहर बताई जा रहे हैं। मामला मधेपुरा प्रखंड अंतर्गत उत्क्रमित मध्य विद्यालय कारू टोला साहुगढ़ का है। भोजन करने के कुछ ही देर बाद बच्चों को उल्टी, पेट दर्द और घबराहट की शिकायत होने लगी। देखते ही देखते बड़ी संख्या में बच्चे बीमार पड़ने लगे, जिससे स्कूल परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार मिड डे मील में छिपकली गिरने की आशंका जताई जा रही है। मिड डे मील पारस एग्रो स्वयंसेवी संस्था के माध्यम से स्कूल में उपलब्ध कराया जाता है। जैसे ही बच्चों की हालत बिगड़ने की जानकारी मिली, विद्यालय प्रशासन ने तत्काल इसकी सूचना शिक्षा विभाग और स्वास्थ्य विभाग को दी। इसके बाद एंबुलेंस और निजी वाहनों की मदद से सभी बच्चों को मधेपुरा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया।
एक की हालत ज्यादा खराब
सदर अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने बच्चों का प्राथमिक उपचार शुरू किया। चिकित्सकों के अनुसार अधिकांश बच्चों की हालत स्थिर है और वे खतरे से बाहर हैं। हालांकि एक बच्ची की तबीयत अधिक खराब बताई जा रही है, जिसका इलाज डॉक्टरों की निगरानी में किया जा रहा है। उसे आईसीयू भर्ती कराया गया। अस्पताल परिसर में बच्चों के परिजनों की भारी भीड़ जमा हो गई और वे घटना को लेकर नाराजगी जाहिर की।
पढ़ें; दरभंगा में बड़ा हादसा टला: इंटर परीक्षार्थियों की स्कॉर्पियो तालाब में गिरी, सभी सुरक्षित; सूझबूझ से बची जान
घटना की जानकारी मिलते ही जिला शिक्षा पदाधिकारी संजय कुमार सदर अस्पताल पहुंचे और भर्ती बच्चों का हालचाल जाना। उन्होंने डॉक्टरों से बच्चों के स्वास्थ्य की स्थिति की जानकारी ली और परिजनों से भी बातचीत की। डीईओ संजय कुमार ने बताया कि सभी बच्चों का समुचित इलाज कराया जा रहा है और घबराने की कोई बात नहीं है। उन्होंने कहा कि एक बच्ची की स्थिति थोड़ी गंभीर थी, लेकिन सुधार हो गया।
क्या बोले डीईओ?
डीईओ ने स्पष्ट किया कि मिड डे मील एनजीओ के माध्यम से संचालित किया जाता है और इस लापरवाही की जांच शुरू कर दी गई है। भोजन की गुणवत्ता, सप्लाई और वितरण से जुड़े सभी बिंदुओं की गहन जांच की जाएगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना के बाद मिड डे मील की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। अभिभावकों ने बच्चों की सेहत से खिलवाड़ करने वालों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। वहीं प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों को दंडित किया जाएगा और बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी।
Trending Videos
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार मिड डे मील में छिपकली गिरने की आशंका जताई जा रही है। मिड डे मील पारस एग्रो स्वयंसेवी संस्था के माध्यम से स्कूल में उपलब्ध कराया जाता है। जैसे ही बच्चों की हालत बिगड़ने की जानकारी मिली, विद्यालय प्रशासन ने तत्काल इसकी सूचना शिक्षा विभाग और स्वास्थ्य विभाग को दी। इसके बाद एंबुलेंस और निजी वाहनों की मदद से सभी बच्चों को मधेपुरा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
एक की हालत ज्यादा खराब
सदर अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने बच्चों का प्राथमिक उपचार शुरू किया। चिकित्सकों के अनुसार अधिकांश बच्चों की हालत स्थिर है और वे खतरे से बाहर हैं। हालांकि एक बच्ची की तबीयत अधिक खराब बताई जा रही है, जिसका इलाज डॉक्टरों की निगरानी में किया जा रहा है। उसे आईसीयू भर्ती कराया गया। अस्पताल परिसर में बच्चों के परिजनों की भारी भीड़ जमा हो गई और वे घटना को लेकर नाराजगी जाहिर की।
पढ़ें; दरभंगा में बड़ा हादसा टला: इंटर परीक्षार्थियों की स्कॉर्पियो तालाब में गिरी, सभी सुरक्षित; सूझबूझ से बची जान
घटना की जानकारी मिलते ही जिला शिक्षा पदाधिकारी संजय कुमार सदर अस्पताल पहुंचे और भर्ती बच्चों का हालचाल जाना। उन्होंने डॉक्टरों से बच्चों के स्वास्थ्य की स्थिति की जानकारी ली और परिजनों से भी बातचीत की। डीईओ संजय कुमार ने बताया कि सभी बच्चों का समुचित इलाज कराया जा रहा है और घबराने की कोई बात नहीं है। उन्होंने कहा कि एक बच्ची की स्थिति थोड़ी गंभीर थी, लेकिन सुधार हो गया।
क्या बोले डीईओ?
डीईओ ने स्पष्ट किया कि मिड डे मील एनजीओ के माध्यम से संचालित किया जाता है और इस लापरवाही की जांच शुरू कर दी गई है। भोजन की गुणवत्ता, सप्लाई और वितरण से जुड़े सभी बिंदुओं की गहन जांच की जाएगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना के बाद मिड डे मील की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। अभिभावकों ने बच्चों की सेहत से खिलवाड़ करने वालों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। वहीं प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों को दंडित किया जाएगा और बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी।