Bihar: 9 साल पुराने प्रेम संबंध के लिए प्रेमी संग रची हत्या की साजिश, कुवैत से लौटे पति को मार डाला; खुलासा
किशनगंज में रिजवान आलम हत्याकांड का पुलिस ने 36 घंटे में खुलासा कर दिया। पत्नी डेजी परवीन ने नौ साल पुराने प्रेम संबंध के चलते प्रेमी अनवर हुसैन के साथ मिलकर पति की हत्या कराई थी।
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किशनगंज जिले के बिशनपुर थाना क्षेत्र में 42 वर्षीय रिजवान आलम की हत्या का पुलिस ने महज 36 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। इस सनसनीखेज हत्याकांड में मृतक की पत्नी डेजी परवीन को ही मुख्य आरोपी पाया गया। पुलिस ने पत्नी और उसके कथित प्रेमी अनवर हुसैन (24) को गिरफ्तार कर लिया है। हत्या में इस्तेमाल लोहे की रॉड और घटना के बाद छिपाए गए दोनों मोबाइल फोन भी बरामद कर लिए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, 4 जुलाई को मृतक के पिता नजीर आलम (69), निवासी टंगटंगी, ने बिशनपुर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उनका बेटा रिजवान आलम अपनी पत्नी डेजी परवीन और बच्चों के साथ बिशनपुर वार्ड संख्या-6 में रहता था। 4 जुलाई की सुबह सूचना मिली कि रिजवान अपने कमरे में मृत पड़ा है। घटना के समय पत्नी और पोती भी उसी कमरे में मौजूद थीं। पिता ने अपनी बहू पर संदेह जताया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए किशनगंज एसपी के निर्देश पर एसडीपीओ खुसरू सिराज के नेतृत्व में विशेष जांच टीम का गठन किया गया। तकनीकी जांच और कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) के विश्लेषण में पता चला कि डेजी परवीन लगातार अनवर हुसैन के संपर्क में थी।
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पुलिस की कड़ी पूछताछ में अनवर हुसैन ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसने बताया कि करीब नौ वर्ष पहले, जब वह नौवीं कक्षा में पढ़ता था, तभी उसकी पहचान डेजी परवीन से हुई थी और दोनों के बीच प्रेम संबंध बन गए थे। उस समय डेजी का पति रिजवान आलम कुवैत में काम करता था और साल में कुछ महीनों के लिए ही घर आता था। हाल के दिनों में रिजवान विदेश न जाकर घर पर रहने लगा, जिससे दोनों को अपने संबंध उजागर होने का डर सताने लगा। इसके बाद डेजी ने अनवर पर पति की हत्या करने का दबाव बनाया।
पुलिस के अनुसार, तय योजना के तहत घटना वाली रात करीब 12 बजे डेजी ने अनवर को फोन कर घर का गेट खोल दिया। रात करीब 1 से 2 बजे के बीच अनवर घर में घुसा और सो रहे रिजवान आलम के सिर पर लोहे की रॉड से दो वार कर उसकी हत्या कर दी। वारदात के बाद सबूत मिटाने के उद्देश्य से डेजी ने पति का मोबाइल और एक अन्य छोटा मोबाइल अनवर को दे दिया। अनवर ने हत्या में इस्तेमाल रॉड नदी में फेंक दी और दोनों मोबाइल बांसवाड़ी में जमीन के अंदर छिपा दिए।
पुलिस ने अनवर की निशानदेही पर नदी से लोहे की रॉड और बांसवाड़ी से दोनों मोबाइल बरामद कर लिए। घटनास्थल का एफएसएल टीम ने भी निरीक्षण किया है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले में वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र करने की कार्रवाई अभी जारी है।