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जीवन धारा: चुनौतियां हमारे रास्ते की दीवार नहीं, जीवन को निखारती हैं
बर्निस जॉनसन रीगन
Published by: Devesh Tripathi
Updated Wed, 20 May 2026 06:50 AM IST
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जीवन धारा
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विस्तार
मनुष्य अपने बारे में सबसे कम उस समय जानता है, जब जीवन सहज और आरामदायक चल रहा होता है। आराम हमें शांति तो देता है, पर वह हमें हमारे असली रूप से परिचित नहीं कराता। हमारी असली पहचान तब सामने आती है, जब जीवन हमें चुनौती देता है, जब हमें रास्ते बंद नजर आते हैं, जब हमारे भीतर भय घर करने लगता है और जब दुनिया हमें यह विश्वास दिलाने लगती है कि अब आगे बढ़ पाना संभव नहीं है। मुश्किल हालात में लोग अक्सर यह सोचने लगते हैं कि जीवन उनके विरुद्ध हो गया है।मैंने संघर्ष को बहुत करीब से देखा है। मैंने उन चेहरों को देखा है, जो डर से कांप रहे थे, लेकिन फिर भी अन्याय के सामने खड़े थे। मैंने उन लोगों को देखा है, जिनके पास पैसा नहीं था, शक्ति नहीं थी, सुरक्षा नहीं थी, फिर भी उनके भीतर ऐसा साहस था, जो किसी साम्राज्य की ताकत से भी ज्यादा था। तभी मैंने समझा कि चुनौतियां हमारे रास्ते की दीवार नहीं हैं, बल्कि वे हमें बताने आती हैं कि हम वास्तव में कौन हैं। जब जीवन आसानी से गुजर रहा होता है, तब हम भ्रम में जीते हैं। हमें लगता है कि हम साहसी हैं, धैर्यवान हैं या मजबूत हैं। पर जब संकट आता है, तभी इन शब्दों की सच्चाई सामने आती है। मैंने अपने जीवन में देखा है कि कई लोग खुद को कमजोर समझते हैं, पर हालात उन्हें ऐसी जगह ले जाते हैं, जहां उन्हें अपने भीतर छिपी शक्ति का पता चलता है। कितनी विचित्र बात है कि अधिकांश लोग अपनी महानता से तब तक परिचित नहीं होते, जब तक कि जीवन उन्हें संघर्ष के बीच खड़ा नहीं कर देता। मुझे याद है, जब लोग अन्याय के विरुद्ध सड़कों पर उतरते थे, तब उनके सामने डर ही डर था। मैंने देखा कि वही लोग, जो आम दिनों में साधारण दिखाई देते थे, संघर्ष के समय असाधारण बन गए थे। यही जीवन का रहस्य है। जब दुनिया हमारे खिलाफ हो और तब भी हम अपने भीतर की करुणा, सत्य व साहस को बचाए रखें, तभी हमारा वास्तविक चरित्र प्रकट होता है। यही कारण है कि मैं चुनौतियों को पीड़ा के रूप में नहीं देखती। वे जीवन के कठोर शिक्षक हैं। चुनौतियां और कठिनाइयां उन भ्रमों को मिटा देती हैं, जिनमें हम जी रहे होते हैं। वे हमें मजबूर करती हैं कि हम अपने भीतर उस जगह तक जाएं, जहां हमारी असली शक्ति छिपी होती है।
चुनौतियां केवल हमें ही नहीं बदलतीं, समाज को भी बदलने की क्षमता रखती हैं। यदि जीवन में कभी ऐसा समय आए, जब आपको लगे कि सब कुछ आपके खिलाफ हो गया है, तो तुरंत यह मत मान लीजिए कि जीवन आपको समाप्त करना चाहता है। शायद जीवन आपको आपके भीतर छिपे उस व्यक्ति से मिलाने आया है, जिससे आप अभी तक परिचित नहीं हैं। शायद वह संघर्ष आपको यह दिखाने आया है कि आप जितना सोचते हैं, उससे कहीं अधिक मजबूत हैं। शायद वह पीड़ा आपको उस गहराई तक ले जाना चाहती है, जहां से आपका नया जन्म शुरू होगा।