{"_id":"69c40ea84f201bf7000fc127","slug":"uttarakhand-harshit-joshi-from-tehri-selected-for-rimc-secures-sole-seat-allotted-to-uttarakhand-2026-03-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Uttarakhand: टिहरी के हर्षित जोशी का RIMC में चयन, सात महीने की तैयारी में उत्तराखंड से इकलौती सीट पर बनाई जगह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Uttarakhand: टिहरी के हर्षित जोशी का RIMC में चयन, सात महीने की तैयारी में उत्तराखंड से इकलौती सीट पर बनाई जगह
संवाद न्यूज एजेंसी, घनसाली (टिहरी)
Published by: Alka Tyagi
Updated Wed, 25 Mar 2026 10:09 PM IST
विज्ञापन
सार
राष्ट्रीय स्तर की इस परीक्षा में कुल 36 सीटें होती हैं, जिनमें से उत्तराखंड के लिए केवल एक सीट निर्धारित रहती है। ऐसे में हर्षित का चयन बेहद प्रतिस्पर्धात्मक माहौल में हुआ है, जो उनकी कड़ी मेहनत और प्रतिभा को दर्शाता है।
हर्षित जोशी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन
विस्तार
टिहरी के भिलंगना ब्लॉक स्थित मान्दरा बासर गांव निवासी हर्षित जोशी ने अपनी मेहनत, लगन और दृढ़ संकल्प से बड़ी उपलब्धि हासिल कर प्रदेश का नाम रोशन किया है। हर्षित ने मात्र सात महीने की तैयारी में प्रतिष्ठित राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री एकेडमी (आरआईएमसी) की कठिन प्रवेश परीक्षा पास कर ली। इसके साथ ही हर्षित उत्तराखंड के लिए निर्धारित एकमात्र सीट पर चयनित हुए हैं।
Trending Videos
बता दें कि राष्ट्रीय स्तर की इस परीक्षा में कुल 36 सीटें होती हैं, जिनमें से उत्तराखंड के लिए केवल एक सीट निर्धारित रहती है। ऐसे में हर्षित का चयन बेहद प्रतिस्पर्धात्मक माहौल में हुआ है, जो उनकी कड़ी मेहनत और प्रतिभा को दर्शाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
हर्षित ने अपनी प्रारंभिक तैयारी सैनिक ग्लोबल अकादमी फरीदाबाद (हरियाणा) से की, जहां उन्होंने सीमित समय में केंद्रित अध्ययन और अनुशासित दिनचर्या के साथ परीक्षा की तैयारी की। उन्होंने बताया कि देहरादून में उनका इंटरव्यू भी अच्छा रहा। अंतिम चरण में छह बच्चों ने इंटरव्यू दिया, जिनमें से हर्षित का चयन हुआ।
Uttarakhand: कैबिनेट विस्तार के बाद मंत्रिमंडल की हुई पहली बैठक, वीर उद्यमी योजना सहित 16 प्रस्तावों पर मुहर
विशेष बात यह भी है कि इससे पहले हर्षित का चयन सैनिक स्कूल घोड़ाखाल में हो चुका था, लेकिन उन्होंने उच्च लक्ष्य निर्धारित करते हुए आरआईएमसी के लिए तैयारी जारी रखी और अंतत सफलता हासिल की।
हर्षित के परिजन फिलहाल गुमानिवाला ऋषिकेश में रह रहे हैं जबकि पिता सूरत राम जोशी वर्तमान में जापान में एक होटल में कार्यरत हैं। जबकि मां पिंकी जोशी ने बेटे को निरंतर प्रेरित किया और उसकी पढ़ाई में हर संभव सहयोग दिया।