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Faridabad News: मोबाइल छीनने के दोषी को पहले से काटी अवधि के बराबर कारावास की सजा
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अदालत ने 500 रुपये जुर्माना भी लगाया
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। साइकिल सवार से मोबाइल छीनने के मामले में अदालत ने रोहित को दोषी ठहराते हुए इस मामले में पहले से काटी गई अवधि के बराबर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने 500 रुपये जुर्माना भी लगाया, जिसे रोहित ने जमा कर दिया।
जुर्माना नहीं भरने पर उसे एक महीने का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना पड़ता। अदालत ने आदेश दिया कि यदि वह किसी अन्य मामले में वांछित नहीं है तो उसे तत्काल रिहा किया जाए। सत्र न्यायाधीश संदीप कुमार गर्ग की अदालत ने यह फैसला सात अगस्त को सुनाया। मामला एनआईटी थाने में 18 अक्तूबर 2020 में दर्ज प्राथमिकी से संबंधित है। इसमें धारा 379-ए भारतीय दंड संहिता के तहत कार्रवाई की गई थी। शिकायतकर्ता आशीष शर्मा ने पुलिस को बताया था कि 18 अक्तूबर 2020 को सुबह करीब 11:30 बजे वह साइकिल से बड़खल गांव जा रहा था। इसी दौरान पीछे से मोटरसाइकिल पर आए व्यक्ति ने उसका मोबाइल फोन छीन लिया और भाग गया। पुलिस ने रोहित को छह मार्च 2021 को गिरफ्तार कर लिया गया था।
मामले में बरामद मोबाइल फोन अदालत के आदेश से पहले ही उसके मालिक को दे दिया गया था। अदालत ने कहा कि यदि फैसले के खिलाफ अपील या पुनरीक्षण होता है तो मोबाइल देने से संबंधित दस्तावेज अदालत के फैसले तक प्रभावी रहेंगे। इसके बाद मामले की जरूरी कार्रवाई पूरी कर फाइल को रिकॉर्ड रूम में भेजने के निर्देश दिए गए।
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संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। साइकिल सवार से मोबाइल छीनने के मामले में अदालत ने रोहित को दोषी ठहराते हुए इस मामले में पहले से काटी गई अवधि के बराबर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने 500 रुपये जुर्माना भी लगाया, जिसे रोहित ने जमा कर दिया।
जुर्माना नहीं भरने पर उसे एक महीने का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना पड़ता। अदालत ने आदेश दिया कि यदि वह किसी अन्य मामले में वांछित नहीं है तो उसे तत्काल रिहा किया जाए। सत्र न्यायाधीश संदीप कुमार गर्ग की अदालत ने यह फैसला सात अगस्त को सुनाया। मामला एनआईटी थाने में 18 अक्तूबर 2020 में दर्ज प्राथमिकी से संबंधित है। इसमें धारा 379-ए भारतीय दंड संहिता के तहत कार्रवाई की गई थी। शिकायतकर्ता आशीष शर्मा ने पुलिस को बताया था कि 18 अक्तूबर 2020 को सुबह करीब 11:30 बजे वह साइकिल से बड़खल गांव जा रहा था। इसी दौरान पीछे से मोटरसाइकिल पर आए व्यक्ति ने उसका मोबाइल फोन छीन लिया और भाग गया। पुलिस ने रोहित को छह मार्च 2021 को गिरफ्तार कर लिया गया था।
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मामले में बरामद मोबाइल फोन अदालत के आदेश से पहले ही उसके मालिक को दे दिया गया था। अदालत ने कहा कि यदि फैसले के खिलाफ अपील या पुनरीक्षण होता है तो मोबाइल देने से संबंधित दस्तावेज अदालत के फैसले तक प्रभावी रहेंगे। इसके बाद मामले की जरूरी कार्रवाई पूरी कर फाइल को रिकॉर्ड रूम में भेजने के निर्देश दिए गए।
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