{"_id":"6a6d1206aff41338bb076b7b","slug":"dust-and-mud-on-rajesh-pilot-marg-trouble-pedestriansdust-and-mud-on-rajesh-pilot-marg-trouble-pedestrians-gurgaon-news-c-24-1-fbd1020-96295-2026-08-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gurugram News: राजेश पायलट मार्ग पर उड़ती धूल और कीचड़ से राहगीर परेशान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gurugram News: राजेश पायलट मार्ग पर उड़ती धूल और कीचड़ से राहगीर परेशान
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हल्की सी बारिश में सड़क पर फैलता है कीचड़, सूखे मौसम में धूल के गुबार से लोग हलकान
संवाद न्यूज एजेंसी
बादशाहपुर। राजेश पायलट मार्ग से गुजरने वाले राहगीरों और वाहन चालकों के लिए यह सड़क अब एक बड़ी मुसीबत का सबब बन चुकी है। मार्ग पर एक पूरी लेन का निर्माण कार्य अधूरा और कच्चा छोड़े जाने के कारण रोजाना हजारों लोगों को आवाजाही में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
राजेश पायलट मार्ग की हालत यह है कि मौसम चाहे जो भी हो, राहगीरों की परेशानी कम होने का नाम नहीं
ले रही हैं। हल्की सी बारिश होते ही सड़क की कच्ची लेन पूरी तरह से कीचड़ में तब्दील हो जाती है। कीचड़ के कारण दोपहिया वाहनों के फिसलने का खतरा लगातार बना रहता है, वहीं पैदल चलने वालों के लिए तो इस रास्ते का इस्तेमाल करना लगभग नामुमकिन हो जाता है। वहीं सूखे मौसम में बारिश थमने और धूप निकलने पर जैसे ही सड़क सूखती है, मुसीबत का दूसरा दौर शुरू होता है। तेज हवा या वाहनों की तेज रफ्तार के चलते उड़ने वाली धूल से वाहन चालकों का विजिबिलिटी कम हो जाती है। कई बार शिकायत के बावजूद प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। रोजाना इस मार्ग पर ट्रैफिक का भारी दबाव रहता है, लेकिन अधूरी लेन के कारण न केवल जाम की स्थिति बनती है बल्कि हादसों का डर भी बना रहता है।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
बादशाहपुर। राजेश पायलट मार्ग से गुजरने वाले राहगीरों और वाहन चालकों के लिए यह सड़क अब एक बड़ी मुसीबत का सबब बन चुकी है। मार्ग पर एक पूरी लेन का निर्माण कार्य अधूरा और कच्चा छोड़े जाने के कारण रोजाना हजारों लोगों को आवाजाही में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
राजेश पायलट मार्ग की हालत यह है कि मौसम चाहे जो भी हो, राहगीरों की परेशानी कम होने का नाम नहीं
ले रही हैं। हल्की सी बारिश होते ही सड़क की कच्ची लेन पूरी तरह से कीचड़ में तब्दील हो जाती है। कीचड़ के कारण दोपहिया वाहनों के फिसलने का खतरा लगातार बना रहता है, वहीं पैदल चलने वालों के लिए तो इस रास्ते का इस्तेमाल करना लगभग नामुमकिन हो जाता है। वहीं सूखे मौसम में बारिश थमने और धूप निकलने पर जैसे ही सड़क सूखती है, मुसीबत का दूसरा दौर शुरू होता है। तेज हवा या वाहनों की तेज रफ्तार के चलते उड़ने वाली धूल से वाहन चालकों का विजिबिलिटी कम हो जाती है। कई बार शिकायत के बावजूद प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। रोजाना इस मार्ग पर ट्रैफिक का भारी दबाव रहता है, लेकिन अधूरी लेन के कारण न केवल जाम की स्थिति बनती है बल्कि हादसों का डर भी बना रहता है।
विज्ञापन